फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   India suggests G-20 nations to cooperate to deal with fugitive economic offenders

G-20: भारत ने भगोड़े आर्थिक अपराधियों से निपटने के लिए जी-20 से तंत्र बनाने की अपील की, जानें डिटेल्स

Fri, 01 Sep 2023 07:10 PM IST
कुमार विवेक बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: कुमार विवेक Updated Fri, 01 Sep 2023 07:10 PM IST
सार

G-20: कोलकाता में 12 अगस्त को हुई जी-20 की भ्रष्टाचार रोधी मंत्रिस्तरीय बैठक के बाद जी-20 देशों को देने के लिए सरकार की ओर से तैयार किए गए दस्तावेजों में भगोड़े आर्थिक अपराधियों से व्यापक और कुशलतापूर्वक निपटने के लिए सदस्य देशों के बीच मजबूत और सक्रिय सहयोग की बात कही गई है।

विज्ञापन
India suggests G-20 nations to cooperate to deal with fugitive economic offenders
जी 20 की बैठक - फोटो : बासित जरगर

विस्तार

भारत ने सभी जी-20 देशों को भगोड़े आर्थिक अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई और उनकी संपत्तियों की बरामदगी कर उनसे व्यापक और प्रभावी तरीके से निपटने के लिए आपस में सक्रिय रूप से सहयोग करने का सुझाव दिया है।

विज्ञापन


जी-20 देशों को सुझाए गए नौ सूत्री एजेंडे में भारत ने कहा है कि सदस्य देशों को एक ऐसा तंत्र बनाना चाहिए जो सभी भगोड़े आर्थिक अपराधियों को प्रवेश और सुरक्षित पनाह देने से वंचित करे।
विज्ञापन


कोलकाता में 12 अगस्त को हुई जी-20 की भ्रष्टाचार रोधी मंत्रिस्तरीय बैठक के बाद जी-20 देशों को देने के लिए सरकार की ओर से तैयार किए गए दस्तावेजों में भगोड़े आर्थिक अपराधियों से व्यापक और कुशलतापूर्वक निपटने के लिए सदस्य देशों के बीच मजबूत और सक्रिय सहयोग की बात कही गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन


इसमें कहा गया है कि अपराध की आय को प्रभावी ढंग से जब्त करने, अपराधियों की जल्द वापसी और अपराध की आय के कुशल प्रत्यावर्तन जैसी कानूनी प्रक्रियाओं में सहयोग बढ़ाया और सुव्यवस्थित किया जाना चाहिए।

भारत के अनुसार भ्रष्टाचार के खिलाफ संयुक्त राष्ट्र कन्वेंशन (यूएनसीएसी), अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध के खिलाफ संयुक्त राष्ट्र सम्मेलन (यूएनओटीसी), विशेष रूप से अंतरराष्ट्रीय सहयोग से संबंधित सिद्धांतों को पूरी तरह से और प्रभावी ढंग से लागू किया जाना चाहिए। 

भारत ने सुझाव दिया है कि धन शोधन और आतंकवाद के वित्तपोषण पर नजर रखने वाली वैश्विक संस्था फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (एफएटीएफ) को उक्त मामलों को प्राथमिकता देने और उनमें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सहयोग स्थापित करने पर ध्यान केंद्रित करने के लिए कहा जाना चाहिए। भारत का मानना है कि ऐसे मामलों से निपटने के लिए ऐसा तंत्र विकसित होना चाहिए जिसमें सक्षम अधिकारियों और वित्तीय खुफिया इकाइयों के बीच समय पर और व्यापक रूप से सूचनाओं का आदान-प्रदान हो सके।

भारत ने जी-20 के सदस्य देशों से कहा कि एफएटीएफ को भगोड़े आर्थिक अपराधियों की मानक परिभाषा तैयार करने का काम सौंपा जाना चाहिए और उसे भगोड़े आर्थिक अपराधियों से निपटने के लिए पहचान, प्रत्यर्पण और न्यायिक कार्यवाही से संबंधित सामान्य रूप से सहमत और मानकीकृत प्रक्रियाओं का एक सेट भी विकसित करना चाहिए। ऐसा होने से जी-20 देशों को ऐसे मामलों में आरोपी के घरेलू कानून तहत मार्गदर्शन और सहायता हासिल करने में मदद मिलेगी।


नई दिल्ली ने सुझाव दिया है कि प्रत्यर्पण के सफल मामलों, प्रत्यर्पण और कानूनी सहायता की मौजूदा प्रणालियों में मौजूद कमियों को दूर करने के अलावे अनुभवों और सर्वोत्तम प्रथाओं को साझा करने के लिए एक साझा मंच स्थापित किया जाना चाहिए चाहिए। जी-20 फोरम को आर्थिक अपराधियों की संपत्तियों का पता लगाने पर काम शुरू करने पर विचार करना चाहिए, जिन पर उनके मूल देश में कर बकाया हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed