{"_id":"5a39f2394f1c1b001c8b9ed9","slug":"chandigarh-government-schools-poor-condition-report","type":"story","status":"publish","title_hn":"हकीकतः मास्टर जी! कड़ाके की ठंड में बिना दरी के पहाड़े याद नहीं होते...","category":{"title":"Education","title_hn":"शिक्षा","slug":"education"}}
हकीकतः मास्टर जी! कड़ाके की ठंड में बिना दरी के पहाड़े याद नहीं होते...
योगेंद्र त्रिपाठी/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Thu, 21 Dec 2017 08:26 AM IST
विज्ञापन
सरकारी स्कूल
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कड़ाके की ठंड के बाद स्कूलों में स्टूडेंट्स को बिना दरी-टाट के बाहर बैठाना पड़ रहा है। टीचर और कमरों की कमी के कारण स्कूलों को दो शिफ्ट में चलाया जा रहा है। जहां कालोनियों के स्कूलों में खेल ग्राउंड, टॉयलेट और बैठने के बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर नहीं हैं। वहीं शिक्षा विभाग की ओर से शहर के मॉडल स्कूलों को पूरी सुविधा से लैस किया गया है। इन स्कूलों में अमर उजाला टीम की ओर से दो दिन तक दौरा किया गया। कॉलोनियों और गांवों के स्कूलों के हालात खराब थे, जिससे सवाल उठता है कि इस तरह के हालात में स्टूडेंट्स कैसे पढे़ंगे। शिक्षा विभाग अभी तक शिक्षक भर्ती, स्कूल अपग्रेडेशन सहित अन्य सुविधाओं को देने में फेल रहा है।
शुक्रवार को दोपहर 12.15 बजे
दो शिफ्ट में चल रहा गवर्नमेंट हाईस्कूल इंदिरा कालोनी
गवर्नमेंट हाईस्कूल इंदिरा कालोनी मनीमाजरा स्कूल दो शिफ्ट में चल रहा है। यहां पर 35 टीचर दो शिफ्ट में पंद्रह सौ विद्यार्थियों को पढ़ाते हैं। स्कूल के 15 कमरों में 700 छात्र बैठते हैं। दूसरी शिफ्ट के बच्चे स्कूल में 12.30 बजे पहुंचते हैं। कमरों की कमी के कारण पांच सौ से अधिक स्टूडेंट्स को बिना दरी और टाट के बाहर बैठाया गया। स्कूल में खेल का मैदान छोटा है और स्टूडेंट्स के लिए अलग से एक टॉयलेट है लेकिन इनकी सफाई कभी कभार ही होती है। वहीं, स्टॉफ के टॉयलेट की रोज सफाई नहीं होती है। इस स्कूल को एक शिफ्ट में चलाने के लिए पैंतीस शिक्षकों की और जरूरत है। शिक्षा विभाग की ओर से शिक्षकों की भर्ती न करने के कारण स्टूडेंट्स को परेशानी हो रही है। स्कूल के बाहर अतिक्रमण कर दुकानें लगाई जा रही है। स्कूल के हेड मास्टर शशि कुमार ने बताया कि कई बार इसके लिए उन्होंने शिक्षा विभाग को लेटर लिखा है। इसके बाद भी यहां से अतिक्रमण नहीं हटाया गया।
शुक्रवार दोपहर एक बजे
1700 छात्र पढ़ते हैं गवर्नमेंट मॉडल हाईस्कूल सेक्टर-26 में
गवर्नमेंट मॉडल हाईस्कूल में 1700 स्टूडेंट्स पढ़ते हैं। स्कूल दो शिफ्ट में चल रहा है। स्टूडेंट्स को कमरे की कमी के कारण ठंड में बाहर एक घंटे तक बैठना पड़ा। स्कूल में खेल का ग्राउंड तैयार नहीं है। इस कारण यहां पर खेल की गतिविधियां नहीं होती है। वहीं, स्कूल में जब पहली शिफ्ट के स्टूडेंट्स की छुट्टी होती है तो ही दूसरी शिफ्ट के बच्चे कमरे में बैठते हैं। यहां पर टीचर्स की संख्या 45 है। इतने ही टीचर्स की यहां पर कमी है। स्कूल में 45 टीचर्स होने पर ही स्कूल एक शिफ्ट में चल सकता है। स्कूल में छात्रों के टायलेट में सफाई नहीं है। जिससे चारों तरफ बदबू फैली हुई है। स्कूल के एक टीचर ने बताया कि शिक्षा विभाग की ओर से अभी तक कोई इंफ्रास्ट्रक्चर मुहैया नहीं कराया है। इस कारण हम स्टूडेंट्स को बेहतर सुविधा नहीं दे पा रहे हैं।
विज्ञापन
शुक्रवार दो बजे
पांच कमरों में 485 छात्र पढ़ते हैं गवर्नमेंट प्राइमरी स्कूल सेक्टर-26 में
दो शिफ्ट में चल रहे गवर्नमेंट प्राइमरी स्कू ल में 485 स्टूडेंट्स पढ़ते हैं। यह स्टूडेंट्स केवल पांच कमरों में बैठाए जाते हैं। यहां पर दोनों शिफ्ट में केवल 16 टीचर पढ़ाते हैं। जबकि टीचरों की संख्या 32 होनी चाहिए। स्कूल में दो टॉयलेट होने के बावजूद स्टूडेंट्स के लिए अलग से टायलेट नहीं हैं। साथ ही स्कूलों के टायलेट में सफाई नहीं दिखी। इसके अलावा क्लास में ब्लैक बोर्ड और छात्रों के लिए बनाई हुई बेंच भी टूटी हुई है। गवर्नमेंट प्राइमरी स्कूल सेक्टर-26 के प्रिंसिपल कश्मीर सिंह ने बताया कि इसके लिए कई बार हमने शिक्षा विभाग को लिखकर दिया है। लेकिन अभी तक कोई डिमांड पूरी नहीं हो पाई है।
शनिवार दस बजे
गवर्नमेंट मिडिल स्कूल सेक्टर-26 के खेल मैदान में गंदगी
गवर्नमेंट मिडिल स्कूल सेक्टर-26 का खेल मैदान बहुत छोटा है। इस स्कूल में भी स्टूडेंट्स को दरी-टाट पर बैठाया जाता है। वहीं, स्कूल में स्टाफ टॉयलेट तो ठीक है। लेकिन स्टूडेंट्स के टॉयलेट में गदंगी का आलम बना हुआ है। यह स्कूल भी दो शिफ्ट में चल रहा है। 30 शिक्षकों वाले इस स्कूल में बीस शिक्षकाें की और जरूरत है। स्कूल की हेड मिस्ट्रेस शैली शर्मा ने बताया कि स्कूल में पढ़ने वाले 700 स्टूडेंट्स के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर कम है। विभाग को हमने लिखकर दिया है। काफी हद तक समस्या का समाधान हुआ है लेकि न अभी पूरी तरह से व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ है।
शनिवार 11 बजे
सराय में चल रहा है गवर्नमेंट हाईस्कूल सेक्टर-12
गवर्नमेंट मॉडल हाईस्कूल सेक्टर-12 पीजीआई की सराय में चल रहा है। कई जगह से स्कूल की बिल्डिंग में शीशे टूटे हुए हैं। इसके साथ ही मेज, कुर्सी और बोर्ड टूटे हुए हैं। हाईस्कूल में आठ सौ स्टूडेंट्स को 35 शिक्षक पढ़ा रहे हैं। जबकि 20 शिक्षक और होने चाहिए। गवर्नमेंट हाईस्कूल सेक्टर-12 हेड मिस्ट्रेस प्रेम कुमारी ने बताया कि शिक्षा विभाग इसके लिए बिल्डिंग बनवा रहा है। अगले साल तक यह स्कूल शिफ्ट हो जाएगा। शिक्षा विभाग को यहां की कमियों के बारे में लिखा जा चुका है।
