{"_id":"65bb5f632ab70ab79e059d15","slug":"finance-minister-nirmala-sitharaman-budget-speech-which-word-used-in-how-many-times-2024-02-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Union Budget: वित्त मंत्री के भाषण में टैक्स शब्द का इस्तेमाल 42 बार, जानिए किन शब्दों का किया ज्यादा जिक्र","category":{"title":"Business Diary","title_hn":"बिज़नेस डायरी","slug":"business-diary"}}
Union Budget: वित्त मंत्री के भाषण में टैक्स शब्द का इस्तेमाल 42 बार, जानिए किन शब्दों का किया ज्यादा जिक्र
Thu, 01 Feb 2024 03:15 PM IST
नितिन गौतम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: नितिन गौतम
Updated Thu, 01 Feb 2024 03:15 PM IST
सार
बजट में बड़ी घोषणाएं ज्यादा नहीं की गई हैं और वित्त मंत्री ने बजट भाषण में सरकार की पिछली 10 साल की उपलब्धियों का ज्यादा जिक्र किया। मध्यम वर्ग को टैक्स दरों में कोई राहत नहीं दी गई है।
विज्ञापन
Union Budget 2024: Finance Minister Nirmala Sitharaman
- फोटो : Agency
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
केंद्रीय वित्त मंत्री ने अंतरिम बजट का एलान कर दिया है। इस बजट में बड़ी घोषणाएं ज्यादा नहीं की गई हैं और वित्त मंत्री ने बजट भाषण में सरकार की पिछली 10 साल की उपलब्धियों का ज्यादा जिक्र किया। अपने बजट भाषण में वित्त मंत्री ने टैक्स शब्द का 42 बार किया। हालांकि वित्त मंत्री ने टैक्स दरों में कोई बदलाव नहीं किया है।
बजट में नहीं हुईं बड़ी घोषणाएं
वित्त मंत्री ने कहा कि हमने अंतरिम बजट की परंपरा को जारी रखते हुए नई घोषणाओं के एलान से परहेज किया है। अंतरिम बजट में चार वर्गों- महिलाएं, युवा, गरीब और किसानों पर फोकस रहा। अंतरिम बजट में सरकार ने आयकर की दरों में कोई बदलाव नहीं किया है। इस बार बजट में कुछ भी सस्ता या महंगा नहीं हुआ है। बजट भाषण में वित्त मंत्री ने स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी हुईं नौ करोड़ महिलाओं में से तीन करोड़ महिलाओं को लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य रखा है।
इन शब्दों का हुआ ज्यादा जिक्र
वित्त मंत्री के भाषण पर नजर डालें तो उन्होंने टैक्स के अलावा पीएम शब्द का भी इस्तेमाल 42 बार ही किया। भारत शब्द 24 बार, नीति शब्द 35 बार, सरकार शब्द 26 बार, विकास (14 बार), किसान, वैश्विक, वित्त (15 बार), महिलाएं (19 बार), अर्थव्यवस्था (12 बार), गरीब (7 बार), नौकरी (8 बार) शिक्षा (10 बार) शब्द का जिक्र किया गया।
विज्ञापन
वित्त मंत्री ने दिया अब तक का सबसे छोटा 56 मिनट का बजट भाषण
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का आखिरी बजट पेश किया। वे इससे पहले पांच बार पूर्ण बजट और पहली बार अंतरिम बजट पेश किया। गुरुवार को बजट पेश करने के दौरान उन्होंने 56 मिनट का भाषण भी दिया। उनका अब तक का सबसे छोटा बजट भाषण था। उन्हें 2020 में सबसे लंबा दो घंटे और चालीस मिनट का बजट भाषण देने का गौरव भी हासिल है।
2019 में भारत की पहली पूर्णकालिक महिला वित्त मंत्री के रूप में सीतारमण का बजट भाषण दो घंटे और 17 मिनट तक चला था। 2021 में उनका भाषण एक घंटे 50 मिनट तक चला, उसके बाद 2022 में 92 मिनट और 2023 में 87 मिनट तक चला।
प्रधानमंत्री ने बताया- युवा भारत की आकांक्षाओं का प्रतिबिंब
अंतरिम बजट पर प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि बजट युवा भारत की आकांक्षाओं का प्रतिबिंब है। बजट में दो अहम फैसले लिए गए हैं। अनुसंधान और नवाचार पर एक लाख करोड़ रुपये का फंड बनाने का एलान किया गया है। बजट में स्टार्टअप को मिलने वाली टैक्स छूट के विस्तान का भी फैसला किया गया है। राजकोषीय घाटे को नियंत्रण में रखते हुए पूंजीगत व्यय को 11 लाख करोड़ 11 हजार और 111 करोड़ रुपये की ऐतिहासिक ऊंचाई दी गई है।
प्रधानमंत्री मोदी ने अंतरिम बजट पर कहा, 'गरीबों के लिए हमने गांव और शहरों में 4 करोड़ से अधिक घर बनाए हैं अब हमने 2 करोड़ और नए घर बनाने का लक्ष्य रखा है। हमने 2 करोड़ महिलाओं को लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य रखा था, अब इस लक्ष्य को बढ़ाकर 3 करोड़ कर दिया गया है।'
विज्ञापन
बजट में नहीं हुईं बड़ी घोषणाएं
वित्त मंत्री ने कहा कि हमने अंतरिम बजट की परंपरा को जारी रखते हुए नई घोषणाओं के एलान से परहेज किया है। अंतरिम बजट में चार वर्गों- महिलाएं, युवा, गरीब और किसानों पर फोकस रहा। अंतरिम बजट में सरकार ने आयकर की दरों में कोई बदलाव नहीं किया है। इस बार बजट में कुछ भी सस्ता या महंगा नहीं हुआ है। बजट भाषण में वित्त मंत्री ने स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी हुईं नौ करोड़ महिलाओं में से तीन करोड़ महिलाओं को लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य रखा है।
विज्ञापन
इन शब्दों का हुआ ज्यादा जिक्र
वित्त मंत्री के भाषण पर नजर डालें तो उन्होंने टैक्स के अलावा पीएम शब्द का भी इस्तेमाल 42 बार ही किया। भारत शब्द 24 बार, नीति शब्द 35 बार, सरकार शब्द 26 बार, विकास (14 बार), किसान, वैश्विक, वित्त (15 बार), महिलाएं (19 बार), अर्थव्यवस्था (12 बार), गरीब (7 बार), नौकरी (8 बार) शिक्षा (10 बार) शब्द का जिक्र किया गया।
विज्ञापन
वित्त मंत्री ने दिया अब तक का सबसे छोटा 56 मिनट का बजट भाषण
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का आखिरी बजट पेश किया। वे इससे पहले पांच बार पूर्ण बजट और पहली बार अंतरिम बजट पेश किया। गुरुवार को बजट पेश करने के दौरान उन्होंने 56 मिनट का भाषण भी दिया। उनका अब तक का सबसे छोटा बजट भाषण था। उन्हें 2020 में सबसे लंबा दो घंटे और चालीस मिनट का बजट भाषण देने का गौरव भी हासिल है।
2019 में भारत की पहली पूर्णकालिक महिला वित्त मंत्री के रूप में सीतारमण का बजट भाषण दो घंटे और 17 मिनट तक चला था। 2021 में उनका भाषण एक घंटे 50 मिनट तक चला, उसके बाद 2022 में 92 मिनट और 2023 में 87 मिनट तक चला।
प्रधानमंत्री ने बताया- युवा भारत की आकांक्षाओं का प्रतिबिंब
अंतरिम बजट पर प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि बजट युवा भारत की आकांक्षाओं का प्रतिबिंब है। बजट में दो अहम फैसले लिए गए हैं। अनुसंधान और नवाचार पर एक लाख करोड़ रुपये का फंड बनाने का एलान किया गया है। बजट में स्टार्टअप को मिलने वाली टैक्स छूट के विस्तान का भी फैसला किया गया है। राजकोषीय घाटे को नियंत्रण में रखते हुए पूंजीगत व्यय को 11 लाख करोड़ 11 हजार और 111 करोड़ रुपये की ऐतिहासिक ऊंचाई दी गई है।
प्रधानमंत्री मोदी ने अंतरिम बजट पर कहा, 'गरीबों के लिए हमने गांव और शहरों में 4 करोड़ से अधिक घर बनाए हैं अब हमने 2 करोड़ और नए घर बनाने का लक्ष्य रखा है। हमने 2 करोड़ महिलाओं को लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य रखा था, अब इस लक्ष्य को बढ़ाकर 3 करोड़ कर दिया गया है।'