Ambani Salary: मुकेश अंबानी ने लगातार दूसरे साल नहीं ली सैलरी, नीता अंबानी को मिले इतने रुपये
Ambani Salary: मुकेश अंबानी ने कोरोना वायरस महामारी के कारण व्यापार और अर्थव्यवस्था प्रभावित होने के कारण स्वेच्छा से अपना मेहनताना छोड़ने का फैसला किया है। मुकेश अंबानी इस समय रिलायंस इंडस्ट्रीज के अध्यक्ष और प्रबंधन निदेशक हैं।
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रिलायंयस कंपनी के मुखिया मुकेश अंबानी ने लगातार दूसरे साल कोई तनख्वाह नहीं ली है। कंपनी से जुड़े सूत्रों के मुताबिक लगातार दूसरे साल अंबानी ने सैलरी नहीं लेने का फैसला किया है। बताया जा रहा है कि अंबानी ने कोरोना वायरस महामारी के कारण व्यापार और अर्थव्यवस्था प्रभावित होने के कारण स्वेच्छा से अपना मेहनताना छोड़ने का फैसला किया है। मुकेश अंबानी इस समय रिलायंस इंडस्ट्रीज के अध्यक्ष और प्रबंधन निदेशक हैं।
अंबानी ने भत्ता और कमीशन जैसे लाभ भी छोड़े
रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड ने हाल ही में जारी अपनी सालाना रिपोर्ट में कहा है कि वर्ष 2020-21 में मुकेश अंबानी को सैलरी के मद में दी जाने वाली राशि शून्य है। इस रिपोर्ट के अनुसार पिछले वर्षों के दौरान मुकेश अंबानी ने कंपनी के अध्यक्ष और प्रबंधन निदेशक के रूप में अपनी भूमिका का निर्वहन करते हुए किभी प्रकार का भत्ता, अनुलाभ, रिटायरमेंट लाभ, कमीशन या स्टॉक विकल्प का लाभ नहीं लिया है।
बता दें कि इससे पहले वर्ष 2008-09 के दौरान उन्होंने अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक की सैलरी को 15 करोड़ रुपये सालाना पर फिक्स कर दिया था। वर्ष 2019-20 तक इसमें कोई बदलाव नहीं किया गया है।
कंपनी के दूसरे अधिकारियों को भी पूर्व की तुलना में कम पैसे मिले
पिछले वित्तीय वर्ष के दौरान रिलायंस इंडस्ट्रीज में अंबानी के चचेरे भाइयों निखिल और हीतल मेसवानी को पारिश्रमिक के तौर पर 24 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया। इसमें 17.28 करोड़ रुपये का कमीशन भी शामिल है। वहीं कंपनी के दो कार्यकारी निदेशकों पीएमएस प्रसाद और पवन कुमार कपिल के पारिश्रमिक में थोड़ी कमी देखी गई। प्रसाद ने वर्ष 2021-22 में 11.89 करोड़ रुपये सैलरी के तौर पर लिए, उन्हें वर्ष 2020-21 के वित्त वर्ष में भुगतान के रूप में 11.99 करोड़ रुपये मिले थे। पवन कुमार कपिल को सैलरी के तौर पर कुल 4.22 करोड़ रुपये मिले, जो पिछले वर्ष की तुलना में 4.24 करोड़ रुपये से कम है।
नीता अंबानी के मिले इतने रुपये?
कंपनी की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक मुकेश अंबानी की पत्नी नीता अंबानी जो कंपनी के बाेर्ड में गैर-कार्यकारी निदेशक हैं, उन्हें इस वित्तीय वर्ष के दौरान बैठक शुल्क के रूप में पांच लाख रुपये जबकि कमीशन के रूप में 2 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया है। पिछले साल उन्हें आठ लाख रुपये बैठक शुल्क के रूप में जबकि 1.65 करोड़ रुपये मिले थे।