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हसदेव को बचाने टिकैत का समर्थन: कहा- देश में कई बीमारियां, जारी रहेगा आंदोलन; भूपेश सरकार की नीतियों को सराहा

Tue, 14 Feb 2023 08:33 PM IST
मोहनीश श्रीवास्तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बिलासपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बिलासपुर Published by: मोहनीश श्रीवास्तव Updated Tue, 14 Feb 2023 08:33 PM IST
सार

टिकैत ने कहा कि, केंद्र सरकार ने दो करोड़ नौकरियां देने की बात कही थी, लेकिन नहीं मिली। 15 लाख की बात की तो पांच किलो अनाज मिला। आज पांच किलो अनाज पर भी भरोसा नहीं रहा कि मिलेगा की नहीं। हम लोगों को आगाह करने का काम कर रहे हैं। 

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rakesh tikait praised bhupesh government policies in bilaspur
बिलासपुर पहुंचे किसान नेता राकेश टिकैत। - फोटो : संवाद

विस्तार

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर पहुंचे किसान नेता राकेश टिकैत ने हसदेव अरण्य को बचाने के लिए चल रहे आंदोलन को अपना समर्थन दिया है। उन्होंने कहा कि देश की आजादी की लड़ाई 90 साल लड़ी गई थी। उसी तरह किसानों का आंदोलन भी लंबा चलेगा। जिस तरह कोरोना खत्म होने के बाद भी हॉस्पिटल चल रहे हैं, उसी तरह देश में और भी कई बीमारियां हैं। उसके लिए आंदोलन जारी रहेगा। आंदोलन खत्म हुआ तो खेत की तरह पूरा सिस्टम बंजर हो जाएगा। उन्होंने छत्तीसगढ़ की भूपेश सरकार की नीतियों को सराहा। 

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उद्योगपतियों की नजरें हमारी जमीनों पर
किसान नेता टिकैत ने कहा कि, बड़े व्यापारी, उद्योगपति जमीनों में अपना पैसा लगा रहे हैं। एक बड़ा षड्यंत्र चल रहा है। इनकी नजरें हमारी जमीन पर हैं। हमको अपनी जमीन बचानी है तो आंदोलन का रुख अख्तियार करना पड़ेगा। एमएसपी गारंटी कानून और स्वामीनाथन कमेटी की रिपोर्ट के लिए देश में बड़े आंदोलन की जरूरत पड़ेगी। कहा कि, वैचारिक रूप से पूरे देश में माहौल है। आने वाले समय में देश में वैचारिक क्रांति होगी। दुनिया में परिवर्तन कोई हथियार नहीं, बल्कि वैचारिक क्रांति ही लाएगी।
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केंद्र के पांच किलो अनाज पर भी भरोसा नहीं
उन्होंने कहा कि, केंद्र सरकार ने दो करोड़ नौकरियां देने की बात कही थी, लेकिन नहीं मिली। 15 लाख की बात की तो पांच किलो अनाज मिला। आज पांच किलो अनाज पर भी भरोसा नहीं रहा कि मिलेगा की नहीं। हम लोगों को आगाह करने का काम कर रहे हैं। हम मूवमेंट के लोग हैं। किसान-मजदूर की बात आएगी, उसके बारे में हम बताएंगे। किसान अपनी जमीन जायदाद देने के लिए तैयार नहीं है। जिस तरह से किसान बेघर हो रहे हैं, उनकी जमीनों को लूटा जा रहा है, उसके लिए सरकार जिम्मेदार है। 

छत्तीसगढ़ सरकार की तारीफ की
छत्तीसगढ़ सरकार के किसान नीतियों को लेकर टिकैत ने कहा कि, सरकार की कुछ व्यवस्था, पॉलिसी अच्छी है। पूरे देश में इन नीतियों को लागू होना चाहिए। हालांकि उन्होंने कुछ पॉलिसी को भारत सरकार के दबाव में भी करने की बात कही। इसके साथ ही टिकैत ने नदी के आसपास जंगल काटने का खिलाफत करते हुए कहा कि, इससे पर्यावरण को नुकसान होगा। जंगल बचेगा तो नदियां बचेंगी। नदियां बचेंगी तो जीवन रहेगा। सब लोग नहीं चाहते जंगल नष्ट हो, तो नहीं काटना चाहिए। 

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