{"_id":"5f43667e8ebc3eabe945ff1b","slug":"common-use-items-tax-rates-come-down-in-the-pre-gst-era-says-ministry-of-finance","type":"story","status":"publish","title_hn":"GST में तेल, टूथपेस्ट व साबुन जैसी आम वस्तुओं पर कर हुआ कम: वित्त मंत्रालय","category":{"title":"Business Diary","title_hn":"बिज़नेस डायरी","slug":"business-diary"}}
GST में तेल, टूथपेस्ट व साबुन जैसी आम वस्तुओं पर कर हुआ कम: वित्त मंत्रालय
Mon, 24 Aug 2020 12:34 PM IST
डिंपल अलवधी
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: डिंपल अलवधी
Updated Mon, 24 Aug 2020 12:34 PM IST
विज्ञापन
जीएसटी
- फोटो : SELF
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
केंद्र सरकार ने वस्तु एवं सेवा कर (GST) के मोर्चे पर करदाताओं को बड़ी राहत दी है। वित्त मंत्रालय ने कहा कि रोजमर्रा में काम आने वाले उत्पाद जैसे बालों का तेल, टूथपेस्ट और साबुन जैसी आम उपयोग की वस्तुओं की कर दर पूर्व-जीएसटी युग के 29.3 फीसदी से कम होकर 18 फीसदी हो गई है।
विज्ञापन
Common-use items such as hair oil, toothpaste & soap have seen their tax rates come down from 29.3% in the pre-GST era to just 18% under GST: Ministry of Finance pic.twitter.com/UMfBJ039X4
— ANI (@ANI) August 24, 2020विज्ञापन
मंत्रालय ने कहा कि पहले 230 उत्पाद सबसे ऊंचे 28 फीसदी के कर स्लैब में आते थे। आज 28 फीसदी का स्लैब सिर्फ अहितकर और लग्जरी की वस्तुओं पर लगता है। इनमें से 200 उत्पादों को निचले कर स्लैब में स्थानांतरित किया गया है। मंत्रालय ने कहा कि आवास क्षेत्र पांच फीसदी के कर स्लैब के तहत आता है। वहीं सस्ते मकानों पर जीएसटी की दर को घटाकर एक फीसदी कर दिया गया है।
विज्ञापन
सिनेमा टिकट पर पहले 35 फीसदी से 110 फीसदी तक कर लगता था, लेकिन जीएसटी शासन में यह 12 फीसदी और 18 फीसदी तक है। दैनिक उपयोग की अधिकांश वस्तुएं शून्य या पांच फीसदी स्लैब में हैं।
फ्रिज, वॉशिंग मशीन, वैक्यूम क्लीनर, वुड ब्रेनर और मिक्सर, जूस निकालने वाली मशीन, शेवर, हेयर क्लिपर, वॉटर हीटर, हेयर ड्रायर, इलेक्ट्रिक स्मूथिंग आयरन, 32 इंच तक के टेलीविजन पर पहले कर की दर 31.3 फीसदी थी, अब ये उत्पाद 18 फीसदी के जीएसटी कर दायरे में हैं।