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नोटबंदी से मोदी सरकार ने गरीबों से 30 हजार करोड़ रुपये छीनकर उद्योगपति की जेब में डाले: राहुल गांधी
चुनाव डेस्क, अमर उजाला, महासमुंद
Updated Tue, 13 Nov 2018 03:39 PM IST
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राहुल गांधी
- फोटो : Twitter Congress @INCIndia
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छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव 2018 के लिए चुनाव प्रचार करने पहुंचे कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने नोटबंदी को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर पलटवार किया है। राहुल गांधी ने कहा कि नोट बंद करने से गरीबों को नुकसान हुआ और 'सूट-बूट' पहनने वाले अमीरों को फायदा हुआ। बता दें कि इससे प्रधानमंत्री मोदी ने राहुल और सोनिया पर निशाना साधते हुए उन्हें 'जमानत पर मां-बेटे की जोड़ी' कहा था।
छत्तीसगढ़ में 20 नवंबर को होने वाले दूसरे चरण के मतदान से पहले महासुमंद में रैली को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने मोदी सरकार पर राफेल विमान सौदे के जरिये उद्योगपति अनिल अंबानी की कंपनी को लाभ पहुंचाने का अपना आरोप फिर दोहराया।
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि मोदी सरकार ने गरीबों से 30 हजार करोड़ रुपये छीनकर उद्योगपति की जेब में डाल दिये।
उन्होंने कहा कि अगर कांग्रेस छत्तीसगढ़ में सत्ता में आई तो सरकार में आने के 10 दिन के भीतर राज्य के किसानों का कर्ज माफ कर देगी।
गांधी ने कहा, "उन्होंने (मोदी ने) कहा था कि नोटबंदी से लोगों के तकियों के अंदर से पैसा बाहर निकला। वह सही हैं। लेकिन उन्होंने यह नहीं बताया कि पैसा किससे छीना गया। सभी गरीबों को कतारों में लगना पड़ा। क्या कोई अरबपति कतार में लगा था? क्या सूट-बूट पहना कोई व्यक्ति कतार में दिखा?"
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उन्होंने कहा, "भारत के प्रधानमंत्री ने अमीरों का काला धन सफेद में बदलने में मदद की। उन्होंने गरीबों का पैसा लिया और अमीरों को लाभ पहुंचाया।"
मोदी ने नोटबंदी के लिए खुद को निशाना बनाये जाने पर सोमवार को राहुल और सोनिया गांधी पर तंज कसा था। उन्होंने एक चुनावी रैली में कहा कि उन्हें ‘मां-बेटे’ की जोड़ी से ईमानदारी के प्रमाणपत्र की जरूरत नहीं है जो जमानत पर हैं।
प्रधानमंत्री ने सोनिया और राहुल गांधी का नाम लिये बिना कहा था, "वे नोटबंदी का हिसाब चाहते हैं। नोटबंदी की वजह से फर्जी कंपनियों की पहचान हुई। और उसकी वजह से आपको जमानत लेनी पड़ी। आप क्यों भूल जाते हैं कि नोटबंदी की वजह से आपको जमानत मांगनी पड़ी।" (इनपुट:भाषा)
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छत्तीसगढ़ में 20 नवंबर को होने वाले दूसरे चरण के मतदान से पहले महासुमंद में रैली को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने मोदी सरकार पर राफेल विमान सौदे के जरिये उद्योगपति अनिल अंबानी की कंपनी को लाभ पहुंचाने का अपना आरोप फिर दोहराया।
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कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि मोदी सरकार ने गरीबों से 30 हजार करोड़ रुपये छीनकर उद्योगपति की जेब में डाल दिये।
उन्होंने कहा कि अगर कांग्रेस छत्तीसगढ़ में सत्ता में आई तो सरकार में आने के 10 दिन के भीतर राज्य के किसानों का कर्ज माफ कर देगी।
गांधी ने कहा, "उन्होंने (मोदी ने) कहा था कि नोटबंदी से लोगों के तकियों के अंदर से पैसा बाहर निकला। वह सही हैं। लेकिन उन्होंने यह नहीं बताया कि पैसा किससे छीना गया। सभी गरीबों को कतारों में लगना पड़ा। क्या कोई अरबपति कतार में लगा था? क्या सूट-बूट पहना कोई व्यक्ति कतार में दिखा?"
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उन्होंने कहा, "भारत के प्रधानमंत्री ने अमीरों का काला धन सफेद में बदलने में मदद की। उन्होंने गरीबों का पैसा लिया और अमीरों को लाभ पहुंचाया।"
मोदी ने नोटबंदी के लिए खुद को निशाना बनाये जाने पर सोमवार को राहुल और सोनिया गांधी पर तंज कसा था। उन्होंने एक चुनावी रैली में कहा कि उन्हें ‘मां-बेटे’ की जोड़ी से ईमानदारी के प्रमाणपत्र की जरूरत नहीं है जो जमानत पर हैं।
प्रधानमंत्री ने सोनिया और राहुल गांधी का नाम लिये बिना कहा था, "वे नोटबंदी का हिसाब चाहते हैं। नोटबंदी की वजह से फर्जी कंपनियों की पहचान हुई। और उसकी वजह से आपको जमानत लेनी पड़ी। आप क्यों भूल जाते हैं कि नोटबंदी की वजह से आपको जमानत मांगनी पड़ी।" (इनपुट:भाषा)