फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Automobiles News ›   Tesla Battery Shipment Thefts Rise in US: How Criminal Networks Exploit Supply Chain Gaps

Tesla: टेस्ला फैक्ट्रियों से गायब हो रहे हैं करोड़ों के बैटरी शिपमेंट, पुलिस ने कहा- यह अब बन चुका है महामारी

Sat, 04 Jul 2026 02:57 PM IST
Amar Sharma ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Amar Sharma Updated Sat, 04 Jul 2026 02:57 PM IST
सार

अमेरिका में Tesla की बैटरियों की खेप को निशाना बनाकर की जा रही कार्गो चोरी की घटनाओं ने कानून प्रवर्तन एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है। जांच अधिकारियों का कहना है कि संगठित आपराधिक गिरोह माल परिवहन प्रणाली की कमजोरियों का फायदा उठाकर इन वारदातों को अंजाम दे रहे हैं।

विज्ञापन
Tesla Battery Shipment Thefts Rise in US: How Criminal Networks Exploit Supply Chain Gaps
Tesla Batteries Theft - फोटो : Amar Ujala

विस्तार

दुनिया की सबसे बड़ी इलेक्ट्रिक कार निर्माता कंपनी टेस्ला (Tesla) इन दिनों एक बेहद अजीब और गंभीर संकट से जूझ रही है। अमेरिका के नेवादा राज्य में टेस्ला की कीमती बैटरियों के शिपमेंट को निशाना बनाने वाले 'कार्गो चोरों' (माल चुराने वाले गिरोहों) ने कानून प्रवर्तन एजेंसियों की नींद उड़ा दी है। जांचकर्ताओं का कहना है कि इन चोरियों के पीछे बेहद शातिर और आधुनिक आपराधिक नेटवर्क का हाथ है। जो माल ढुलाई और लॉजिस्टिक्स की कमियों का फायदा उठा रहे हैं। 

विज्ञापन

इस पूरे मामले की जांच का नेतृत्व कर रहे स्टोरी काउंटी के शेरिफ जासूस सैम हैटली ने वायर्ड (Wired) की एक रिपोर्ट में स्थिति को बयां करते हुए कहा, "यह इस समय एक महामारी बन चुका है।" उन्होंने बताया कि पुलिस ने जनवरी में एक चोरी के सिलसिले में तीन लोगों को गिरफ्तार किया था। और उन पर चोरी की संपत्ति रखने का गंभीर आरोप लगाया था। हालांकि, टेस्ला से जुड़ी कार्गो चोरियों की इस बड़ी कड़ियों की व्यापक जांच अभी भी जारी है।

विज्ञापन

इस हाई-टेक चोरी का दायरा कितना बड़ा है?

जांच के दौरान पुलिस को जो आंकड़े मिले हैं, वे इस संगठित अपराध के बड़े पैमाने की तरफ इशारा करते हैं:

  • 17 संदिग्ध चोरियों की जांच: 
    जासूस हैटली के अनुसार, जांचकर्ता इस साल स्टोरी काउंटी में टेस्ला और अन्य व्यवसायों से जुड़ी 17 कथित कार्गो चोरियों के मामलों को ट्रैक कर रहे हैं। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट रूप से यह बताने से इनकार कर दिया कि इनमें से कितनी चोरियां अकेले टेस्ला कंपनी में हुई हैं।

  • बैटरी रीसाइक्लर भी निशाने पर: 
    चोरों के इस रैकेट ने न केवल टेस्ला को लूटा, बल्कि बैटरी रीसाइक्लिंग करने वाली कंपनी 'रेडवुड मैटेरियल्स' को भी अपना निशाना बनाया।

  • अंडर-रिपोर्टिंग की आशंका: 
    जासूस हैटली ने चेतावनी दी कि सामने आए आंकड़े इस समस्या के वास्तविक पैमाने से कम हो सकते हैं। क्योंकि कंपनियां हमेशा अपने चोरी हुए शिपमेंट की रिपोर्ट पुलिस में दर्ज नहीं करवाती हैं।

Tesla Battery Shipment Thefts Rise in US: How Criminal Networks Exploit Supply Chain Gaps
Tesla Model Y - फोटो : Tesla

चोरी के लिए अपराधी कौन सा अनोखा तरीका अपना रहे हैं?

यह कोई साधारण चोरी नहीं है जहां चोर खड़े हुए ट्रकों का ताला तोड़कर माल उड़ा ले जाते हैं। यह पूरी तरह से एक 'स्ट्रेटेजिक' यानी रणनीतिक चोरी है। यहां जानते हैं इसकी अहम डिटेल्स:

  • सप्लाई चेन की कमजोरियों का फायदा: 
    चोरों के ये संगठित समूह लावारिस खड़े ट्रेलरों को चुराने के बजाय सीधे सप्लाई चेन सुरक्षा की खामियों पर वार करते हैं। वे सिस्टम के अंदर की कमियों को बारीकी से समझते हैं।

  • फर्जी पहचान पत्र: 
    टेस्ला के मामलों में कथित तौर पर फर्जी आईडी और नकली दस्तावेजों का इस्तेमाल किया गया। अपराधी नकली ड्राइवर या ट्रांसपोर्टर बनकर फैक्ट्रियों में दाखिल हो जाते हैं।

  • ट्रांसपोर्टिंग प्रक्रियाओं में चूक: 
    टेस्ला के उत्पादों को ले जाने वाली ट्रकिंग कंपनियों के काम करने के तरीकों और सुरक्षा प्रक्रियाओं में जो गैप (खामियां) थे, चोरों ने उनका बखूबी फायदा उठाया।

विज्ञापन

टेस्ला की लापरवाही पर कंपनी ने क्या कदम उठाए हैं?

