यस बैंक के शेयर में 25 फीसदी का उछाल, SBI खरीद सकता है आर्थिक संकट में फंसे बैंक में हिस्सेदारी

बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Thu, 05 Mar 2020 12:00 PM IST
विज्ञापन
sbi and yes bank share price government may ask SBI to buy stake in YES Bank

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹249 + Free Coupon worth ₹200

ख़बर सुनें

सार

मुश्किल दौर से गुजर रहे यस बैंक में भारतीय स्टेट बैंक (SBI) हिस्सा खरीद सकता है।

विस्तार

सरकार यस बैंक के रेस्क्यू प्लान के लिए एसबीआई की योजना मंजूर कर सकती है। सरकार एसबीआई को यस बैंक में हिस्सा खरीदने के लिए कंसोर्शियम बनाने को कह सकती है। नकदी की किल्लत से जूझ रहे यस बैंक को जुलाई-सितंबर तिमाही में 629 करोड़ रुपये का घाटा हुआ था। 
विज्ञापन

बैंक के शेयर में जोरदार उछाल
इन खबरों के बाद यस बैंक के शेयर में जोरदार उछाल आया। दोपहर 12:08 बजे यस बैंक का शेयर 7.55 अंक यानी 25.77 फीसदी की तेजी के साथ 36.85 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। वहीं शुरुआती कारोबार में यह 29.40 के स्तर पर खुला था। पिछले कारोबारी दिन यस बैंक का शेयर 29.30 पर बंद हुआ था। वहीं भारतीय स्टेट बैंक की बात करें, तो इस दौरान इसमें 7.25 अंक यानी 2.54 फीसदी की बढ़त देखी गई थी और यह 292.55 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। वहीं शुरुआती कारबार में यह 290.90 के स्तर पर खुला था। 
एसबीआई चेयरमैन ने किया खंडन 
न्यूज एजेंसी ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, भारतीय स्टेट बैंक को इस कंसोर्शियम के दूसरे सदस्यों को भी चुनने का अधिकार दिया गया है। लेकिन एसबीआई के चेयरमैन रजनीश कुमार ने इन खबरों का खंडन किया है। रजनीश कुमार ने कहा है कि ये खबर सिर्फ अटकलों पर अधारित है।

दरअसल, यस बैंक आर्थिक संकट से गुजर रहा है और बैंक को फंड की सख्त जरूरत है। यस बैंक के फंड जुटाने की योजना के सामने रेगुलेटरी मुश्किलें भी हैं। मौजूदा समय में यह साफ नहीं है कि भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) यस बैंक में 74 फीसदी से ज्यादा विदेशी हिस्सेदारी की अनुमति देगा या नहीं। लेकिन रिपोर्ट के अनुसार, आरबीआई निवेश की अनुमति देने से पहले लॉक-इन कमिटमेंट चाहता है। यानी लेंडर कंपनी तय ब्याज दर और तय अवधि के लिए ही लोन देगी।

जनवरी में एसबीआई चेयरमैन ने दिया था बयान
इससे पहले जनवरी में एसबीआई के चेयरमैन रजनीश कुमार ने कहा था कि यस बैंक विफल नहीं होगा। यस बैंक की बैलेंस शीट 40 बिलियन डॉलर यानी 40 अरब डॉलर की है और यह बाजार में बेहद अहम है। उन्होंने कहा है कि, उन्हें भरोसा है कि इसका समाधान जरूर निकलेगा। यस बैंक का विफल होना भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए अच्छा नहीं होगा। उन्होंने यह तब कहा जब मीडिया रिपोर्ट्स में यह अटकलें लगाई जा रही थीं कि आर्थिक संकट से गुजर रहे यस बैंक को बचाने के लिए सरकार एसबीआई से कह सकती है। दिसंबर 2019 में रजनीश कुमार ने कहा था कि यस बैंक के लिए एसबीआई कुछ नहीं करेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और बजट 2020 से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us