अब पैन और टैन नंबर एक दिन में, सरकार ने शुरू की ऑनलाइन सेवा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जनता को पैन नंबर और कारोबारियों को टैन नंबर एक दिन में मिल जाए, इसके लिए सरकार ने ऑनलाइन सेवा शुरू कर दी है। एक दिन में पैन लेने के लिए डिजिटल सिगनेचर का उपयोग करना होगा। जिनके पास डिजिटल सिगनेचर नहीं है, उनके लिए आधार संख्या पर आधारित सेवा शुरू की गई है जिसमें तीन-चार दिन में पैन नंबर उपलब्ध करा दिया जाएगा।
अमर उजाला ने बीते मंगलवार को ही इससे संबंधित खबर दे दी थी। वित्त मंत्रालय से शुक्रवार को यहां जारी एक बयान के मुताबिक आवेदकों को पैन और टैन नंबर शीघ्र आवंटित करने के लिए एनएसडीएल और यूटीआईएसटीएल के पोर्टल पर आवेदन प्रक्रिया शुरू की गई है। इसमें डिजिटल सिगनेचर सर्टिफिकेट (डीएससी) का उपयोग होगा और वैध ऑनलाइन आवेदन मिलने के बाद एक दिन के भीतर आवेदकों को पैन और टैन नंबर उपलब्ध करा दिए जाएंगे।
मंत्रालय के मुताबिक एनएसडीएल ने अपने पोर्टल पर व्यक्तिगत पैन नंबर के आवेदकों के लिए आधार संख्या से जुड़ी एक ई-हस्ताक्षर आवेदन प्रक्रिया उपलब्ध करायी है। इसमें तीन-चार दिन के अंदर पैन नंबर दे दिए जाते हैं। अधिकारियों के मुताबिक इस तंत्र को आधार संख्या के डाटा बेस से जोड़ दिया गया है। पैन नंबर के लिए जैसे ही आधार संख्या का उपयोग किया जाता है, आयकर विभाग संबंधित व्यक्ति के आधार डाटा बेस से जानकारी ले लेता है और उसे कई झंझटों से मुक्ति मिल जाती है।
फर्जी पैन कार्ड पर भी लगेगा अंकुश
पहले पैन नंबर लेने में जहां सात-आठ दिन लगते थे, वहीं अब इस तीन-चार दिन में यह काम हो जाएगा। वित्त मंत्रालय का कहना है कि नई प्रक्रिया से फर्जी पैन कार्ड पर भी अंकुश लगाने में सफलता मिलेगी।
उल्लेखनीय है कि देश में लाखों लोगों ने एक से ज्यादा पैन कार्ड बनवा रखा है, जिसे आय कर विभाग रद्द कर रहा है। अभी तक अभियान चला कर देश भर में 11 लाख से भी ज्यादा पैन कार्ड रद्द किए जा चुके हैं।
सबसे ज्यादा फर्जी पैन कार्ड दिल्ली, मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल, आंध्र प्रदेश में मिले हैं। उल्लेखनीय है कि एक से ज्यादा पैन कार्ड बनाने पर दस हजार रुपए तक के जुर्माने का प्रावधान है।