{"_id":"59670dee4f1c1b641a8b45c2","slug":"10-reasons-why-sensex-nifty-soars-to-a-new-height","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"जीएसटी, महंगाई दर सहित इन 10 कारणों से बढ़ा सेंसेक्स, पहुंच सकता है 35 हजार के पार","category":{"title":"Bazar","title_hn":"बाज़ार","slug":"bazaar"}}
जीएसटी, महंगाई दर सहित इन 10 कारणों से बढ़ा सेंसेक्स, पहुंच सकता है 35 हजार के पार
amarujala.com- Written By: अनंत पालीवाल
Updated Mon, 17 Jul 2017 12:18 PM IST
विज्ञापन
शेयर मार्केट में आया तगड़ा उछाल
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गुरुवार को शेयर बाजार 32 हजार के पार पहुंच गया है। वहीं निफ्टी भी 9800 के स्तर से ऊपर चला गया है। सेंसेक्स और निफ्टी के अभी और आगे जाने की उम्मीद है।मार्केट एक्सपर्ट के मुताबिक सेंसेक्स में यह उछाल कई कारणों से देखने को मिला है।
खुदरा महंगाई दर में कमी, जीएसटी बना बड़ी वजह
सेंसेक्स और निफ्टी में यह तेजी आगे भी बनी रहेगी। मार्केट एक्सपर्ट के मुताबिक आने वाले समय में सेंसेक्स 35 हजार के पार पहुंच सकता है। इसके बाद इसमें कमजोरी देखने को मिलेगी।
एडवायजरी मंडी के सीईओ कौशलेंद्र सिंह सेंगर ने amarujala.com को बताया कि मार्केट में खुदरा महंगाई के सबसे निचले स्तर पर पहुंचना बड़ा कारण बना है। इसके साथ ही कंपनियों के अच्छे तिमाही नतीजों की वजह से भी असर देखने को मिला है। वहीं जीएसटी के लागू होने का असर आगे देखने को मिलेगा।
विज्ञापन
क्या आरबीआई अपनी ब्याज दरों में कटौती करेगा, इस सवाल पर कौशलेंद्र ने कहा कि ऐसा होना मुश्किल है। फिलहाल आरबीआई भी मार्केट सेंटीमेंट्स पर पूरी तरह से निगाह रखे हुए हैं, लेकिन सरकार का ब्याज दरों में कमी करने का दबाव भी काम नहीं कर रहा है। हो सकता है कि आगे चलकर के सेंट्रल बैंक इसमें कमी करे।
विज्ञापन
खुदरा महंगाई दर में कमी, जीएसटी बना बड़ी वजह
सेंसेक्स और निफ्टी में यह तेजी आगे भी बनी रहेगी। मार्केट एक्सपर्ट के मुताबिक आने वाले समय में सेंसेक्स 35 हजार के पार पहुंच सकता है। इसके बाद इसमें कमजोरी देखने को मिलेगी।
विज्ञापन
एडवायजरी मंडी के सीईओ कौशलेंद्र सिंह सेंगर ने amarujala.com को बताया कि मार्केट में खुदरा महंगाई के सबसे निचले स्तर पर पहुंचना बड़ा कारण बना है। इसके साथ ही कंपनियों के अच्छे तिमाही नतीजों की वजह से भी असर देखने को मिला है। वहीं जीएसटी के लागू होने का असर आगे देखने को मिलेगा।
विज्ञापन
क्या आरबीआई अपनी ब्याज दरों में कटौती करेगा, इस सवाल पर कौशलेंद्र ने कहा कि ऐसा होना मुश्किल है। फिलहाल आरबीआई भी मार्केट सेंटीमेंट्स पर पूरी तरह से निगाह रखे हुए हैं, लेकिन सरकार का ब्याज दरों में कमी करने का दबाव भी काम नहीं कर रहा है। हो सकता है कि आगे चलकर के सेंट्रल बैंक इसमें कमी करे।
जीएसटी से बदली भारत की ग्लोबल इमेज
gst
- फोटो : सोशल मीडिया
इकोनॉमिस्ट आकाश जिंदल ने कहा कि जीएसटी के लागू होने के बाद भारत की ग्लोबल इमेज काफी अच्छी हो गई है। इससे बाहर लोगों को लगने लगा है कि भारत में व्यापार करना काफी अच्छा हो गया है।
