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CG News: पीएम फसल बीमा योजनान्तर्गत फसलों का बीमा कराने की तिथि आगे बढ़ी, अब इस तारीख तक करा सकते हैं बीमा
Sun, 04 Aug 2024 05:13 PM IST
अमन कोशले
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
Published by: अमन कोशले
Updated Sun, 04 Aug 2024 05:13 PM IST
सार
PM Fasal Bima Yojana: प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनांतर्गत खरीफ 2024 में फसलों की बीमा कराने की तिथि को बढ़ाते हुए 16 अगस्त 2024 कर दिया गया है। अब किसान निर्धारित तारीख तक फसलों की बीमा करा सकते हैं।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
PM Fasal Bima Yojana: प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनान्तर्गत छत्तीसगढ़ में फसलों का बीमा कराने के तारीख को आगे बढ़ाया गया है। किसानों के हित में छत्तीसगढ़ सरकार ने यह फैसला लिया है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनांतर्गत खरीफ 2024 में फसलों की बीमा कराने की तिथि को बढ़ाते हुए 16 अगस्त 2024 कर दिया गया है। अब किसान निर्धारित तारीख तक फसलों की बीमा करा सकते हैं।
इस संबंध में कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि छत्तीसगढ़ शासन ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत प्रदेश के किसान मुख्य फसल धान सिंचित, धान असिंचित एवं अन्य फसल मक्का, मूंगफल्ली, मूंग, उड़द, सोयाबीन, अरहर, कोदो, कुटकी, रागी का बीमा करा सकते हैं। किसानों के फसल को प्रतिकूल मौसम, सूखा, बाढ़, जलप्लावन, कीटव्याधि, ओलावृष्टि आदि प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान से राहत दिलाने के लिए बीमा में शामिल किया गया है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनान्तर्गत ऋणी एवं अऋणी किसान जो भू-धारक व बटाईदार हो सम्मिलित हो सकते हैं, जो किसान अधिसूचित ग्राम व राजस्व निरीक्षक मंडल में अधिसूचित फसल के लिए वित्तीय संस्थानों से मौसमी कृषि ऋण स्वीकृत, नवीनीकृत की गई हो। योजना ऋणी कृषकों के लिए विकल्प चयन आधार पर क्रियान्वित होगी, ऋणी कृषक जो योजना में शामिल नहीं होना चाहते है, उन्हें स्व हस्ताक्षरित घोषणा पत्र बीमा आवेदन के अंतिम तिथि के 7 दिवस पूर्व तक संबंधित वित्तीय संस्था में जमा करना होगा। विकल्प चयन नहीं करने पर अनिवार्य रूप से बीमाकृत किया जाएगा। इनके अलावा ऐच्छिक आधार पर अधिसूचित फसल उगाने वाले सभी गैर ऋणी किसान जो योजना में सम्मिलित होने के इच्छुक हो, वह बुआई प्रमाण पत्र क्षेत्रीय पटवारी, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी द्वारा सत्यापित कराकर एवं अन्य दस्तावेज प्रस्तुत कर योजना का लाभ ले सकते हैं।
प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनान्तर्गत मौसम खरीफ वर्ष 2024-2025 तक जिले के लिए भारतीय कृषि बीमा कंपनी का चयन निविदा के आधार पर हुआ हैं। किसानों द्वारा प्रदाय किए जाने वाली प्रीमियम दर, खरीफ वर्ष 2024 में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनान्तर्गत कुल बीमित राशि का 2 प्रतिशत मुख्य फसल धान सिंचित 1200 रूपए, धान असिंचित 900 रूपए एवं अन्य फसल मक्का 900 रूपए, मूंगफल्ली 840 रूपए, मूंग एवं उड़द 540 रूपए, सोयाबीन 960 रूपए, अरहर 760 रूपए, कोदो 320 रूपए, कुटकी 340 रूपए एवं रागी 300 रूपए किसानों द्वारा प्रीमियम राशि देय है। एक ही अधिसूचित क्षेत्र एवं अधिसूचित फसल के लिए अलग-अलग वित्तीय संस्थाओं से कृषि ऋण स्वीकृत होने की स्थिति में किसानों को एक ही स्थान से बीमा कराया जाना है। इसकी सूचना किसानों को संबंधित बैंक को देनी होगी। ऋणी एवं अऋणी किसानों द्वारा समान रकबा, खसरा का दोहरा बीमा कराने की स्थिति में जो रकबा पहले प्रविष्टि की गई हो को स्वीकार किया जाएगा तथा अन्य सभी बीमा को कंपनी द्वारा निरस्त किया कर प्रीमियम की राशि योजना प्रावधानानुसार अंतरित (राजसात) किया जाएगा। इसके संबंध में देशव्यापी हेल्पलाईन नंबर 14447 एवं 18004190344 से भी जानकारी प्राप्त की जा सकती है। कृषक निर्धारित अंतिम तिथि अपने फसलों का बीमा कराकर पावती अवश्य कर ले। बीमा हेतु आधार कार्ड अनिवार्य है एवं ऋण पुस्तिका, बैंक पासबुक, बुवाई प्रमाण पत्र की आवश्यकता पड़ती है। इसके लिए अपने समिति, संबंधित बैंक, बीमा प्रदायक कंपनी भारतीय कृषि बीमा कंपनी, लोक सेवा केन्द्र, एआईडीई मोबाईल एप से भी अपने फसलों का बीमा करा सकते हैं।
