Diwali Demand Report: दिवाली पर उपभोक्ता खर्च 20 से 25% बढ़ती है; स्मार्टफोन, टीवी और फ्रीज की मांग ज्यादा
Diwali Demand Report: देश में त्योहारों शुरू हो चुके हैं। धनतेरस और दिवाली को लेकर शॉपिंग पूरी जोरों पर है। धनतरस-दिवाली की खरीदारी में आमतौर पर उपभोक्ता खर्च में 20 से 25 प्रतिशत की वृद्धि देखने को मिली है। यह इजाफा फैशन, ऑटोमोबाइल और उपभोक्ता इलेक्ट्रॉनिक्स के क्षेत्र में आकर्षक छूट और ऑफर के कारण होता है। हाल में जारी इंडियन रिटेल रिपोर्ट के अनुसार अगस्त से दिसंबर तक के त्योहारी महीने में वार्षिक बिक्री में लगभग 30-40 प्रतिशत का योगदान करते हैं। आइए जानते हैं त्योहारों के दौरान कौन सी चीजें सबसे ज्यादा डिमांडेबल होती हैं?
विस्तार
देश में त्योहारों का शुरू हो चुके हैं, धनतेरस और दिवाली को लेकर शॉपिंग पूरी जोरों पर है। धनतरस-दिवाली की खरीदारी में आमतौर पर उपभोक्ता खर्च में 20 से 25 प्रतिशत की वृद्धि देखने को मिलती है। यह इजाफा फैशन, ऑटोमोबाइल और उपभोक्ता इलेक्ट्रॉनिक्स के क्षेत्र में आकर्षक छूट और ऑफर के कारण होता है। हाल में जारी इंडियन रिटेल रिपोर्ट के अनुसार अगस्त से दिसंबर तक के त्योहारी महीने में वार्षिक बिक्री में लगभग 30-40 प्रतिशत का योगदान करते हैं। रिपोर्ट के अनुसार दिवाली की खरीदारी में सबसे अधिक स्मार्टफोन, टीवी, फ्रीज माइक्रोवेव ओवन की मांग सबसे अधिक होती है। वहीं, दूसरे स्थान पर ऑटोमोबाइल यानी कार और दोपहिया वाहनों की बिक्री होती है। इसके बाद परिधान और ज्वेलरी की बिक्री होती है।
स्मार्टफोन और लैपटॉप लोगों की पसंद
रिपोर्ट बताती है कि दिवाली पर लोग अपने नए फोन और लैपटॉप की खरीदारी करते हैं। इस समय लोग अपने पुराने फोन के बदले नए फोन लेते हैं। जिस पर उन्हें अच्छी डील और छूट भी मिलती है। कई बड़े ब्रांड इसके लिए अलग से ऑफर पेश करते हैं साथ ही नए लॉन्च भी इस बीच बढ़ते हैं। जिसकी वजह से बिक्री में तेजी होती है। दिवाली पर 200 प्रतिशत से अधिक बिक्री लैपटॉप और फोन की होती है। दिवाली के मौके पर कुछ कैटेगरी जो कि उपभोक्ता आवश्यक वस्तुएं हैं उसमें उछाल देखने को मिलता है, जिसमें स्मार्टफोन सबसे आगे हैं (200 प्रतिशत)। लैपटॉप और किचन अप्लायंसेज में भी उछाल (78 प्रतिशत तक) आता है।
दिवाली पर ऑटो मोबाइल की बिक्री
रिपोर्ट के अनुसार ग्राहक कार, मोटरसाइकल और स्कूटी खरीदने के लिए उचित ऑफर और छूट का इंतजार करते हैं। हालांकि इस प्रकार के ऑफर और छूट अब साल के कुछ दिनों तक चलती ही रहती हैं, लेकिन दिवाली और धनतेरस पर भारतीय कार या स्कूटी लेना शुभ मानते हैं। इस दौरान आटोमोबाइल यानी कार और दोपहिया वाहनों की 40 प्रतिशत तक बिक्री होती है। इसके बाद परिधान और ज्वेलरी की बिक्री होती है।
ज्वेलरी और परिधान
धनतेरस पर सोना -चांदी खरीदना शुभ माना जाता है, इसलिए इसकी बिक्री इस दौरान 40 प्रतिशत के आसपास होती है। हालांकि इस साल सोने की कीमतें उच्च स्तर पर हैं। रिपोर्ट के अनुसार सोने की ऊंची कीमत होने की वजह से उपभोक्ता चांदी की ओर रुख कर सकते हैं उम्मीद है कि चांदी के सिक्कों और उससे बनी वस्तुओं की बिक्री 35 प्रतिशत से अधिक बढ़ने की उम्मीद है। वहीं परिधानों की बिक्री विशेषकर फैशनेबल परिधानों की बिक्री 20 प्रतिशत अधिक हो सकती है है। हाल ही में ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर भारी भरकम छूट का फायदा ग्राहकों को मिला है।
उपभोक्ता छूट का लाभ उठाते हैं ग्राहक
कुछ ब्रांड के डेटा द्वारा उजागर करते हैं कि उपभोक्ता दिवाली छूट का लाभ उठाते हैं। 40 प्रतिशत उपभोक्ता लॉयल्टी प्रोग्राम का उपयोग करते हैं, 53 प्रतिशत ऑनलाइन समीक्षाओं पर भरोसा करते हैं और 54 प्रतिशत नए उत्पादों के बारे में जानकारी दोस्तों और परिवार के साथ साझा करते हैं। वहीं उच्च-मूल्य वाली वस्तुओं में को खरीदने के लिए जल्दबाजी उपभोक्ताओं में देखी गई है। जानकारों का कहना है कि छोटे शहरों में सबसे ज्यादा, फ्रिज के साथ फैशनेबल चीजों की खरीदारी दिवाली पर होती है। वहीं महानगरों में लोग कपड़े, फोन, कार में लक्जरी ब्रांड्स की खरीदारी करते हैं। देश में जिस प्रकार से डिस्पोजेबल आय बढ़ी है। उसकी वजह से कस्बो, और ग्रामीण क्षेत्रों से भी खरीदारी में तेजी आई है।