चीन से आगे आया भारत
जिंदल ने कहा कि जीएसटी के बाद अब भारत ने चीन को काफी पीछे कर दिया है। पिछले दो सालों में चीन भारत से काफी पीछे चला गया है। जीएसटी के बाद अब चीन भी भारत को फॉलो करने लगा है।
पीएम की विदेश यात्रा से बढ़ा विदेशी निवेशकों का भरोसा
पीएम नरेंद्र मोदी की ताबड़तोड़ विदेश यात्राओं से भी विदेशी निवेशकों का भरोसा भारत में काफी बढ़ गया है। इससे विदेशी निवेशक अब भारत में निवेश करने को काफी आतुर दिख रहे हैं, जिससे शेयर मार्केट में उछाल दिख रहा है।
चीन से आगे आया भारत
जिंदल ने कहा कि जीएसटी के बाद अब भारत ने चीन को काफी पीछे कर दिया है। पिछले दो सालों में चीन भारत से काफी पीछे चला गया है। जीएसटी के बाद अब चीन भी भारत को फॉलो करने लगा है।
पीएम की विदेश यात्रा से बढ़ा विदेशी निवेशकों का भरोसा
पीएम नरेंद्र मोदी की ताबड़तोड़ विदेश यात्राओं से भी विदेशी निवेशकों का भरोसा भारत में काफी बढ़ गया है। इससे विदेशी निवेशक अब भारत में निवेश करने को काफी आतुर दिख रहे हैं, जिससे शेयर मार्केट में उछाल दिख रहा है।
ट्रंप के साथ मुलाकात से अमेरिका के साथ संबंध सुधरे
मोदी ट्रंप
- फोटो : SELF
पीएम मोदी की अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात के बाद अमेरिका से संबंध काफी अच्छे हो गए हैं। हालांकि इनमें पहले जैसी गर्मजोशी नहीं है, लेकिन फिर भी अब अमेरिकी कंपनियां भारत में निवेश करने को तैयार हैं। गौरतलब है कि अमेरिका भारत में सबसे बड़ा निवेशक है, हालांकि इसमें ट्रंप के राष्ट्रपति बनने के बाद से थोड़ी कमी आ गई थी।
महंगाई दर में कमी से जीडीपी बढ़ेगा
जिंदल ने कहा कि महंगाई दर में कमी से जीडीपी को बल मिलेगा। महंगाई दर पांच साल के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गई है। इससे जीडीपी बढ़ेगी, जिससे सेंसेक्स के आगे और उछाल लेने की संभावना है।
आरबीआई करे दरों में कटौती
जिंदल ने कहा कि रिजर्व बैंक को हर हाल में इस बार जारी होने वाली मॉनेटरी पॉलिसी में दरों में आधा फीसदी तक की कटौती करे। ऐसा करने से लोगों को तो फायदा होगा, साथ ही साथ देश को भी आगे ले जाने में मदद मिलेगी। रेट कट करने के लिए ग्राउंड पूरी तरह से तैयार हो चुका है, जिससे अमली जामा पहनाने के लिए आरबीआई अब अपनी तरफ से पहल करे।
महंगाई दर में कमी से जीडीपी बढ़ेगा
जिंदल ने कहा कि महंगाई दर में कमी से जीडीपी को बल मिलेगा। महंगाई दर पांच साल के सबसे निचले स्तर पर पहुंच गई है। इससे जीडीपी बढ़ेगी, जिससे सेंसेक्स के आगे और उछाल लेने की संभावना है।
आरबीआई करे दरों में कटौती
जिंदल ने कहा कि रिजर्व बैंक को हर हाल में इस बार जारी होने वाली मॉनेटरी पॉलिसी में दरों में आधा फीसदी तक की कटौती करे। ऐसा करने से लोगों को तो फायदा होगा, साथ ही साथ देश को भी आगे ले जाने में मदद मिलेगी। रेट कट करने के लिए ग्राउंड पूरी तरह से तैयार हो चुका है, जिससे अमली जामा पहनाने के लिए आरबीआई अब अपनी तरफ से पहल करे।