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इस संबंध में कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि छत्तीसगढ़ शासन ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत प्रदेश के किसान मुख्य फसल धान सिंचित, धान असिंचित एवं अन्य फसल मक्का, मूंगफल्ली, मूंग, उड़द, सोयाबीन, अरहर, कोदो, कुटकी, रागी का बीमा करा सकते हैं। किसानों के फसल को प्रतिकूल मौसम, सूखा, बाढ़, जलप्लावन, कीटव्याधि, ओलावृष्टि आदि प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान से राहत दिलाने के लिए बीमा में शामिल किया गया है। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनान्तर्गत ऋणी एवं अऋणी किसान जो भू-धारक व बटाईदार हो सम्मिलित हो सकते हैं, जो किसान अधिसूचित ग्राम व राजस्व निरीक्षक मंडल में अधिसूचित फसल के लिए वित्तीय संस्थानों से मौसमी कृषि ऋण स्वीकृत, नवीनीकृत की गई हो। योजना ऋणी कृषकों के लिए विकल्प चयन आधार पर क्रियान्वित होगी, ऋणी कृषक जो योजना में शामिल नहीं होना चाहते है, उन्हें स्व हस्ताक्षरित घोषणा पत्र बीमा आवेदन के अंतिम तिथि के 7 दिवस पूर्व तक संबंधित वित्तीय संस्था में जमा करना होगा। विकल्प चयन नहीं करने पर अनिवार्य रूप से बीमाकृत किया जाएगा। इनके अलावा ऐच्छिक आधार पर अधिसूचित फसल उगाने वाले सभी गैर ऋणी किसान जो योजना में सम्मिलित होने के इच्छुक हो, वह बुआई प्रमाण पत्र क्षेत्रीय पटवारी, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी द्वारा सत्यापित कराकर एवं अन्य दस्तावेज प्रस्तुत कर योजना का लाभ ले सकते हैं।
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प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनान्तर्गत मौसम खरीफ वर्ष 2024-2025 तक जिले के लिए भारतीय कृषि बीमा कंपनी का चयन निविदा के आधार पर हुआ हैं। किसानों द्वारा प्रदाय किए जाने वाली प्रीमियम दर, खरीफ वर्ष 2024 में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजनान्तर्गत कुल बीमित राशि का 2 प्रतिशत मुख्य फसल धान सिंचित 1200 रूपए, धान असिंचित 900 रूपए एवं अन्य फसल मक्का 900 रूपए, मूंगफल्ली 840 रूपए, मूंग एवं उड़द 540 रूपए, सोयाबीन 960 रूपए, अरहर 760 रूपए, कोदो 320 रूपए, कुटकी 340 रूपए एवं रागी 300 रूपए किसानों द्वारा प्रीमियम राशि देय है। एक ही अधिसूचित क्षेत्र एवं अधिसूचित फसल के लिए अलग-अलग वित्तीय संस्थाओं से कृषि ऋण स्वीकृत होने की स्थिति में किसानों को एक ही स्थान से बीमा कराया जाना है। इसकी सूचना किसानों को संबंधित बैंक को देनी होगी। ऋणी एवं अऋणी किसानों द्वारा समान रकबा, खसरा का दोहरा बीमा कराने की स्थिति में जो रकबा पहले प्रविष्टि की गई हो को स्वीकार किया जाएगा तथा अन्य सभी बीमा को कंपनी द्वारा निरस्त किया कर प्रीमियम की राशि योजना प्रावधानानुसार अंतरित (राजसात) किया जाएगा। इसके संबंध में देशव्यापी हेल्पलाईन नंबर 14447 एवं 18004190344 से भी जानकारी प्राप्त की जा सकती है। कृषक निर्धारित अंतिम तिथि अपने फसलों का बीमा कराकर पावती अवश्य कर ले। बीमा हेतु आधार कार्ड अनिवार्य है एवं ऋण पुस्तिका, बैंक पासबुक, बुवाई प्रमाण पत्र की आवश्यकता पड़ती है। इसके लिए अपने समिति, संबंधित बैंक, बीमा प्रदायक कंपनी भारतीय कृषि बीमा कंपनी, लोक सेवा केन्द्र, एआईडीई मोबाईल एप से भी अपने फसलों का बीमा करा सकते हैं।
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