फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   RBI: Need to keep an eye on food inflation, rural demand continues to pick up Business News In Hindi

आरबीआई: खाद्य महंगाई पर नजर रखने की जरूरत, बेहतर कृषि संभावनाओं से समर्थित ग्रामीण मांग में लगातार तेजी जारी

Sat, 18 Jan 2025 07:33 AM IST
शुभम कुमार बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला Published by: शुभम कुमार Updated Sat, 18 Jan 2025 07:33 AM IST
सार

आरबीआई बुलेटिन के अनुसार, 2024-25 की दूसरी छमाही में देश की आर्थिक गतिविधियों वाले उच्च संकेतकों में तेजी आई है। यह तेजी राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय के पहले वार्षिक अग्रिम अनुमानों में वास्तविक जीडीपी की वृद्धि में भी दिखी है।

विज्ञापन
RBI: Need to keep an eye on food inflation, rural demand continues to pick up Business News In Hindi
भारतीय रिजर्व बैंक - फोटो : ANI

विस्तार

घरेलू मांग के मजबूत होने से देश की आर्थिक वृद्धि फिर से बढ़ने की ओर अग्रसर है। हालांकि, खाद्य महंगाई पर निगरानी की जरूरत है। आरबीआई ने बुलेटिन में कहा, 2025 के लिए आर्थिक दृष्टिकोण अलग-अलग देशों में भिन्न हैं। अमेरिकी अर्थव्यवस्था की गति धीमी है। यूरोप व जापान में मामूली सुधार हो रहा है।
विज्ञापन


आर्थिक गतिविधियों वाले उच्च संकेत कों में तेजी
बुलेटिन के अनुसार, 2024-25 की दूसरी छमाही में देश की आर्थिक गतिविधियों वाले उच्च संकेतकों में तेजी आई है। यह तेजी राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय के पहले वार्षिक अग्रिम अनुमानों में वास्तविक जीडीपी की वृद्धि में भी दिखी है। दिसंबर में लगातार दूसरे महीने महंगाई में कमी आई है।
विज्ञापन


देखा जाए तो ग्रामीण मांग में तेजी जारी है जो बेहतर कृषि संभावनाओं से समर्थित है। बुनियादी ढांचे पर सार्वजनिक पूंजीगत खर्च में पुनरुद्धार से प्रमुख क्षेत्रों में विकास को बढ़ावा मिलने की संभावना है। लेख में आरबीआई के विचार नहीं हैं। यह लेखकों के अपने विचार हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन


दिसंबर में आई थी कमी
दिसंबर में लगातार दूसरे महीने हेडलाइन मुद्रास्फीति में कमी आई, जिसका कारण सर्दियों में फलों और सब्जियों की अधिकता और उनकी कीमतों में कमी आना है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के डिप्टी गवर्नर माइकल देबब्रत पात्रा द्वारा लिखे गए एक लेख में कहा गया है कि यह समय उपभोक्ता मांग को बढ़ावा देने और निवेश में तेजी लाने के लिए उपयुक्त है।

दूसरी छमाही में मिले ये संकेत
साथ ही इस लेख में यह भी कहा गया कि 2024-25 की दूसरी छमाही में आर्थिक गतिविधि में तेजी के संकेत मिल रहे हैं, जो कि भारतीय राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) के अनुमानों से भी साफ होता है। लेख में बताया गया कि कॉर्पोरेट भारत 2024-25 की पहली छमाही के मुकाबले तीसरी तिमाही में बेहतर राजस्व और आय वृद्धि की उम्मीद कर रहा है।


इसके अलावा, निफ्टी 50 कंपनियों का शुद्ध लाभ तीन तिमाहियों में सबसे तेज़ बढ़ने की संभावना है। विशेष रूप से बैंकिंग, वित्त और बीमा कंपनियों से अच्छे नतीजों की उम्मीद है। इसके अलावा, गैर-सूचीबद्ध कंपनियाँ भी तेज़ राजस्व वृद्धि के साथ अपनी सूचीबद्ध कंपनियों से आगे निकल सकती हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed