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सर्वे में खुलासा: महामारी के बाद भविष्य के लिए धन जुटाने पर युवाओं का सबसे ज्यादा जोर
Sat, 14 Aug 2021 08:15 AM IST
Kuldeep Singh
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Kuldeep Singh
Updated Sat, 14 Aug 2021 08:15 AM IST
सार
- सर्वे में कहा गया है कि 59.8 प्रतिशत भारतीय युवा खर्चों व सेवानिवृत्त के लिए धन जुटाने पर दे रहे जोर
- करीब 9.5 फीसदी युवा उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए पैसे बचा रहे
- 37.3 प्रतिशत वित्तीय स्वतंत्रता के लिए पैसे जुटाना चाहते हैं
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Investment
- फोटो : Amar Ujala
विस्तार
कोरोना महामारी के दौरान उत्पन्न वित्तीय संकट के कारण भारतीय युवाओं में निवेश के प्रति सकारात्मक बदलाव देखने को मिला है। वे अब पहले से ज्यादा निवेश कर रहे हैं। इसकी प्रमुख वजह बढ़ती महंगाई और भविष्य के खर्चों के दबाव से खुद को बचाना है।
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ऑनलाइन निवेश मंच ग्रो के सर्वे में कहा गया है कि 59.8 प्रतिशत भारतीय युवा खर्चों व सेवानिवृत्त के लिए धन जुटाने पर सबसे ज्यादा जोर दे रहे हैं। करीब 9.5 फीसदी युवा उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए पैसे बचा रहे, जिसके लिए वे निवेश पर जोर दे रहे हैं। 30.7 प्रतिशत युवा बेहतर जीवनशैली की जरूरतों के लिए निवेश कर रहे हैं।
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इसमें यात्रा करने के साथ अन्य व्यक्तिगत लक्ष्यों की पूर्ति भी शामिल है। सर्वे में शामिल 52.9 प्रतिशत युवाओं का कहना है कि उन्होंने अपनी और परिवार की वित्तीय सुरक्षा के लिए निवेश किया है। 37.3 प्रतिशत वित्तीय स्वतंत्रता के लिए पैसे जुटाना चाहते हैं। उनका कहना है कि वित्तीय आजादी यह तय करने का साहस देती है कि आप कैसे जीवन जीना चाहते हैं। ग्रो का सर्वे 20,000 से ज्यादा युवाओं पर आधारित है। इसका उद्देश्य 75वें स्वतंत्रता दिवस पर वित्तीय आजादी को समझना है।
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महामारी में पहले से ज्यादा निवेश
सर्वे में कहा गया है कि महामारी के दौरान निवेश के प्रति भारतीय युवाओं की सोच में काफी बदलाव आया है। यही वजह है कि 40.2 फीसदी युवा कोविड-19 पूर्व स्तर के मुकाबले अब ज्यादा निवेश कर रहे हैं। 26.6 फीसदी का मानना है कि महामारी का उनके निवेश से जुड़े फैसलों पर असर नहीं पड़ा है।
वित्तीय फैसलों पर दोस्तों का सबसे ज्यादा असर
भारतीय युवाओं के निवेश से जुड़े फैसलों में दोस्तों और सहकर्मियों का असर ज्यादा है। 30.6प्रतिशत उनकी सलाह पर निवेश करते हैं। 27.4 प्रतिशत युवा खबरों, 23.4 प्रतिशत सोशल मीडिया पर आश्रित होते हैं।
निवेश की बारीकियां समझना चाहती है युवा पीढ़ी
ग्रो के सह-संस्थापक एवं मुख्य परिचालन अधिकारी हर्ष जैन का कहना है कि कम निवेश की मुख्य वजह वित्तीय ज्ञान की कमी है। अब युवा निवेश की बारीकियां समझने को तैयार हैं। 79.3 प्रतिशत युवाओं ने महामारी में निवेश शुरू किया है।