Air India एसबीआई को बेचेगा मुंबई की दो प्रॉपर्टी, 50 हजार करोड़ का है लोन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
50 हजार करोड़ से अधिक के लोन से ऊबरने के लिए एयर इंडिया जल्द ही मुंबई में स्थित दो प्रॉपर्टी को बेचने जा रही है। इससे उसको 50 करोड़ रुपये मिलेंगे। एयर इंडिया अपनी ये दोनों प्रॉपर्टी स्टेट बैंक ऑफ इंडिया को बेचने जा रहा है, जिसके लिए बातचीत पूरी हो गई है।
एयर इंडिया को जल्द बेचेगी सरकार
जहां एक तरफ एयर इंडिया को बेचने के लिए सरकार ने अपनी तैयारी कर ली है, वहीं कंपनी भी अपनी ऐसी संपत्तियां बेच रही है, जो कि लंबे समय से खाली पड़ी हैं। लेकिन अभी तक एयर इंडिया इस तरह से मात्र 90 करोड़ रुपये जुटा सकी है।
पढ़ें- नीति आयोग ने 15 दिन में तैयार किया एयर इंडिया के मेकओवर का ब्लू प्रिंट
मुंबई में कंपनी ने अपने चार फ्लैट एसबीआई को बेच दिए हैं। ये प्रॉपर्टी दक्षिण मुंबई के पेद्दार रोड पर स्थित हैं। कंपनी के पास देश और विदेश में कई सारी आवासीय और कमर्शियल प्रॉपर्टी खाली पड़ी हैं।
वित्त मंत्रालय के डिपार्टमेंट ऑफ इन्वेस्टमेंट एंड पब्लिक असेट मैनेजमेंट (डीआईपीएएम) ने अखबार में विज्ञापन देकर के सलाहकार नियुक्त करने के लिए आवेदन मांगे थे। इन आवेदन को जमा करने की आखिरी तारीख 12 अक्टूबर थी।
तीन सलाहकारों की हुई नियुक्ति
विभाग एयर इंडिया के विनिवेश के लिए दो वित्तीय और एक कानूनी सलाहकारों की नियुक्ति कर दी गई है। ये सलाहकार एयर इंडिया का निजीकरण करने में सरकार की मदद करेंगे।
भारत सरकार ने एयर इंडिया समूह के प्रबंधन नियंत्रण के हस्तांतरण समेत इसकी हिस्सेदारी की रणनीतिक बिक्री के लिए विनिवेश करने का निर्णय लिया है। यह विनिवेश पूरे समूह या सहयोगी इकाइयों का हो सकता है या फिर पूरी अथवा सीमित हिस्सेदारी की बिक्री की जा सकती है।
इंवेस्टर और मर्चेंट बैंकर भी कर सकते हैं अप्लाई
जिन लोगों से इन पोस्ट के लिए आवेदन मांगे गए हैं, उनमें इंवेस्टर बैंकरों, मर्चेंट बैंकरों, वित्तीय संस्थान और बैंक शामिल हैं। मंत्रियों की एक समिति विनिवेश के तौर-तरीकों पर काम कर रही है।
एयर इंडिया के ऊपर 50 हजार करोड़ रुपये से अधिक का लोन है। आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति ने इसी साल जून में इसके रणनीतिक विनिवेश को मंजूरी दी है।