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Nirmala Sitharaman: वित्त मंत्री बोलीं- 45 दिनों में चुकाएं MSME का बकाया, समय पर भुगतान नहीं कर रहीं कंपनियां
Sat, 17 Sep 2022 06:54 AM IST
निर्मल कांत
एजेंसी, मुंबई।
एजेंसी, मुंबई।
Published by: निर्मल कांत
Updated Sat, 17 Sep 2022 06:54 AM IST
सार
सीतारमण ने शुक्रवार को एक कार्यक्रम में कहा, केंद्र, राज्य सरकारों और सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों पर भी एमएसएमई का बकाया है। निजी क्षेत्र और उद्योग को 45 दिन के भीतर भुगतान का संकल्प लेना चाहिए।
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वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने निजी क्षेत्र की कंपनियों से सूक्ष्म, लघु व मझोले उद्यमों (एमएसएमई) का बकाया 45 दिन में चुकाने को कहा है। यह भी माना कि केंद्र सरकार के विभाग व उपक्रम भी एमएसएमई का बकाया समय पर नहीं दे रहे हैं।
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सीतारमण ने शुक्रवार को एक कार्यक्रम में कहा, केंद्र, राज्य सरकारों और सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों पर भी एमएसएमई का बकाया है। निजी क्षेत्र और उद्योग को 45 दिन के भीतर भुगतान का संकल्प लेना चाहिए। कंपनी पंजीयक में अकाउंट बुक दाखिल करनी चाहिए।
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उन्होंने कहा, सरकार इस मुद्दे के समाधान के लिए कदम उठाएगी। सुनिश्चित करेगी कि उसके विभाग व सार्वजनिक उपक्रम छोटे व्यवसायों को 90 दिन में भुगतान करें। ट्रेड्स मंच और समाधान पोर्टल जैसी योजनाएं छोटे व्यवसायों को समय पर भुगतान दिलाने में मददगार हैं।
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ग्राहकों की बेहतर सेवा के लिए काम करें बैंक
सीतारमण ने कहा, बैंक सुनिश्चित करें कि उनकी प्रणाली एक-दूसरे के अनुकूल रहे ताकि वे ग्राहकों की सेवा बेहतर ढंग से कर सकें।
भारतीय बैंक संघ की बैठक में उन्होंने कहा, कई बार ग्राहकों को अलग-अलग बैंकों के साथ लेनदेन के लिए मजबूर होना पड़ता है। यह ऐसी कृत्रिम दीवार है, जिसका निर्माण बैंकों ने खुद को सुरक्षित रखने के लिए किया है। उन्होंने बैंकों को साइबर सुरक्षा के इंतजाम बढ़ाने को भी कहा।