{"_id":"5707a7774f1c1b2059c810c8","slug":"android-auto-now-available-in-india-and-17-other-countries","type":"story","status":"publish","title_hn":"भारत में लॉन्च हुआ गूगल का एंड्रॉयड ऑटो ऐप ","category":{"title":"Car Diary","title_hn":"कार डायरी","slug":"car-diary"}}
भारत में लॉन्च हुआ गूगल का एंड्रॉयड ऑटो ऐप
कारदेखो/नई दिल्ली
Updated Fri, 08 Apr 2016 06:13 PM IST
सार
- एंड्रॉयड ऑटो के जरिए एंड्रॉयड स्मार्टफोन के जरूरी फीचर्स को कार के टचस्क्रीन इंफोटेंमेंट सिस्टम पर इस्तेमाल किया जा सकता है।
- एंड्रॉयड ऑटो में आपको इंफोटेंमेंट सिस्टम पर केवल वही ऐप और नोटिफिकेशन मिलेंगे जिनकी आपको जरूरत है।
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
गूगल ने एंड्रॉयड ऑटो ऐप भारत समेत 18 देशों में लॉन्च कर दिया है। इसे सबसे पहले जून 2014 में सामने लाया गया था। इस इंटीग्रेशन ऐप के जरिए एंड्रॉयड टैबलेट और स्मार्टफोन को कार के टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम से कनेक्ट कर सकते हैं। भारत के अलावा रूस, ब्राजील, ऑस्ट्रिया, कोलंबिया और स्विटजरलैंड समेत कुछ और देश में भी एंड्रॉयड ऑटो को जारी किया गया है।
कैसे करेगा काम
एंड्रॉयड ऑटो के जरिए एंड्रॉयड स्मार्टफोन के जरूरी फीचर्स को कार के टचस्क्रीन इंफोटेंमेंट सिस्टम पर इस्तेमाल किया जा सकता है। यह मिररलिंक सिस्टम से एकदम अलग है। मिररलिंक, स्मार्टफोन की स्क्रीन को इंफोटेंमेंट सिस्टम पर दिखाता है।
एंड्रॉयड ऑटो में आपको इंफोटेंमेंट सिस्टम पर केवल वही ऐप और नोटिफिकेशन मिलेंगे जिनकी आपको जरूरत है। इनमें गूगल मैप्स, प्ले म्यूजिक ऐप, मैसेजिंग और कॉन्टेक्ट जैसी एप शामिल हैं। दिलचस्प बात यह है कि एंड्रॉयड ऑटो थर्ड पार्टी एप्स को भी सपोर्ट करेगा।
विज्ञापन
आपको क्या करना होगा ?
एंड्रॉयड ऑटो एप को प्ले स्टोर से डाउनलोड कर सकते हैं। यह एंड्रॉयड 5.0 और उसके बाद आए लॉलीपॉप और मार्शमैलो वर्जन को सपोर्ट करता है। इसके बाद आपको ऐसे इंफोटेंमेंट सिस्टम की जरुरत होगी जो एंड्रॉयड ऑटो फीचर को सपोर्ट करता हो।
देखें कैसे काम करता है एंड्रॉयड ऑटो
फिलहाल मारूति सुजुकी ने गूगल की प्रतियोगी कंपनी एप्पल के कारप्ले ऐप को एस क्रॉस, बलेनो और हाल ही में लॉन्च हुई विटारा ब्रेजा में दिया है। माना जा रहा है कि देश में एंड्रॉयड फोन यूजर्स की बड़ी तादाद को देखते हुए जल्द ही मारुति भी एंड्रॉयड ऑटो फीचर लाएगी। महिंद्रा पहली भारतीय कार कंपनी है जिसने पिछले साल एक्सयूवी-500 और स्कॉर्पियो में एंड्रॉयड ऑटो देने की घोषणा की थी।
हुंडई की नई एलांट्रा में भी एंड्रॉयड ऑटो और एपल कार-प्ले दोनों ही मिलने की उम्मीद है। अभी कुछ लग्जरी कारों में भी यह सुविधा दी गई है। जल्द ही हर नई कार में ये दोनों इंटीग्रेशन एप मिलने लगेंगी।
विज्ञापन
कैसे करेगा काम
एंड्रॉयड ऑटो के जरिए एंड्रॉयड स्मार्टफोन के जरूरी फीचर्स को कार के टचस्क्रीन इंफोटेंमेंट सिस्टम पर इस्तेमाल किया जा सकता है। यह मिररलिंक सिस्टम से एकदम अलग है। मिररलिंक, स्मार्टफोन की स्क्रीन को इंफोटेंमेंट सिस्टम पर दिखाता है।
विज्ञापन
एंड्रॉयड ऑटो में आपको इंफोटेंमेंट सिस्टम पर केवल वही ऐप और नोटिफिकेशन मिलेंगे जिनकी आपको जरूरत है। इनमें गूगल मैप्स, प्ले म्यूजिक ऐप, मैसेजिंग और कॉन्टेक्ट जैसी एप शामिल हैं। दिलचस्प बात यह है कि एंड्रॉयड ऑटो थर्ड पार्टी एप्स को भी सपोर्ट करेगा।
विज्ञापन
आपको क्या करना होगा ?
एंड्रॉयड ऑटो एप को प्ले स्टोर से डाउनलोड कर सकते हैं। यह एंड्रॉयड 5.0 और उसके बाद आए लॉलीपॉप और मार्शमैलो वर्जन को सपोर्ट करता है। इसके बाद आपको ऐसे इंफोटेंमेंट सिस्टम की जरुरत होगी जो एंड्रॉयड ऑटो फीचर को सपोर्ट करता हो।
देखें कैसे काम करता है एंड्रॉयड ऑटो
फिलहाल मारूति सुजुकी ने गूगल की प्रतियोगी कंपनी एप्पल के कारप्ले ऐप को एस क्रॉस, बलेनो और हाल ही में लॉन्च हुई विटारा ब्रेजा में दिया है। माना जा रहा है कि देश में एंड्रॉयड फोन यूजर्स की बड़ी तादाद को देखते हुए जल्द ही मारुति भी एंड्रॉयड ऑटो फीचर लाएगी। महिंद्रा पहली भारतीय कार कंपनी है जिसने पिछले साल एक्सयूवी-500 और स्कॉर्पियो में एंड्रॉयड ऑटो देने की घोषणा की थी।
हुंडई की नई एलांट्रा में भी एंड्रॉयड ऑटो और एपल कार-प्ले दोनों ही मिलने की उम्मीद है। अभी कुछ लग्जरी कारों में भी यह सुविधा दी गई है। जल्द ही हर नई कार में ये दोनों इंटीग्रेशन एप मिलने लगेंगी।