एक और बड़े विवाद में फंसी 'फ्रीडम 251'
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मार्केट में दूर संचार के क्षेत्र में खलबली मचाने वाली कंपनी रिंगिंग बेल्स कानून के शिकंजे में फंसती दिख रही है। कंपनी ने अपने मोबाइल फ्रीडम 251 का स्क्रीन साइज इंच में बताया था।
स्क्रीन का साइज इंच में बताना एक्ट का उल्लंघन है। इसलिए विधिक माप विभाग ने रिंगिंग बेल्स को नोटिस जारी किया है। कंपनी से नोटिस का जवाब मिलने के बाद जुर्माने की कार्रवाई की जाएगी।
सबसे सस्ता स्मॉर्ट फोन देने का दावा करने वाली रिंगिंग बेल्स कंपनी ने एक्ट का उल्लंघन किया है।
भरना पड़ सकता है जुर्माना
विधिक माप विभाग के वरिष्ठ निरीक्षक हरीश प्रजापति ने बताया कि फ्रीडम 251 मोबाइल का जब विज्ञापन आया तो मार्केट में हड़कंप मच गया। यह अब तक का सबसे सस्ता फोन बताते हुए कंपनी ने अखबारों में विज्ञापन निकाला।
विज्ञापन में कंपनी ने मोबाइल की सभी खासियत बताते हुए इसका स्क्रीन साइज 4 इंच बताया। हरीश प्रजापति के अनुसार अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुसार किसी भी वस्तु का साइज इंच में बताना कानूनन जुर्म है। अधिकतर मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनियां ये गलती करती हैं।
उन्होंने बताया कि कंपनी ने विधिक माप अधिनियम 2009 का उल्लंघन किया है। लिहाजा कंपनी को इस संबंध में नोटिस जारी किया गया है। नोटिस का जवाब मिलने पर विभागीय नियमों के मुताबिक जुर्माने की कार्रवाई होगी।