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Ola and Uber: पांच सबसे खराब नियोक्ताओं में ओला-उबर, दिहाड़ी कामगारों के लिए बेहतर माहौल देने में रेटिंग जीरो

Wed, 28 Dec 2022 05:57 AM IST
देव कश्यप एजेंसी, नई दिल्ली।
एजेंसी, नई दिल्ली। Published by: देव कश्यप Updated Wed, 28 Dec 2022 05:57 AM IST
सार

यह रिपोर्ट भारत में डिजिटल लेबर प्लेटफॉर्म पर कामगारों की कार्य स्थितियों पर आई है। इस साल किसी भी प्लेटफॉर्म को सात अंक से ज्यादा नहीं मिला। अन्य प्लेटफॉर्म्स में बिग बॉस्केट, फ्लिपकार्ट, पोर्टर, स्विगी, अर्बन कंपनी, जेप्टो और जोमैटो शामिल थे।

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Report: Uber, Dunzo, Ola, PharmEasy worst in providing fair pay and working conditions for gig workers
सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

दिहाड़ी कामगारों को बेहतर माहौल प्रदान करने में ओला, उबर, डूंजो, फार्मइजी और अमेजन फ्लेक्स प्लेटफॉर्म्स की रेटिंग शून्य रही है। ऑक्सफोर्ड यूनिर्वसिटी के सहयोग से फेयरवर्क इंडिया टीम ने 12  प्लेटफॉर्म्स की रेटिंग की थी।

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12 प्लेटफॉर्म में से किसी को नहीं मिले पूरे अंक
इस रिपोर्ट में उचित वेतन, शर्तों, अनुबंध, प्रबंधन और प्रतिनिधित्व को पैमाना बनाया गया था। इन पांचों का स्कोर 10 अंक तय किया गया था। लेकिन उपरोक्त पांचों प्लेटफॉर्म को 10 में से शून्य स्कोर मिला। यह रिपोर्ट भारत में डिजिटल लेबर प्लेटफॉर्म पर कामगारों की कार्य स्थितियों पर आई है। इस साल किसी भी प्लेटफॉर्म को सात अंक से ज्यादा नहीं मिला। अन्य प्लेटफॉर्म्स में बिग बॉस्केट, फ्लिपकार्ट, पोर्टर, स्विगी, अर्बन कंपनी, जेप्टो और जोमैटो शामिल थे।
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इन कंपनियों को मिला अधिकतम स्कोर
कंपनी स्कोर
अर्बन कंपनी 7
बिग बॉस्केट 6
फ्लिपकार्ट 5
स्विगी 5
जोमैटो 5
जेप्टो 2
पोर्टर 1
उपरोक्त स्कोर 10 में से दिए गए हैं।

असंगठित श्रमिकों को मिले प्रति घंटा न्यूनतम वेतन
फेयरवर्क टीम के प्रधान अन्वेषक प्रोफेसर बालाजी पार्थसारथी ने बताया, कानून की नजर में गिग वर्कर्स स्वतंत्र कामगार हैं। यानी वे असंगठित श्रमिकों की तरह श्रम अधिकारों के हकदार नहीं हैं। उनके काम करने की स्थिति में सुधार के लिए सुनिश्चित करना होगा कि उन्हें कम से कम प्रति घंटा न्यूनतम वेतन प्राप्त हो। सामूहिक कार्रवाई के माध्यम से उनकी मांगों को सुना जाए। उसे स्वीकार कर उन पर विचार किया जाए।
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न्यूनतम वेतन लागू करने में असफल रहे प्लेटफॉर्म
रिपोर्ट में कहा गया है, श्रमिक संगठनों के बार-बार प्लेटफॉर्म श्रमिकों के लिए एक स्थिर आय के महत्व पर जोर देने के बावजूद सार्वजनिक रूप से न्यूनतम वेतन नीति को लागू करने और संचालित करने में असफल रहे हैं। हालांकि, बिग बॉस्केट, फ्लिपकार्ट, अर्बन कंपनी ने प्रति घंटे न्यूनतम वेतन देने की कुछ नीतियों को लागू किया है।

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