ये सभी चोरियां स्टोरी काउंटी में हुईं, जहां पैनासोनिक के साथ मिलकर संचालित होने वाली टेस्ला की विशाल 54 लाख वर्ग फुट की गीगाफैक्ट्री मौजूद है। इस फैक्ट्री में लगभग 12,000 लोग काम करते हैं। शेरिफ के रिकॉर्ड्स इस लापरवाही और उसके बाद किए गए सुधारों की पूरी कहानी बताते हैं:

  • बेसिक सुरक्षा नियमों की अनदेखी:
    टेस्ला के एक एसोसिएट मैनेजर ने जांचकर्ताओं को बताया कि शुरुआत की कुछ चोरियां फैक्ट्रियों में बुनियादी सुरक्षा प्रक्रियाओं का पालन न करने के कारण हुईं।

  • सख्त प्रोटोकॉल लागू करना:
    इस झटके के बाद टेस्ला ने अपने नियमों को बेहद कड़ा कर दिया है। अब फैक्ट्री के मुख्य गेट पर ही ड्राइवरों की पहचान का बारीकी से सत्यापन किया जा रहा है।

  • चोरी की घटनाओं में कमी:
    जासूस हैटली ने माना कि इस कदम से निश्चित रूप से मदद मिल रही है। चोरियां अभी भी हो रही हैं, लेकिन अब उनकी रफ्तार और संख्या पहले जितनी अधिक नहीं है।

Tesla Battery Shipment Thefts Rise in US: How Criminal Networks Exploit Supply Chain Gaps
Tesla - फोटो : X

करोड़ों रुपये की बड़ी चोरियों का पूरा टाइमलाइन क्या है?

चोरों ने पिछले कुछ महीनों में सिलसिलेवार ढंग से टेस्ला की संपत्तियों पर हाथ साफ किया:

  • दिसंबर की पहली घटना:
    एक फर्जी लॉजिस्टिक्स कैरियर (फर्जी ट्रांसपोर्टर) ने टेस्ला की एक संपत्ति से दो ट्रेलरों को उड़ा लिया, जिनमें 4,75,000 डॉलर (लगभग पौने पांच लाख डॉलर) से अधिक कीमत के 'पॉवरवॉल 3' रेजिडेंशियल बैटरी सिस्टम लदे थे।

  • सस्ते दाम पर बैटरी बेचने की कोशिश:
    दिसंबर के ही एक अन्य मामले में कथित तौर पर चुराई गई टेस्ला कार बैटरियों को उत्तरी कैलिफोर्निया के एक ऑटो पार्ट्स डीलर को भारी डिस्काउंट पर बेचने की पेशकश की गई। शक होने पर उस डीलर ने तुरंत टेस्ला और पुलिस दोनों को सतर्क कर दिया। इसके बाद टेस्ला ने दिसंबर में एक और तथा जनवरी में नौ और चोरियों की रिपोर्ट दर्ज कराई।

  • 19 जनवरी का बड़ा कांड:
    123 पॉवरवॉल्स बैटरी से लदा एक ट्रेलर टेस्ला की हेवार्ड (कैलिफोर्निया) फैसिलिटी के लिए रवाना हुआ था, लेकिन वह कभी अपनी मंजिल पर पहुंचा ही नहीं।

  • लाखों डॉलर की अगली चोरियां:
    इसके ठीक अगले कुछ दिनों में दो और ट्रेलरों की चोरी कर ली गई, जिनमें से प्रत्येक में करीब 5,00,000 डॉलर (पांच लाख डॉलर) मूल्य के पॉवरवॉल्स सिस्टम मौजूद थे।

  • जीपीएस ट्रैकर और पुलिस का चूका हुआ दांव:
    एक मामले में पुलिस ने बरामद किए गए एक ट्रेलर पर गुप्त रूप से जीपीएस ट्रैकर लगा दिया था। ताकि जब संदिग्ध उसे दोबारा लेने आएं तो उन्हें रंगे हाथों पकड़ा जा सके। लेकिन पुलिस के इस प्लान पर पानी फिर गया क्योंकि टेस्ला के ही कुछ कर्मचारियों ने योजनाबद्ध ऑपरेशन शुरू होने से पहले ही उस ट्रेलर को खुद जाकर रिकवर कर लिया।

  • तुरंत पकड़े गए ट्रेलर:
    इसके अगले हफ्ते चोरी हुए दो अन्य ट्रेलरों को पुलिस ने बहुत जल्दी ढूंढ निकाला। क्योंकि उनके अंदर लगे इन-बिल्ट जीपीएस ट्रैकर्स एक्टिव थे और सही लोकेशन बता रहे थे।

यह पूरी स्थिति दर्शाती है कि अमेरिका में कार्गो चोरियों का यह बढ़ता जाल अब ईवी इंडस्ट्री के लिए एक बड़ा सिरदर्द बन चुका है। 
 

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें ऑटोमोबाइल समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। ऑटोमोबाइल जगत की अन्य खबरें जैसे लेटेस्ट कार न्यूज़, लेटेस्ट बाइक न्यूज़, सभी कार रिव्यू और बाइक रिव्यू आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed