फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   Silicon Valley Bank CEO sold stock before collapse

Silicon Valley Bank: SVB मामले में बड़ा खुलासा, सीईओ ने संकट से पहले बेचे थे 36 लाख डॉलर के शेयर

Sun, 12 Mar 2023 05:45 AM IST
गुलाम अहमद न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: गुलाम अहमद Updated Sun, 12 Mar 2023 05:45 AM IST
सार

पिछले वर्ष भारत के बाजार के हालात पर जारी एक रिपोर्ट के अनुसार, यहां 2021 में 3,600 करोड़ डॉलर का रिकॉर्ड निवेश स्टार्टअप में हुआ, 2020 से करीब दोगुना। खुद एसवीबी भारतीय स्टार्टअप के निवेशकों में शामिल था।
 

विज्ञापन
Silicon Valley Bank CEO sold stock before collapse
सिलिकॉन वैली बैंक - फोटो : Social Media

विस्तार

अमेरिका के 16वें सबसे बड़े सिलिकॉन वैली बैंक (एसवीबी) संकट मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। बैंक के सीईओ ग्रेग बेकर ने भारी घाटे के एलान से दो हफ्ते पहले 36 लाख डॉलर के शेयर बेचे थे। विशेषज्ञ इसे गंभीर मामला बता रहे हैं। भारत सहित पूरी दुनिया में बैंक के निवेश पर निर्भर कंपनियां खतरा महसूस कर रहीं हैं। पिछले वर्ष भारत के बाजार के हालात पर जारी एक रिपोर्ट के अनुसार, यहां 2021 में 3,600 करोड़ डॉलर का रिकॉर्ड निवेश स्टार्टअप में हुआ, 2020 से करीब दोगुना। खुद एसवीबी भारतीय स्टार्टअप के निवेशकों में शामिल था।

विज्ञापन


इन वजहों से विफल हुआ एसवीबी
जमा ज्यादा, लोन कम:
कोई बैंक ग्राहकों का पैसा जमा कर उन्हें ब्याज देता है। खुद उनका पैसा मार्केट में लोन के जरिये बांट कर ब्याज कमाता है। जमाकर्ताओं को चुकाए जाने वाले ब्याज के मुकाबले लोन से अर्जित ब्याज ज्यादा होने पर बैंक सफलता से चलते हैं। एसवीबी के पास साल 2017 में ग्राहकों के 4,400 करोड़ डॉलर जमा थे। 2021 तक यह सवा चार गुना बढ़कर 18,900 करोड़ हो गए, लेकिन लोन 2,300 करोड़ डॉलर से बढ़कर 6,600 करोड़ डॉलर तक पहुंचे यानी 2.85 गुना ही बढ़े।
विज्ञापन


बॉन्ड से कमाई कम, ब्याज दरें बढ़ीं: अपने ग्राहकों का पैसा एसवीबी ने बड़ी मात्रा में बॉन्ड खरीदने और 2,500 स्टार्टअप में लगाया। दूसरी ओर महंगाई से लड़ने के लिए अमेरिका लगातार ब्याज दरें बढ़ाता रहा। इससे बॉन्ड से मिलने वाला ब्याज आज के मुकाबले में कम साबित होने लगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


टेक कंपनियों व स्टार्टअप के बिगड़े हाल
इस बैंक में पैसा रखने वालों में बड़ी संख्या टेक कंपनियों व स्टार्टअप की है। पिछले दो वर्षों में टेक कंपनियां अपने शेयरों में लगातार भारी गिरावट देख रही थीं। उन्हें कैश की जरूरत पड़ने लगी थी। वहीं, निवेशकों से पैसा आना कम हुआ तो नुकसान में चल रहे स्टार्टअप भी कैश की कमी से जूझने लगे। दोनों ने बैंक से अपना पैसा निकालना शुरू कर दिया। जब वे हजारों करोड़ डॉलर निकालने लगे तो संकट उतनी ही तेजी से बढ़ता गया।

घाटे में बिकवाली
ग्राहकों को पैसा व ब्याज चुकाने के लिए बैंक ने कम मुनाफे पर बॉन्ड व परिसंपत्तियां बेचने लगा। एसवीबी वित्तीय समूह ने बैंक के पोर्टफोलियो से 2,100 करोड़ डॉलर की परिसंपत्तियां बेच डालीं। यह किसी बैंक के गिरने की सबसे निचली स्थिति कही जाती है। इससे बैंक का नुकसान कई गुना बढ़ा।

2.5 लाख डॉलर ही वापस मिलेंगे: अमेरिका में कानून है कि कोई बैंक डूबा तो उसके किसी ग्राहक का चाहे जितना पैसा वहां जमा हो, उसे अधिकतम 2.50 लाख डॉलर ही वापस मिलेंगे। इसी नियम से डरे ग्राहकों ने भी बैंक की खस्ताहाली देख अपना पैसा निकालना शुरू कर दिया था।

आगे क्या : सोमवार को एक और तूफान
साल 2008 के वित्तीय संकट के बाद इसे सबसे बड़ा संकट कहा जा रहा है। बैंक ने पूंजी जुटाने की कोशिश की, लेकिन कोई निवेशक नहीं मिला। दूसरी ओर सोमवार से ग्राहक 2.5 लाख डॉलर ही निकाल पाएंगे, इससे ऊपर नहीं। बैंक और ग्राहकों के लिए सोमवार को बड़ा तूफान आ सकता है। नुकसान कई क्षेत्रों में नजर आ सकता है। विशेषज्ञों ने फिलहाल साल 2008 जैसे आर्थिक संकट का अंदेशा नहीं जताया है। अनुमान हैं कि बड़ी कंपनियां और अन्य बैंकों पर इसका ज्यादा असर नहीं होगा, लेकिन केवल स्टार्टअप, टेक कंपनियों और इनसे जुड़े निवेशकों पर व्यापक असर की बात कही जा रही है।


भारत पर असर
14 लाख कंपनियों व संस्थाओं के डाटाबेस प्लेटफॉर्म ट्रैक्शन के अनुसार, भारत के 21 स्टार्टअप में एसवीबी का निवेश है। ये स्टार्टअप आने वाले समय में कैश की कमी से गुजर सकते हैं, जो उनकी वृद्धि को प्रभावित करेगा। उन्हें दूसरे बैंकों का रुख करना पड़ सकता है, लेकिन एसवीबी की वजह से नया निवेश हासिल कर पाना कुछ के लिए मुश्किल हो सकता है।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed