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AI: 'एआई अब साइंस फिक्शन नहीं, नौकरियों के लिए बन रहा खतरा', जानें एंथ्रोपिक सीईओ ने क्या दी चेतावनी

Sat, 06 Sep 2025 06:29 PM IST
रिया दुबे बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: रिया दुबे Updated Sat, 06 Sep 2025 06:29 PM IST
सार

एंथ्रोपिक के सीईओ डारियो अमोदेई ने एआई को लेकर एक बार फिर चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि एआई अगले पांच वर्षों में दफ्तरों में एंट्री-लेवल की आधी नौकरियां खत्म कर सकता है। इस बदलाव से बेरोजगारी दर 10 से 20 प्रतिशत तक पहुंच सकती है। उन्होंने उद्योग जगत और सरकारों पर आरोप लगाया कि वे कामकाजी लोगों पर आने वाले इस बड़े खतरे को हल्का दिखाने की कोशिश कर रहे हैं।

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AI is no longer science fiction, it is becoming a threat to jobs, know what Anthropic CEO warned
एंथ्रोपिक के सीईओ डारियो अमोदेई - फोटो : X (@DarioAmodei)

विस्तार

ऑर्टिफिशिय इंटेलिजेंस जल्द ही व्हाइट-कॉलर नौकरियों को खत्म कर सकता है। एआई कंपनी एंथ्रोपिक के सीईओ डारियो अमोदेई ने एक बार फिर यह चेतावनी दी है। अमोदेई ने भविष्यवाणी की कि आने वाले एक से पांच वर्षों में कानून, कंसल्टिंग, वित्त और प्रशासन जैसे क्षेत्रों में दोहराव वाले लेकिन विविध कार्य तेजी से कृत्रिम बुद्धिमत्ता के हवाले हो जाएंगे।

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एंट्री-लेवल नौकरियों में एआई निभा रही बड़ी भूमिका

उन्होंने कहा कि अगर हम शुरुआती स्तर की व्हाइट-कॉलर नौकरियों को देखें, जैसे लॉ फर्म में पहले साल के सहयोगी, तो उन्हें दस्तावेजों की समीक्षा करनी पड़ती है। यह काम बहुत दोहराव वाला है, लेकिन हर उदाहरण अलग होता है। यही वह क्षेत्र है, जहां एआई काफी सक्षम साबित हो सकता है। उनके मुताबिक, एआई की तेजी से बढ़ती क्षमताएं न सिर्फ इन क्षेत्रों की कार्यप्रणाली को बदल देंगी, बल्कि बड़े पैमाने पर नौकरियों की प्रकृति को भी प्रभावित करेंगी।

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बिजनेस लीडर्स एआई को वेतन कटौती के रूप में देख रहे

एंथ्रोपिक के प्रमुख ने आगे कहा कि बंद दरवाजों के पीछे, कई बिजनेस लीडर्स एआई को कर्मचारियों की संख्या बढ़ाने के बजाय वेतन में कटौती करने के तरीके के रूप में ज्यादा देखते हैं। उन्होंने कहा कि सच कहूं तो, उनमें से एक बड़ा हिस्सा इसका इस्तेमाल लागत कम करने और कम लोगों को रोजगार देने के लिए करना चाहेगा।



एआई अब कोई साइंस फिक्शन मूवी नहीं

अमोदेई ने कहा कि एआई अब कोई साइंस फिक्शन मूवी नहीं रह गई है, यह तकनीक आपके सामने है। उन्होंने तर्क दिया कि शुरुआती स्तर का काम में एआई पहले से ही बहुत अच्छा है और अब यह और बेहतर हो रहा है। उन्होंने कहा कि उनका आत्मविश्वास कई मुख्य कार्यकारी अधिकारियों के साथ हुई निजी बातचीत से उपजा है। वे लोग पहले से ही एआई सिस्टम शुरू कर चुके हैं और कर्मचारियों की संख्या कम करने की अपनी योजनाओं के बारे में खुलकर बात करते हैं।


अमोदेई  एआई को लेकर कई बार दे चुके हैं चेतावनी

यह पहली बार नहीं जब एंथ्रोपिक के सीईओ ने एआई को लेकर खतरे की बात न की हो। मई में उन्होंने कहा था कि एआई अगले पांच वर्षों में दफ्तरों में एंट्री-लेवल की आधी नौकरियां खत्म कर सकता है। उनके मुताबिक, इस बदलाव से बेरोजगारी दर 10 से 20 प्रतिशत तक पहुंच सकती है। उन्होंने उद्योग जगत और सरकारों पर आरोप लगाया कि वे कामकाजी लोगों पर आने वाले इस बड़े खतरे को हल्का दिखाने की कोशिश कर रहे हैं।

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AI is no longer science fiction, it is becoming a threat to jobs, know what Anthropic CEO warned
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : Adobestock

एक वर्ष के भीतर एआई पूरा कोड लिख सकता है

अमोदेई ने कहा कि यह जोखिम केवल एंट्री-लेवल की नौकरियों तक ही सीमित नहीं है। एआई तीन से छह महीनों के भीतर 90 प्रतिशत सॉफ्टवेयर कोड और एक वर्ष के भीतर पूरा कोड लिख सकता है। उन्होंने भविष्यवाणी की कि मानव इंजीनियरों को उच्च-स्तरीय डिजाइन मापदंडों को आकार देने तक सीमित कर दिया जाएगा। वहीं एआई दूसरी बारीकियों का ध्यान रखेगा। 

एआई को लेकर तकनीकी दिग्गजों की बंटी राय

इस विषय को लेकर कुछ तकनीकी दिग्गजों के विचार अलग हैं। एनवीडिया के प्रमुख जेन्सेन हुआंग ने अमोदेई के अनुमानों को खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि वे एंथ्रोपिक प्रमुख की लगभग हर बात से असहमत हैं और भविष्यवाणी करते हैं कि एआई भूमिकाओं को मिटाने के बजाय उन्हें नया रूप देगा।

इसी तरह, माइक्रोसॉफ्ट की अनुभव और उपकरणों की मुख्य उत्पाद अधिकारी, अपर्णा चेन्नाप्रगदा ने तर्क दिया कि कोडिंग अब पहले से कहीं ज्यादा महत्वपूर्ण हो गई है। उन्होंने जोर देकर कहा कि कई लोग कहते हैं कि कंप्यूटर साइंस पढ़ने का कोई मतलब नहीं है, कोडिंग तो खत्म हो गई है, लेकिन मैं इससे पूरी तरह असहमत हूं।

कार्यस्थल पर एआई के प्रभाव पर छिड़ी बहस

हालांकि, कुछ लोग अमोदेई के दृष्टिकोण का समर्थन कर रहे हैं। फोर्ड के सीईओ जिम फार्ले ने भविष्यवाणी की है कि एआई अमेरिका में आधे सफेदपोश कर्मचारियों की जगह ले सकता है। एआई को लेकर सबकी अपनी-अपनी राय है। लेकिन अगर अमोदेई का तर्क सही है तो इसने कार्यस्थल पर एआई के प्रभाव को लेकर बहस छेड़ दी है। 

 

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