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भारत में बेरोजगारी दर छह माह के उच्च स्तर पर: अप्रैल में 5.2 फीसदी तक पहुंची, शहरों में मामूली सुधार
Sat, 16 May 2026 05:30 AM IST
Jyoti Bhaskar
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
Published by: Jyoti Bhaskar
Updated Sat, 16 May 2026 05:30 AM IST
सार
भारत में बेरोजगारी दर छह माह के उच्च स्तर पर पहुंच गई है। अप्रैल में 5.2 फीसदी पर पहुंची बेरोजगारी दर के बीच एक सकारात्मक संकेत शहरों में मामूली सुधार दर्ज किया जाना रहा। श्रम बल सर्वेक्षण के आंकड़ों के मुताबिक शहरी महिलाओं की बेरोजगारी एक साल में सबसे कम पाई गई है।
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सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
देश में 15 वर्ष और उससे अधिक आयु के लोगों की बेरोजगारी दर अप्रैल में बढ़कर 5.2 फीसदी हो गई। यह पिछले छह महीनों का उच्चतम स्तर है। मार्च में यह दर 5.1 फीसदी थी। इससे पहले अक्तूबर, 2025 में बेरोजगारी दर 5.2 फीसदी दर्ज की गई थी।
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केंद्र सरकार के सर्वे में 3.74 लाख+ लोग शामिल
सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय द्वारा जारी आवधिक श्रम बल सर्वेक्षण के अनुसार, शहरी क्षेत्रों में बेरोजगारी दर मार्च के 6.8 फीसदी से घटकर अप्रैल में 6.6 फीसदी रह गई, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में यह 4.3 फीसदी से बढ़कर 4.6 फीसदी हो गई। देशभर में यह सर्वे 3,74,243 लोगों से जुटाई गई जानकारी के आधार पर तैयार किया गया है।
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महिलाओं की बेरोजगारी
पुरुषों में बेरोजगारी अप्रैल में 5.1 फीसदी रही, जो मार्च में 5 फीसदी थी। ग्रामीण पुरुष बेरोजगारी दर 4.4 फीसदी से बढ़कर 4.7 फीसदी हो गई, जबकि शहरों में यह 6.1 फीसदी से घटकर 5.9 फीसदी पर आ गई। महिलाओं की बेरोजगारी मार्च के 5.3 फीसदी से बढ़कर 5.4 फीसदी हो गई।
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डब्ल्यूपीआर यानी कार्यरत आबादी का अनुपात
ग्रामीण महिलाओं की बेरोजगारी बढ़कर 4.4 फीसदी हो गई, जबकि शहरी महिला बेरोजगारी दर घटकर 8.5 फीसदी रही। यह पिछले वर्ष अप्रैल के बाद सबसे निचला स्तर है। वीमेन पार्टिसिपेशन रेशियो (डब्ल्यूपीआर) यानी कार्यरत आबादी का अनुपात अप्रैल में 52.2 फीसदी रहा, जो मार्च में 52.6 फीसदी था। शहरी क्षेत्रों में यह 46.8 फीसदी पर स्थिर रहा, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में घटकर 54.9 फीसदी हो गया।
महिला श्रम बल भागीदारी में कमी...
श्रम बल भागीदारी दर (एलएफपीआर) अप्रैल में घटकर 55 फीसदी रही, जबकि मार्च में 55.4 फीसदी थी। ग्रामीण क्षेत्रों में यह 57.5 फीसदी एवं शहरी क्षेत्रों में 50.1 फीसदी दर्ज की गई। अप्रैल, 2026 में 15 वर्ष और उससे अधिक आयु वर्ग की महिलाओं की श्रम बल भागीदारी दर कम होकर 33.9 फीसदी रही, जबकि मार्च में यह 34.4 फीसदी थी। ग्रामीण महिलाओं का एलएफपीआर 38.2 फीसदी और शहरी महिलाओं का 25 फीसदी दर्ज किया गया।