Bilaspur News: गेस्ट टीचर्स को बिलासपुर हाईकोर्ट से बड़ी राहत, नई भर्ती पर रोक, जानें मामला
बिलासपुर हाईकोर्ट ने अतिथि शिक्षक की नई भर्ती पर रोक लगा दी है। साथ ही पहले से काम कर रहे गेस्ट टीचर्स को ही कार्य करने का आदेश दे दिया है।
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बिलासपुर हाईकोर्ट ने एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय पेंड्री राजनांदगांव में की जा रही अतिथि शिक्षक की नई भर्ती पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने पूर्व में कार्यरत अतिथि शिक्षकों को ही कार्य करने का आदेश दिया है। तरुण कुमार वैष्णव और अन्य ने हाईकोर्ट में याचिका प्रस्तुत की थी। याचिका में बताया गया था कि शैक्षणिक सत्र 2022 -23 में वे अतिथि शिक्षक के रूप में एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय पेंड्री जिला राजनांदगांव में कार्यरत थे। उनका कार्यकाल बहुत अच्छा और बिना कोई शिकायत के रहा। कार्यकाल पूर्ण होने के बाद आगामी सत्र के लिए 8 मई 2023 को सहायक आयुक्त सदस्य सचिव आदिवासी विकास, राजनांदगांव ने नए अतिथि शिक्षक की भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया।
विज्ञापन में उन पदों पर भी भर्ती का उल्लेख था, जिसमें तरुण कुमार वैष्णव और अन्य अतिथि शिक्षक कार्यरत थे। याचिका में तर्क दिया कि एक अतिथि शिक्षक को हटाकर दूसरे अतिथि शिक्षक की भर्ती नहीं की जा सकती। यह विधि का स्थापित सिद्धांत है और इसी सिद्धांत के आधार पर हाईकोर्ट ने आदेश दिया कि एक अतिथि शिक्षक को हटाकर उनके स्थान पर दूसरे अतिथि शिक्षक की भर्ती नहीं की जा सकती यदि उनके विरुद्ध कोई शिकायत ना हो तो।
इस मामले में याचिकाकर्ता के विरुद्ध किसी प्रकार की कोई शिकायत नहीं है और उनके द्वारा अपना कार्यकाल सफलतापूर्वक पूर्ण कर लिया गया है। इसलिए उक्त प्रतिपादित सिद्धांत पर विचार करते हुए कोर्ट ने सहायक आयुक्त द्वारा की जा रही नई भर्ती पर पूर्ण रूप से रोक लगा दी है। यह भी आदेश दिया है कि पूर्व में कार्यरत अतिथि शिक्षक तरुण कुमार वैष्णव व अन्य को ही आगामी सत्र में कार्य करने का मौका दिया जाए।