फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chhattisgarh ›   Building constructed at a cost of 30 crores started leaking rain is exposing the quality in Balrampur Ramanujg

बलरामपुर रामानुजगंज: टपकने लगा 30 करोड़ की लागत से बना भवन, गुणवत्ता की पोल खोल रही बारिश

Mon, 15 Sep 2025 05:20 PM IST
Digvijay Singh अमर उजाला नेटवर्क, बलरामपुर रामानुजगंज
अमर उजाला नेटवर्क, बलरामपुर रामानुजगंज Published by: Digvijay Singh Updated Mon, 15 Sep 2025 05:20 PM IST
सार

बलरामपुर मुख्यालय स्थित संयुक्त जिला कार्यालय भवन की निर्माण गुणवत्ता एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गई है। 30 करोड़ रुपये से अधिक लागत से निर्मित इस बहुमंजिला सरकारी भवन में मूसलाधार बारिश ने बड़े पैमाने पर सीलन और रिसाव की पोल खोल दी है।

विज्ञापन
Building constructed at a cost of 30 crores started leaking rain is exposing the quality in Balrampur Ramanujg
30 करोड़ की लागत से बना भवन - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

बलरामपुर मुख्यालय स्थित संयुक्त जिला कार्यालय भवन की निर्माण गुणवत्ता एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गई है। 30 करोड़ रुपये से अधिक लागत से निर्मित इस बहुमंजिला सरकारी भवन में मूसलाधार बारिश ने बड़े पैमाने पर सीलन और रिसाव की पोल खोल दी है। हालत यह है कि करीब 20 से अधिक विभागों के कार्यालयों की छतों से लगातार पानी टपक रहा है जिससे अधिकारी कर्मचारी ही नहीं, आम जनता भी परेशान है।

विज्ञापन


संयुक्त जिला कार्यालय भवन में कलेक्टर कार्यालय समेत राजस्व, पंचायत, शिक्षा, महिला एवं बाल विकास, श्रम, खाद्य, योजना, कृषि, स्वास्थ्य, खनिज सहित 20 से अधिक विभाग संचालित होते हैं। लगातार बारिश के चलते इन सभी कार्यालयों में पानी टपक रहा है। कई स्थानों पर दीवारों से बहता पानी फाइलों और उपकरणों तक पहुंच रहा है। इससे जरूरी दस्तावेजों के खराब होने और कम्प्यूटर जैसे इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के क्षतिग्रस्त होने का खतरा मंडरा रहा है। 
विज्ञापन


कच्चे ईट की दीवारें हुई जर्जर, शुरू से उठते रहे हैं सवाल
संयुक्त कार्यालय भवन के निर्माण में शुरू से ही निर्माण गुणवत्ता को लेकर सवाल उठते रहे हैं। जानकारी के अनुसार, तत्कालीन कलेक्टर एलेक्स पाल मेनन के कार्यकाल में भवन निर्माण में कच्चे ईटों का प्रयोग किया गया था, जिसे लेकर उस समय विवाद भी हुआ था। अब वही कच्चे ईंटे धीरे-धीरे जर्जर हो रही हैं। भवन की दीवारें जगह-जगह से टूटने लगी है, जिससे आने वाले समय में इसकी संरचनात्मक मजबूती पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। जिला मुख्यालय का दर्जा मिला, तब प्रशासनिक भवनों की कमी के चलते कलेक्टर कार्यालय पुराने जनपद कार्यालय भवन में संचालित होता था। विभिन्न विभाग इधर-उधर के निजीया किराए के भवनों में काम कर रहे थे। इसके बाद बड़ी उम्मीदों के साथ संयुक्त जिला कार्यालय भवन तैयार किया गया, लेकिन कुछ ही वर्षों में इसकी हालत खराब हो गई 
विज्ञापन
विज्ञापन


दस्तावेज और कंप्यूटरों को बचाना बड़ी चुनौती
विभागीय अधिकारियों के अनुसार, लगातार हो रही बारिश से कार्यालयों में रखे कीमती दस्तावेजों और कंप्यूटर सिस्टम को सुरक्षित रखना मुश्किल हो गया है। थोड़ी सी भी लापरवाही बड़े नुकसान का कारण बन सकता है। कलेक्टर राजेंद्र कटारा ने कहा कि लोक निर्माण विभाग  मरम्मत किए जाने के निर्देश दिए गए हैं

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed