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काम की खबर: जल्द निपटाएं जरूरी लेनदेन, आज रात 12 बजे से 14 घंटों के लिए नहीं मिलेगी RTGS की सुविधा

Sat, 17 Apr 2021 01:09 PM IST
‌डिंपल अलावाधी बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: ‌डिंपल अलावाधी Updated Sat, 17 Apr 2021 01:09 PM IST
सार

आज रात 12 बजे से 18 अप्रैल यानी कल दोपहर दो बजे तक ग्राहक रियल टाइम ग्रॉस सेट्लमेंट (आरटीजीएस) की सुविधा का लाभ नहीं उठा पाएंगे। आरटीजीएस की सुविधा 14 घंटे के लिए बंद रहेगी। 

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RBI Real Time Gross Settlement RTGS facility will not be be available for at least 14 hours know the timings
रियल टाइम ग्रॉस सेट्लमेंट (आरटीजीएस) - फोटो : pixabay

विस्तार

देश में डिजिटल लेनदेन तेजी से बढ़ रहा है। कोरोना काल में ज्यादा से ज्यादा लोग ऑनलाइन सुविधाओं का फायदा उठा रहे हैं। अगर आपको आज भी कोई जरूरी लेनदेन करना है, तो यह खबर आपके लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। ऐसा इसलिए क्योंकि आज रात 12 बजे से 18 अप्रैल यानी कल दोपहर दो बजे तक ग्राहक रियल टाइम ग्रॉस सेट्लमेंट (आरटीजीएस) की सुविधा का लाभ नहीं उठा पाएंगे। आरटीजीएस की सुविधा 14 घंटे के लिए बंद रहेगी। 

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आरटीजीएस को तकनीकी रूप से उन्नत किया जाएगा
इस संदर्भ में भारतीय रिजर्व बैंक ने कहा है कि 17 अप्रैल 2021 को कारोबार की समाप्ति के बाद आरटीजीएस प्रणाली की क्षमता को बेहतर बनाने तथा 'डिजास्टर रिकवरी' (आपदा सुधार) समय को और बेहतर बनाने के लिए आरटीजीएस को तकनीकी रूप से उन्नत किया जाएगा। आरबीआई ने कहा कि सदस्य बैंक अपने ग्राहकों को इसके अनुसार अपने भुगतान संचालन की योजना के लिए सूचित कर सकते हैं। बता दें कि आरटीजीएस सुविधा पिछले साल 14 दिसंबर से 24 घंटे उपलब्ध है। इसके साथ भारत उन गिने-चुने देशों में शामिल है, जहां यह सुविधा 24 घंटे काम करती है।
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अब आरटीजीएस व एनईएफटी के लिए बैंकों की जरूरत नहीं
इससे पहले अप्रैल में हुई मौद्रिक नीति समिति की समीक्षा बैठक में केंद्रीय बैंक ने एलान किया था कि अब ग्राहकों को रियल टाइम ग्रॉस सेटलमेंट सिस्टम और नेशनल इलेक्ट्रिक फंड ट्रांसफर (NEFT) के जरिए लेनदेन करने के लिए बैंकों के ऊपर पर निर्भर रहने की जरूरत नहीं है। केंद्रीय बैंक ने इसका दायरा बैंकों से आगे बढ़ा दिया है। शक्तिकांत दास ने एलान किया कि ये सुविधा अब नॉन बैंकिग पेमेंट सिस्टम ऑपरेटर्स भी दे सकेंगे। मालूम हो कि आरटीजीएस और एनईएफटी एक सेंट्रलाइज्ड पेमेंट सिस्टम है। लेकिन, अब नॉन-बैंक पेमेंट सिस्टम तक भी यह सुविधा दी जाएगी। यह प्रीपेड पेमेंट इस्ट्रूमेंट, कार्ड नेटवर्क्स, व्हाइट लेबल एटीएम ऑपरेटर्स, आदि तक बढ़ाई जा चुकी है।
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ग्राहकों के लिए निशुल्क है सुविधा
आरबीआई ने कहा कि इस सुविधा को बढ़ाने से वित्तीय सिस्टम में सेटलमेंट जोखिम को कम करने में मदद मिलेगी और साथ ही देश में डिजिटल वित्तीय सुविधाओं को बढ़ावा देने में भी मदद मिलेगी। इससे पहले छह जून 2019 को आरबीआई ने आम जनता को बड़ा तोहफा देते हुए आरटीजीएस व एनईएफटी को निशुल्क कर दिया था। सभी बैंकों में यह सुविधा 24 घंटे उपलब्ध है।


क्या है आरटीजीएस?
आरटीजीएस का मतलब है रियल टाइम ग्रॉस सेटलमेंट सिस्टम। 'रियल टाइम' का मतलब है तुरंत। मतलब जैसे ही आप पैसा ट्रांसफर करें, कुछ ही देर में वह खाते में पहुंच जाए। आरटीजीएस के जरिए जब आप लेनदेन करते हैं तो दूसरे खाते में तुरंत पैसा ट्रांसफर हो जाता है। इसके जरिए दो लाख रुपये से 10 लाख रुपये तक की राशि ट्रांसफर करने की सुविधा मिलती है।

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