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Go First Crisis: गो फर्स्ट की मुश्किलें बढ़ीं; अगले पांच दिन में 20 विमान खो सकता है संकटग्रस्त एयरलाइन
Fri, 05 May 2023 09:38 AM IST
अभिषेक दीक्षित
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: अभिषेक दीक्षित
Updated Fri, 05 May 2023 09:38 AM IST
सार
एयरलाइन ने तीन मई से तीन दिन के लिए अपनी उड़ानें निलंबित कर दी थीं। इसके बाद डीजीसीए ने गो फर्स्ट को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। इस बीच नियामक ने बयान में कहा कि गो फर्स्ट ने 15 मई तक अपनी उड़ानों के लिए टिकट बुकिंग रोकने की सूचना है।
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गो फर्स्ट
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
संकट में चल रही एयरलाइन गो फर्स्ट की बढ़ती जा रही हैं। अब लीजर्स ने भी अपने विमानों का पंजीकरण रद्द करने की अर्जी देनी शुरू कर दी है। अब तक कुल 20 विमान वापस लेने की याचिका डाली गई है। नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने पट्टादाताओं (लीजर्स) का विवरण और उनके अनुरोध को अपनी वेबसाइट पर पब्लिश किया है। विशेषज्ञों के मानें तो जब भी ऐसी कोई मांग आती है तो DGCA को पांच कार्य दिवसों में विमान का पंजीकरण रद्द करना शुरू करना होता है। उसका विवरण अपनी वेबसाइट पर भी देना होता है। हालांकि, अब तक यह साफ नहीं है कि गो फर्स्ट इस पर कानूनी चुनौती देने की योजना बना रहा है या नहीं?
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दिवाला समाधान याचिका पर फैसला सुरक्षित
इससे पहले राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) ने संकट में फंसी एयरलाइन गो फर्स्ट की स्वैच्छिक दिवाला समाधान याचिका पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया। एनसीएलटी के अध्यक्ष न्यायमूर्ति रामलिंगम सुधाकर की अगुवाई वाली दो सदस्यीय पीठ ने दिनभर चली सुनवाई के बाद अपना फैसला सुरक्षित रखा। वाडिया समूह के नियंत्रण वाली एयरलाइन ने अपनी याचिका में दिवाला समाधान कार्यवाही शुरू करने की अपील की है। इसके साथ ही एयरलाइन ने अपनी वित्तीय देनदारियों पर अंतरिम रोक लगाने की भी मांग रखी है। हालांकि, पट्टे पर विमान देने वाली कंपनियों ने एयरलाइन के इस आग्रह का विरोध करते हुए कहा कि उनका पक्ष सुने बगैर दिवाला समाधान कार्यवाही शुरू नहीं की जा सकती।
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15 मई तक टिकट बुकिंग रोक
गो फर्स्ट की ओर से पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता नीरज किशन कौल ने कहा कि दिवाला एवं ऋणशोधन अक्षमता संहिता (आईबीसी) का मकसद यह है कि कंपनी परिचालन में बनी रहे। नकदी संकट से जूझ रही गो फर्स्ट ने अपनी उड़ानें नौ मई तक रद्द कर दी हैं। इसके साथ ही उसने 15 मई तक टिकट बुकिंग भी रोक दी है।
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डीजीसीए का यात्रियों का पैसा लौटाने का निर्देश
एयरलाइन की ओर से तीन मई से तीन दिन के लिए अपनी उड़ानें निलंबित कर दी गई थीं। इसके बाद डीजीसीए ने गो फर्स्ट को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। इस बीच नियामक ने बयान में कहा कि गो फर्स्ट ने 15 मई तक अपनी उड़ानों के लिए टिकट बुकिंग रोकने की सूचना है। एयरलाइन ने कहा है कि वह या तो यात्रियों को टिकट का पैसा लौटाएगी या उन्हें भविष्य की तारीख में उड़ान की अनुमति देगी। गो फर्स्ट के जवाब के बाद डीजीसीए ने एयरलाइन से मौजूदा नियमनों के तहत निर्धारित समयसीमा में टिकट का पैसा लौटाने का निर्देश दिया है।