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आरबीआई का फैसला: दो अमेरिकी बैंकों पर रोक, एक मई से नहीं जोड़ पाएंगे नए ग्राहक
Fri, 23 Apr 2021 07:50 PM IST
गौरव पाण्डेय
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: गौरव पाण्डेय
Updated Fri, 23 Apr 2021 07:50 PM IST
सार
केंद्रीय बैंक ने शुक्रवार को बयान में यह भी कहा है कि उसके इस आदेश से इन दोनों इकाइयों के मौजूदा ग्राहकों पर प्रभाव नहीं पड़ेगा। आंकड़ों और अन्य जानकारी के रखरखाव नियमों के उल्लंघन को लेकर यह पाबंदी लगाई गई है।
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भारतीय रिजर्व बैंक
- फोटो : पीटीआई (फाइल)
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विस्तार
भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने शुक्रवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए दो अमेरिकी बैंकों पर रोक लगा दी है। ये बैंक अमेरिकन एक्सप्रेस बैंकिंग कॉरपोरेशन और डाइनर्स क्लब हैं। आरबीआई ने एक बयान में कहा कि अमेरिकन एक्सप्रेस बैंकिंग कॉरपोरेशन और डाइनर्स क्लब को एक मई से नए ग्राहक जोड़ने से मना किया गया है।
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भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने अपने बयान में कहा है कि उसने अमेरिकन एक्सप्रेस बैंकिंग कॉरपोरेशन के साथ ही डाइनर्स क्लब इंटरनेशनल लिमिटेड को एक मई से नए घरेलू ग्राहकों को कार्ड जारी करने से प्रतिबंधित कर दिया है।
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आंकड़ों और अन्य जानकारी के रखरखाव नियमों के उल्लंघन को लेकर यह पाबंदी लगाई गई है। केंद्रीय बैंक ने शुक्रवार को बयान में यह भी कहा है कि उसके इस आदेश से इन दोनों इकाइयों के मौजूदा ग्राहकों पर प्रभाव नहीं पड़ेगा।
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अमेरिकन एक्सप्रेस बैंकिंग कॉरपोरेशन और डाइनर्स क्लब इंटरनेशनल लिमिटेड पेमेंट सिस्टम परिचालक हैं। दोनों देश में भुगतान और निपटान प्रणाली कानून 2007 (पीएसएस कानून) के तहत कार्ड नेटवर्क के परिचालन के लिए अधिकृत हैं।
आरबीआई ने अमेरिकन एक्सप्रेस बैंकिंग कॉरपोरेशन और डाइनर्स क्लब इंटरनेशनल पर यह पाबंदी 23 अप्रैल 2021 को जारी आदेश के तहत लगाई है। केंद्रीय बैंक ने कहा कि ये इकाइयां भुगतान प्रणाली से जुड़े आंकड़ों और सूचना भंडारण को लेकर निर्देशों का अनुपालन नहीं कर रही थीं।
उल्लेखनीय है कि अप्रैल 2018 में भुगतान व्यवस्था से जुड़े सभी सेवा प्रदाताओं को यह सुनिश्चित करने को कहा गया था कि उनके द्वारा परिचालित भुगतान प्रणाली से संबद्ध आंकड़े और जानकारी छह महीने के भीतर भारत में निर्धारित व्यवस्था में ही रखनी है।
उन्हें अनुपालन के बारे में आरबीआई को भी सूचित करना था। साथ ही सीईआरटी-इन (इंडियन कंप्यूटर एमरजेंसी रिस्पांस टीम) के पैनल में शामिल ऑडिटरों द्वारा किए गए सिस्टम ऑडिट रिपोर्ट निदेशक मंडल की मंजूरी के साथ जमा करनी थी।