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इंदौर नगर निगम अब करेगा बॉन्ड के जरिए शेयर बाजार में निवेश, बना देश का पहला स्थानीय निकाय
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
Updated Fri, 06 Jul 2018 11:16 AM IST
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देश के इतिहास में पहली बार किसी स्थानीय निकाय ने शहर का विकास करने के लिए शेयर बाजार में कदम रख दिया है। केंद्र सरकार की अमृत योजना के तहत प्रस्तावित विकास कार्यों को अमली जामा पहनाने के लिये इंदौर नगर निगम (आईएमसी) ने 170 करोड़ रुपये के ‘नगर पालिका बॉन्ड’जारी कर दिए हैं। इन बॉन्ड को शुक्रवार को नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) के प्लेटफॉर्म पर लिस्टेड कर दिया गया है।
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मध्य प्रदेश सरकार के एक आला अधिकारी ने आज बताया कि आईएमसी के नगर पालिका बॉन्ड से प्राप्त होने वाली राशि के बड़े हिस्से का उपयोग अटल कायाकल्प एवं शहरी रूपांतरण मिशन (अमृत) के तहत प्रस्तावित विकास कार्यों के लिये किया जायेगा।
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इनमें जल आपूर्ति, सीवरेज एवं सैप्टिक टैंकों के अपशिष्ट का निपटान, वर्षा, बाढ पानी की प्रबंधन प्रणाली, शहरी परिवहन और हरित क्षेत्रों के विकास से जुड़े करीब 160 करोड़ रुपये की लागत के काम शामिल हैं। इसके अलावा, बॉंड से जुटायी जाने वाली राशि में से 10 करोड़ रुपये का इस्तेमाल एक बड़े कर्ज के समय पूर्व भुगतान के लिये किया जायेगा।
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हर छह माह में होगा ब्याज का भुगतान
अधिकारी ने बताया कि आईएमसी का म्यूनिसपल बॉन्ड नेशनल स्टॉक एक्सचेंज के इलेक्ट्रॉनिक बिडिंग प्लेटफॉर्म पर बोली प्रक्रिया के लिये सुबह 11 बजे से खुलकर दोपहर एक बजे बंद होगा। यह बॉन्ड 10 वर्ष की अवधि का होगा। बोली प्रक्रिया में तय कूपन दर के मुताबिक निवेशकों को इस बांड पर हर छह माह में ब्याज भुगतान किया जायेगा। बॉन्ड की सात वर्ष की अवधि पूर्ण होने के बाद निवेशक हर साल इसके अंकित मूल्य की 25-25 प्रतिशत राशि निकाल सकेंगे।
आईएमसी खर्च करेगा 972 करोड़ की राशि
उन्होंने बताया कि आईएमसी द्वारा अमृत योजना में 972.26 करोड़ रुपये की राशि खर्च की जानी है। इसमें से 324.05 करोड़ रुपये केंद्र सरकार तथा 486.13 करोड़ रुपये राज्य सरकार द्वारा दिये जाने हैं, जबकि आईएमसी का अंशदान 162.08 करोड़ रुपये निर्धारित किया गया है। अधिकारी ने बताया कि आईएमसी मध्यप्रदेश का पहला शहरी स्थानीय निकाय है, जो विकास कार्यों के लिये बॉन्ड जारी कर रकम जुटाने जा रहा है।