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न्यूनतम बैलेंस न रखने पर बैंको ने पेनल्टी से वसूले 1996 करोड़ रुपये

Tue, 26 Nov 2019 12:41 AM IST
संजीव कुमार झा बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला Published by: संजीव कुमार झा Updated Tue, 26 Nov 2019 12:41 AM IST
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Public sector banks collect Rs 1996 crore as minimum balance penalty in FY19

सरकारी बैंकों ने वित्त वर्ष 2018-19 में ग्राहकों द्वारा बचत खाते में न्यूनतम जमा राशि बरकरार न रखे जाने पर जुर्माने के तौर पर 1,996.46 करोड़ रुपये प्राप्त किए हैं। यह जानकारी वित्त राज्यमंत्री अनुराग सिंह ठाकुर ने सोमवार को लोकसभा में दी। 

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बता दें कि वित्त वर्ष 2017-18 में सरकारी बैंकों ने न्यूनतम जमा राशि पेनल्टी के रूप में 3,368.42 करोड़ रुपये प्राप्त किए थे। वहीं वित्त वर्ष 2016—17 में 790.22 करोड़ रुपये प्राप्त किए थे।  
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ठाकुर ने एक लिखित जवाब में लोकसभा में कहा कि सरकारी बैंकों को पिछले साल के मुकाबले न्यूनतम जमा राशि पेनल्टी में  गिरावट की एक वजह एसबीआई द्वारा बचत खाते में न्यूनतम जमा राशि बरकरार न रखने पर एक अक्तूबर 2017 से कम किया गया जुर्माना भी है।

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बीएसबीडी अकाउंट पर नहीं है पेनल्टी

ठाकुर ने आगे कहा कि बैंक बेसिक सेविंग्स बैंक डिपॉजिट (बीएसबीडी ) अकाउंट्स में न्यूनतम जमा राशि बरकरार न रखने पर कोई जुर्माना नहीं लेते हैं। उन्होंने बताया कि आरबीआई के अनुसार, मार्च 2019 तक देश में 57.3 करोड़ बीएसबीडी अकाउंट थे, जिनमें से 35.27 करोड़ जनधन खाते थे।

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