शहर में टीचर्स की भर्ती और स्कूलों की संख्या बढ़ाने के लिए शिक्षा विभाग प्रयास कर रहा है। जैसे ही मानव संसाधन विकास मंत्रालय की ओर से हमें पोस्ट सेक्शन की अनुमति मिल जाएगी हम टीचरों की भर्ती शुरू कर देंगे। वहीं स्मार्ट स्कूल और मॉडल हाईस्कूल भी बनाया जाएगा। जो भी स्कूल में कमियां है। प्रिंसिपल की ओर से हमें लिखकर दिया जाए हम जल्द ही स्कूल की पूरी व्यवस्था दुरुस्त करेंगे।
- रूबिंदर जीत सिंह बराड़, डीएसई, चंडीगढ़ शिक्षा विभाग
विज्ञापन
शुक्रवार को दोपहर 12.15 बजे
दो शिफ्ट में चल रहा गवर्नमेंट हाईस्कूल इंदिरा कालोनी
गवर्नमेंट हाईस्कूल इंदिरा कालोनी मनीमाजरा स्कूल दो शिफ्ट में चल रहा है। यहां पर 35 टीचर दो शिफ्ट में पंद्रह सौ विद्यार्थियों को पढ़ाते हैं। स्कूल के 15 कमरों में 700 छात्र बैठते हैं। दूसरी शिफ्ट के बच्चे स्कूल में 12.30 बजे पहुंचते हैं। कमरों की कमी के कारण पांच सौ से अधिक स्टूडेंट्स को बिना दरी और टाट के बाहर बैठाया गया। स्कूल में खेल का मैदान छोटा है और स्टूडेंट्स के लिए अलग से एक टॉयलेट है लेकिन इनकी सफाई कभी कभार ही होती है। वहीं, स्टॉफ के टॉयलेट की रोज सफाई नहीं होती है। इस स्कूल को एक शिफ्ट में चलाने के लिए पैंतीस शिक्षकों की और जरूरत है। शिक्षा विभाग की ओर से शिक्षकों की भर्ती न करने के कारण स्टूडेंट्स को परेशानी हो रही है। स्कूल के बाहर अतिक्रमण कर दुकानें लगाई जा रही है। स्कूल के हेड मास्टर शशि कुमार ने बताया कि कई बार इसके लिए उन्होंने शिक्षा विभाग को लेटर लिखा है। इसके बाद भी यहां से अतिक्रमण नहीं हटाया गया।
विज्ञापन
शुक्रवार दोपहर एक बजे
1700 छात्र पढ़ते हैं गवर्नमेंट मॉडल हाईस्कूल सेक्टर-26 में
गवर्नमेंट मॉडल हाईस्कूल में 1700 स्टूडेंट्स पढ़ते हैं। स्कूल दो शिफ्ट में चल रहा है। स्टूडेंट्स को कमरे की कमी के कारण ठंड में बाहर एक घंटे तक बैठना पड़ा। स्कूल में खेल का ग्राउंड तैयार नहीं है। इस कारण यहां पर खेल की गतिविधियां नहीं होती है। वहीं, स्कूल में जब पहली शिफ्ट के स्टूडेंट्स की छुट्टी होती है तो ही दूसरी शिफ्ट के बच्चे कमरे में बैठते हैं। यहां पर टीचर्स की संख्या 45 है। इतने ही टीचर्स की यहां पर कमी है। स्कूल में 45 टीचर्स होने पर ही स्कूल एक शिफ्ट में चल सकता है। स्कूल में छात्रों के टायलेट में सफाई नहीं है। जिससे चारों तरफ बदबू फैली हुई है। स्कूल के एक टीचर ने बताया कि शिक्षा विभाग की ओर से अभी तक कोई इंफ्रास्ट्रक्चर मुहैया नहीं कराया है। इस कारण हम स्टूडेंट्स को बेहतर सुविधा नहीं दे पा रहे हैं।
विज्ञापन
शुक्रवार दो बजे
पांच कमरों में 485 छात्र पढ़ते हैं गवर्नमेंट प्राइमरी स्कूल सेक्टर-26 में
दो शिफ्ट में चल रहे गवर्नमेंट प्राइमरी स्कू ल में 485 स्टूडेंट्स पढ़ते हैं। यह स्टूडेंट्स केवल पांच कमरों में बैठाए जाते हैं। यहां पर दोनों शिफ्ट में केवल 16 टीचर पढ़ाते हैं। जबकि टीचरों की संख्या 32 होनी चाहिए। स्कूल में दो टॉयलेट होने के बावजूद स्टूडेंट्स के लिए अलग से टायलेट नहीं हैं। साथ ही स्कूलों के टायलेट में सफाई नहीं दिखी। इसके अलावा क्लास में ब्लैक बोर्ड और छात्रों के लिए बनाई हुई बेंच भी टूटी हुई है। गवर्नमेंट प्राइमरी स्कूल सेक्टर-26 के प्रिंसिपल कश्मीर सिंह ने बताया कि इसके लिए कई बार हमने शिक्षा विभाग को लिखकर दिया है। लेकिन अभी तक कोई डिमांड पूरी नहीं हो पाई है।
शनिवार दस बजे
गवर्नमेंट मिडिल स्कूल सेक्टर-26 के खेल मैदान में गंदगी
गवर्नमेंट मिडिल स्कूल सेक्टर-26 का खेल मैदान बहुत छोटा है। इस स्कूल में भी स्टूडेंट्स को दरी-टाट पर बैठाया जाता है। वहीं, स्कूल में स्टाफ टॉयलेट तो ठीक है। लेकिन स्टूडेंट्स के टॉयलेट में गदंगी का आलम बना हुआ है। यह स्कूल भी दो शिफ्ट में चल रहा है। 30 शिक्षकों वाले इस स्कूल में बीस शिक्षकाें की और जरूरत है। स्कूल की हेड मिस्ट्रेस शैली शर्मा ने बताया कि स्कूल में पढ़ने वाले 700 स्टूडेंट्स के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर कम है। विभाग को हमने लिखकर दिया है। काफी हद तक समस्या का समाधान हुआ है लेकि न अभी पूरी तरह से व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ है।
शनिवार 11 बजे
सराय में चल रहा है गवर्नमेंट हाईस्कूल सेक्टर-12
गवर्नमेंट मॉडल हाईस्कूल सेक्टर-12 पीजीआई की सराय में चल रहा है। कई जगह से स्कूल की बिल्डिंग में शीशे टूटे हुए हैं। इसके साथ ही मेज, कुर्सी और बोर्ड टूटे हुए हैं। हाईस्कूल में आठ सौ स्टूडेंट्स को 35 शिक्षक पढ़ा रहे हैं। जबकि 20 शिक्षक और होने चाहिए। गवर्नमेंट हाईस्कूल सेक्टर-12 हेड मिस्ट्रेस प्रेम कुमारी ने बताया कि शिक्षा विभाग इसके लिए बिल्डिंग बनवा रहा है। अगले साल तक यह स्कूल शिफ्ट हो जाएगा। शिक्षा विभाग को यहां की कमियों के बारे में लिखा जा चुका है।
शहर में टीचर्स की भर्ती और स्कूलों की संख्या बढ़ाने के लिए शिक्षा विभाग प्रयास कर रहा है। जैसे ही मानव संसाधन विकास मंत्रालय की ओर से हमें पोस्ट सेक्शन की अनुमति मिल जाएगी हम टीचरों की भर्ती शुरू कर देंगे। वहीं स्मार्ट स्कूल और मॉडल हाईस्कूल भी बनाया जाएगा। जो भी स्कूल में कमियां है। प्रिंसिपल की ओर से हमें लिखकर दिया जाए हम जल्द ही स्कूल की पूरी व्यवस्था दुरुस्त करेंगे।
- रूबिंदर जीत सिंह बराड़, डीएसई, चंडीगढ़ शिक्षा विभाग
कमेंट
कमेंट X