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बेटी को सेल्यूट! 5 किलोमीटर पैदल जाती थी स्कूल, 12वीं में टॉपर
ब्यूरो/अमर उजाला, मोरनी(पंचकूला)
Updated Fri, 20 May 2016 12:08 PM IST
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मुश्किल हालात में टॉप करने वाली मोरनी निवासी काजल
- फोटो : फाइल फोटो
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न ट्यूशन मिली और न ही घर में कोई पढ़ाने वाला था। 5 किलोमीटर पैदल चलकर स्कूल जाती थी। हिम्मत नहीं हारी और कॉमर्स में 92 प्रतिशत अंक हासिल किए। विषम परिस्थितियों में पढ़ाई करके मोरनी की काजल शर्मा ने अपने स्कूल का नाम रोशन किया है। मोरनी निवासी काजल ने हरियाणा स्कूल एजूकेशन बोर्ड की 12वीं की परीक्षा में 92.2 फीसदी अंक अर्जित किए हैं।
काजल का कहना कि यह परीक्षा तो एक पड़ाव है, अभी तो उनको चार्टर्ड अकाउंटेंट की तैयारी करनी है। काजल ने बताया कि उसका स्कूल मोरनी ब्लाक के मांधना गांव में है और वह जल्लाह में रहती हैं। ऐसे में स्कूल की पांच किलोमीटर की दूरी रोज वह पैदल ही तय करती थी। स्कूल तक पहुंचने में उनको डेढ़ घंटे का समय लगता था।
काजल ने बताया कि पिता भागचंद ड्राइवर हैं और मां हाउस वाइफ। ऐसी स्थिति में वह स्कूल जाने के पहले एक बार चैप्टर पढ़ लेती थीं और आने के बाद एक बार पढ़ती थी। उससे उसको काफी लाभ मिलता था।
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काजल ने बताया कि जो लोग यह कहते हैं कि ट्यूशन जरूरी हैं तो ऐसा गलत है। मोरनी में तो ट्यूशन के लिए कोई है ही नहीं। वह स्कूल में कामर्स के अध्यापक गोल्ड मेडलिस्ट सतबीर के निर्देशन में पढ़ीं और इकोनामिक्स जगमीत मैडम से पढ़ी। उनके बिजनेस में सौ फीसदी अंक हैं। काजल ने कहा कि पिता जी ने उनकी पढ़ाई के लिए ही घर में इनवर्टर लगवाया था। जिससे कोई बाधा न आ सके।
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काजल का कहना कि यह परीक्षा तो एक पड़ाव है, अभी तो उनको चार्टर्ड अकाउंटेंट की तैयारी करनी है। काजल ने बताया कि उसका स्कूल मोरनी ब्लाक के मांधना गांव में है और वह जल्लाह में रहती हैं। ऐसे में स्कूल की पांच किलोमीटर की दूरी रोज वह पैदल ही तय करती थी। स्कूल तक पहुंचने में उनको डेढ़ घंटे का समय लगता था।
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काजल ने बताया कि पिता भागचंद ड्राइवर हैं और मां हाउस वाइफ। ऐसी स्थिति में वह स्कूल जाने के पहले एक बार चैप्टर पढ़ लेती थीं और आने के बाद एक बार पढ़ती थी। उससे उसको काफी लाभ मिलता था।
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काजल ने बताया कि जो लोग यह कहते हैं कि ट्यूशन जरूरी हैं तो ऐसा गलत है। मोरनी में तो ट्यूशन के लिए कोई है ही नहीं। वह स्कूल में कामर्स के अध्यापक गोल्ड मेडलिस्ट सतबीर के निर्देशन में पढ़ीं और इकोनामिक्स जगमीत मैडम से पढ़ी। उनके बिजनेस में सौ फीसदी अंक हैं। काजल ने कहा कि पिता जी ने उनकी पढ़ाई के लिए ही घर में इनवर्टर लगवाया था। जिससे कोई बाधा न आ सके।