Tax: वरिष्ठ नागरिक इन छूट के जरिये बढ़ा सकते हैं अपनी टैक्स बचत, सिर्फ एक स्रोत से जीवन-यापन बड़ी चुनौती
अगर आप भी वरिष्ठ नागरिक (60 साल से अधिक उम्र) या अति-वरिष्ठ नागिरक (80 वर्ष से अधिक उम्र) हैं, तो आकलन वर्ष 2025-26 के लिए आयकर रिटर्न भरते समय इन छूट के जरिये टैक्स बचत बढ़ा सकते हैं।
विस्तार
देश में बढ़ती लागतों के साथ आय के सिर्फ एक स्रोत से जीवन-यापन करना बड़ी चुनौती है। खासकर वरिष्ठ नागरिकों के लिए, जो सेवानिवृत्ति के बाद सक्रिय रूप से कार्यरत नहीं हैं। हालांकि, एक निश्चित पेंशन आय पर गुजारा करने वाले वरिष्ठ और अति-वरिष्ठ नागरिकों (सुपर सीनियर सिटीजन) के वित्तीय तनाव को कम करने एवं बुढ़ापे में मदद करने के लिए आयकर कानून-1961 के तहत उन्हें कई छूट मिलते हैं।
अगर आप भी वरिष्ठ नागरिक (60 साल से अधिक उम्र) या अति-वरिष्ठ नागिरक (80 वर्ष से अधिक उम्र) हैं, तो आकलन वर्ष 2025-26 के लिए आयकर रिटर्न भरते समय इन छूट के जरिये टैक्स बचत बढ़ा सकते हैं।
छूट सीमा : पांच लाख रुपये तक
छूट सीमा वह अधिकतम राशि है, जिसके आगे आयकर गणना लागू नहीं होती है। आयकर कानून के तहत, वरिष्ठ नागरिकों को तीन लाख रुपये तक की छूट उपलब्ध है। अति-वरिष्ठ नागरिकों के लिए यह छूट सीमा पांच लाख रुपये है, जबकि 60 वर्ष से कम आयु के व्यक्तियों के लिए यह अधिकतम 2.5 लाख रुपये है।
- इस छूट सीमा का लाभ यह है कि इससे वरिष्ठ नागरिकों की कर देनदारी कम हो जाती है। साथ ही, उनके खर्च के लिए अधिक पैसा बचता है।
मेडिकल खर्च : 50,000 रुपये तक लाभ
इलाज व दवाओं पर जाने वाला पैसा वरिष्ठ नागरिकों के खर्च का महत्व पूर्ण हिस्सा है। मेडिकल खर्च पर भी वरिष्ठ नागरिकों को कुछ कर लाभ मिलता है। आयकर कानून की धारा-80डी के तहत, एक वित्त वर्ष में चुकाए गए स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम पर वरिष्ठ नागरिकों को 50,000 रुपये तक की छूट उपलब्ध है।
- 80डीडीबी में धारा-504 के तहत भी वरिष्ठ नागरिक सूचीबद्ध (लिस्टेड) बीमारियों के इलाज खर्च पर एक लाख रुपये की कटौती का दावा कर सकते हैं।
बचत से प्राप्त ब्याज पर कर कटौती
बचत खातों, फिक्स्ड व रिकरिंग जमा खातों से प्राप्त ब्याज पर भी आयकर कानून के तहत कर कटौती का लाभ मिलता है। यह उनके लिए फायदेमंद है, जो सिर्फ ब्याज आय पर निर्भर हैं।
- वरिष्ठ नागरिक 80टीटीबी के तहत बचत खातों, फिक्स्ड और रिकरिंग जमा खातों से प्राप्त पर 50,000 रुपये तक की कटौती का दावा कर सकते हैं।
...अग्रिम कर भरने की भी जरूरत नहीं
वरिष्ठ नागरिकों को अग्रिम कर (एडवांस टैक्स) जमा करने की जरूरत नहीं हैं। हालांकि, अगर वे किसी व्यवसाय से या पेशेवर आय अर्जित करते हैं, तो उन्हें एडवांस टैक्स जमा करना होगा। इसके अलावा, 75 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों को रिटर्न भरने की जरूरत नहीं है, अगर वे सिर्फ पेंशन आय और एक बैंक से ब्याज प्राप्त करते हैं। फॉर्म 12बीबी में इसकी पुष्टि करनी होगी। -सुमित अग्रवाल, सीए