फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Faridabad News ›   35 schools is responcible for bad Board result

35 स्कूलों ने डुबोया बोर्ड का रिजल्ट, गाज गिरना तय

Sat, 21 May 2016 02:31 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, फरीदाबाद
ब्यूरो/अमर उजाला, फरीदाबाद Updated Sat, 21 May 2016 02:31 AM IST
सार

  • 30 प्रतिशत से भी कम परीक्षा परिणाम देने वाले स्कूलों की पहचान
  •  परीक्षा परिणाम आने के बाद शिक्षा विभाग तैयार कर रहा रिपोर्ट
  •  डीईओ ने बीईओ व कलस्टर इंचार्जों की बैठक में जताई नाराजगी 

विज्ञापन
35 schools is responcible for bad Board result

विस्तार

हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड के तहत 12वीं कक्षा के परीक्षा परिणाम से जिला शिक्षा विभाग भी शर्मसार है। सूत्रों की मानें तो जिले की इस स्थिति के लिए जिले के 35 स्कूल जिम्मेदार हैं, जिनका परीक्षा परिणाम 30 प्रतिशत से भी कम आया है।

विज्ञापन


विभाग ने ऐसे स्कूलों पर गाज गिराने की तैयारी शुरू कर दी है। डीईओ ने सभी स्कूलों से विषयवार परीक्षा परिणाम की जानकारी तलब की है। दूसरी ओर, उन्हें खुद भी परिणाम की समीक्षा करने का निर्देश दिया गया है। शिक्षा बोर्ड ने बुधवार को 12वीं कक्षा का परीक्षा परिणाम जारी किया था।
विज्ञापन


शिक्षा विभाग और प्रिंसिपलों को उम्मीद थी कि परीक्षा परिणाम पहले से बेहतर होगा, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। परिणाम पिछले साल के मुकाबले दो प्रतिशत नीचे चला गया। इस बार फरीदाबाद का परिणाम प्रदेश के सबसे निचले पायदान पर मात्र 43.91 प्रतिशत रहा।
विज्ञापन
विज्ञापन


जिले के 51 में 35 सरकारी स्कूलों का रिजल्ट 30 प्रतिशत से भी कम रहा। हालांकि अभी इसकी अधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। विभाग ऐसे स्कूलों की लिस्ट तैयार कर रहा है। शुक्रवार को खंड शिक्षा अधिकारियों और कलस्टर इंचार्जों की बैठक लेते हुए जिला शिक्षा अधिकारी खासी नाराजगी जाहिर की।


कैसे अच्छा रहा नौवीं व 11वीं का रिजल्ट

डीईओ ने सभी स्कूलों से पिछले दो साल का 9वीं और 11वीं कक्षा का रिजल्ट मांगा है। डीईओ ने इन कक्षा के रिजल्ट की समीक्षा करने की योजना बनाई है। माना जा रहा है कि स्कूल स्तर पर परफॉरमेंस बेहतर दिखाने के लिए इन कक्षाओं में पढ़ाई पर ध्यान नहीं दिया गया और इसका खामियाजा बोर्ड परीक्षा परिणाम में दिखा है।


12वीं कक्षा का रिजल्ट शर्मनाक रहा। रिजल्ट में कैसे सुधार हो, इसके लिए कई योजनाएं बनाई है। ऐसे में सभी प्रिंसिपलों से विषयवार ब्योरा तलब किया गया है। डीईओ ने सभी प्रिंसिपलों को हिदायत दी है कि वह खुद रिजल्ट का आत्म मूल्यांकन करें। जिससे कमजोर छात्रों की समय से तैयारी कराई जा सके। -डॉ. मनोज कौशिक, डीईओ फरीदाबाद। 

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed