फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   WPI Wholesale price based inflation hits all time high in April according to Government data

आर्थिक आंकड़े: लगातार चौथे महीने बढ़कर सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंची थोक कीमतों पर आधारित मुद्रास्फीति

Mon, 17 May 2021 12:38 PM IST
‌डिंपल अलावाधी बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: ‌डिंपल अलावाधी Updated Mon, 17 May 2021 12:38 PM IST
सार

थोक कीमतों पर आधारित मुद्रास्फीति अप्रैल 2021 में अब तक के उच्चतम स्तर पर, यानी 10.49 फीसदी पर पहुंच गई है। 

विज्ञापन
WPI Wholesale price based inflation hits all time high in April according to Government data
मुद्रास्फीति - फोटो : iStock

विस्तार

सरकार द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, कच्चे तेल और खनिज तेलों की कीमतों में वृद्धि के कारण थोक कीमतों पर आधारित मुद्रास्फीति (WPI) अप्रैल 2021 में अब तक के उच्चतम स्तर पर, यानी 10.49 फीसदी पर पहुंच गई है। थोक कीमतों पर आधारित मुद्रास्फीति मार्च में 7.39 फीसदी पर थी। फरवरी में थोक महंगाई दर 4.17 फीसदी थी। जनवरी के लिए, WPI मुद्रास्फीति दर 2.51 फीसदी थी।

विज्ञापन


मुद्रास्फीति में लगातार चौथे महीने बढ़ोतरी
महीने-दर-महीने के आधार पर थोक महंगाई दर में मार्च के 7.39 फीसदी की तुलना में 3.1 फीसदी की वृद्धि हुई है। मार्च में यह आठ साल के उच्चतम स्तर पर थी। पिछले साल कोविड-19 महामारी के प्रकोप को रोकने के लिए लगाए गए देशव्यापी लॉकडाउन के चलते कीमतें कम थीं। डब्ल्यूपीआई मुद्रास्फीति में लगातार चौथे महीने बढ़ोतरी हुई है।
विज्ञापन

 
इसलिए बढ़ी मुद्रास्फीति 
कच्चे तेल और विनिर्मित वस्तुओं की बढ़ती कीमतों के कारण थोक कीमतों पर आधारित मुद्रास्फीति अप्रैल में अब तक के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई। इसके अलावा पिछले साल अप्रैल के कम आधार ने भी अप्रैल 2021 के दौरान मुद्रास्फीति में हुई बढ़ोतरी में योगदान दिया। अप्रैल 2020 में ऋणात्मक 1.57 फीसदी थी। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने कहा कि, 'मुख्य रूप से कच्चे तेल, पेट्रोल और डीजल जैसे खनिज तेलों और विनिर्मित उत्पादों की कीमतों में बढ़ोतरी के चलते अप्रैल 2021 में मुद्रास्फीति की वार्षिक दर पिछले साल के इसी महीने की तुलना में अधिक है।'

इस दौरान अंडा, मांस और मछली जैसी प्रोटीन युक्त खाद्य उत्पादों की कीमतों में भारी बढ़ोतरी के चलते खाद्य वस्तुओं की मुद्रास्फीति 4.92 फीसदी रही। हालांकि, सब्जियों की कीमतों में 9.03 फीसदी की कमी हुई। दूसरी ओर अंडा, मांस और मछली की कीमतें 10.88 फीसदी बढ़ीं। अप्रैल में दालों की महंगाई दर 10.74 फीसदी थी, जबकि फलों में यह 27.43 फीसदी रही। इसी तरह ईंधन और बिजली की मुद्रास्फीति अप्रैल में 20.94 फीसदी रही, जबकि विनिर्मित उत्पादों में यह 9.01 फीसदी थी।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed