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Dynamic Bond Fund: डेट फंड-सदाबहार निवेश का विकल्प, 9.3 फीसदी का सालाना रिटर्न मिला है पिछले 10 साल में
Mon, 19 Dec 2022 06:05 AM IST
देव कश्यप
अजीत सिंह, नई दिल्ली।
अजीत सिंह, नई दिल्ली।
Published by: देव कश्यप
Updated Mon, 19 Dec 2022 06:05 AM IST
सार
पिछला एक साल डेट बाजार के लिए काफी अस्थिर रहा है, क्योंकि आरबीआई ने रेपो दर में पांच बार में 2.25% बढ़त की है। आगे क्या होगा इसे कोई नहीं जानता, क्योंकि महंगाई चिंता का विषय है। मौजूदा अनिश्चितता को देखते हुए विशेषज्ञ डायनॉमिक बॉन्ड फंड में निवेश की सलाह दे रहे हैं। इसी पर अजीत सिंह की रिपोर्ट...
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निवेश (सांकेतिक तस्वीर)
- फोटो : Pixabay
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विस्तार
छोटी और लंबी अवधि की प्रतिभूतियों के बीच स्विच करने की सुविधा के कारण डायनॉमिक बॉन्ड फंड को अस्थिरता से निपटने का अच्छा तरीका माना जाता है। यह एक ओपन-एंडेड डेट स्कीम है। अपने पोर्टफोलियो में प्रतिभूतियों की परिपक्वता के लिहाज से प्रदर्शन करती है।
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यह इस बात पर निर्भर करता है कि अधिकतम रिटर्न कहां अर्जित करने की उम्मीद है। फंड मैनेजर यह तय करता है कि कुछ महीनों में परिपक्व होने वाले बॉन्ड में निवेश करना है या कई वर्षों के बाद मैच्योर होने वाले बॉन्ड में। यही क्षमता उन्हें सबसे अनोखे प्रकार के डेट फंड उपलब्ध कराती है। इस फंड में सभी प्रकार के बाजार में उचित रिटर्न पैदा करने की क्षमता है।
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सुनिश्चित आय चाहने वाले निवेशकों के लिए बेहतर
यह फंड ऐसे निवेशकों के लिए उपयुक्त है जिनको विभिन्न पोर्टफोलियो रणनीति के बीच स्विच करने की चिंता नहीं होती है। क्योंकि यह दूसरे पोर्टफोलियो में स्विच किए बिना निवेश में बने रहने में मदद करती है। साथ ही और कैसा भी बाजार हो यह एक तय आय देती है। अक्सर, निवेशक यह मान लेते हैं कि डेट निवेश का कोई मूल्य नहीं है, क्योंकि उनका रिटर्न इक्विटी के साथ कहीं भी मेल नहीं खाता है। हालांकि, मैक्रो-इकोनॉमिक कारकों के साथ-साथ ब्याज दर आपके डेट निवेश से मिलने वाले रिटर्न को तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
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ब्याज दर पर आधारित होती है यह स्कीम
इस श्रेणी में कई स्कीम उपलब्ध हैं। उदाहरण के तौर पर आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल ऑल सीजन्स बॉन्ड फंड इसमें शीर्ष पर है। इस श्रेणी में संपत्ति के मामले में सबसे बड़ी स्कीम भी है। इसका 10 वर्षों से अधिक का लगातार अच्छा ट्रैक-रिकॉर्ड रहा है। इसका कोई भी फैसला इन-हाउस मॉडल पर आधारित होता है जो कई छोटे बड़े कारकों को ध्यान में रखती है। दूसरा पहलू ब्याज दर पर आधारित है जो कॉर्पोरेट बॉन्ड और सरकारी प्रतिभूतियों के बीच निवेश करती है। जब ब्याज दरें अधिक होती हैं तो स्कीम लंबी अवधि की योजना बनाती है। तीन, पांच और दस वर्षों में फंड ने अपनी श्रेणी में क्रमशः 7.1%, 7.2% और 9.3% रिटर्न दिया है जो अन्य फंडों की तुलना में बेहतर है। इस फंड ने विभिन्न ब्याज दर के दौर में अवधि और कुछ विपरीत परिस्थितियों में भी नेट असेट वैल्यू (एनएवी) में वृद्धि प्रदान की है।
तीन साल तक लगाएं पैसा
एक सदाबहार डेट फंड लंबी अवधि में डेट साधन की क्षमता का दोहन करने के लिए उपयुक्त हो सकता है। डेट फंड की ऐसी श्रेणी को डायनॉमिक बॉन्ड फंड के रूप में जाना जाता है। यदि ब्याज दरें कम होने की उम्मीदें है, तो फंड मैनेजरों को अधिक लाभ पाने के लिए लंबी अवधि के बॉन्ड में निवेश करने की स्वतंत्रता है। एक निवेशक के रूप में, इस तरह के फंड में निवेश कॉल से लाभ उठाने के लिए कम से कम तीन साल या उससे अधिक समय तक निवेशित रहना आवश्यक है। यह मध्यम जोखिम क्षमता वाले निवेशकों के लिए उपयुक्त है।
इन हाउस मॉडल के आधार पर फैसला
फंड को जो चीज सबसे अलग बनाती है वह यह है कि पोर्टफोलियो कॉल को इन-हाउस मॉडल के आधार पर लिया जाता है। इसमें एक से दस साल की अवधि का प्रबंधन करने की क्षमता है। ड्यूरेशन कॉल के लिए फंड इन-हाउस मॉडल पर निर्भर करता है। यह इन-हाउस मॉडल ब्याज दरों, चालू खाता घाटा, राजकोषीय घाटा, ऋण वृद्धि आदि जैसे मैक्रो कारकों को ध्यान में रखता है। -अरुण कुमार, निदेशक, नागपाल इन्वेस्टमेंट