Chandra Grahan 2022: चंद्र ग्रहण हुआ समाप्त, ग्रहण समाप्त होने के बाद जरूर करें ये उपाय, मिलेगा शुभ फल
चंद्र ग्रहण खत्म हो जाने के बाद भी कई बातों का ध्यान रखना जरूरी है। चंद्र ग्रहण समाप्त होने के बाद श्राद्ध और दान करना फलदायी बताया गया है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार ग्रहण के प्रभाव को दूर करना चाहते हैं तो गंगाजल से छिड़काव और स्नान आदि से निवृत होकर मंदिर जरूर जाएं।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
Chandra Grahan ke baad Zarur karein ye Kaam: आज लगा चंद ग्रहण अब समाप्त हो चुका है। भारत में शाम 5 बजकर 20 मिनट पर चंद्र ग्रहण दिखना आरंभ हुआ था। यह चंद्र ग्रहण शाम 6 बजकर 19 मिनट पर समाप्त हो गया। साल के अंतिम चंद्र ग्रहण का भारत में मोक्ष काल नाज़ आया। यह साल का आखिरी चंद्र ग्रहण था। अब अगला पूर्ण चंद्र ग्रहण 7 सितंबर, 2025 को नजर आएगा, हालांकि इससे पहले अक्टूबर 2023 में, भारत में एक छोटा आंशिक ग्रहण भी देखा जा सकता है। भारत में ग्रहण का ज्योतिषीय और धार्मिक दोनों प्रकार के महत्व है। इस दौरान किसी भी प्रकार का शुभ कार्य निषेध माना जाता है। इतना ही नहीं इस दौरान भगवान की मूर्ति छूना और उनकी पूजा करना भी वर्जित है। लेकिन जैसे ही ग्रहण समाप्त हो हमें कुछ विशेष उपाय करने की जरूरत है जिससे चंद्र ग्रहण का नकारात्मक प्रभाव कम हो जाए। आइए जानते हैं ग्रहण के बाद क्या कार्य करने चाहिए।
Chandra Grahan 2022: भारत में भी दिखेगा आज साल का अंतिम चंद्र ग्रहण, जानें सूतक काल, उपाय और राशियों पर प्रभाव
ग्रहण के दौरान चंद्रमा की स्थिति
ग्रहण स्पर्श आरंभ: 08 नवंबर, दोपहर 02:39 मिनट पर
खग्रास आरंभ: दोपहर 03:46 मिनट
ग्रहण मध्य: दोपहर 04:29 मिनट पर
खग्रास समाप्त: सायं 05:12 मिनट पर
ग्रहण मोक्ष समाप्त: सायं 06:19 मिनट पर
चंद्र ग्रहण के बाद करें ये काम
- चंद्र ग्रहण के समाप्त होते ही सूतक भी खत्म हो जाता है।
- ग्रहण समाप्ति के बाद स्नान अवश्य करें, इसके बाद घर के हर कोने में गंगाजल का छिड़काव करें।
- धार्मिक मन है कि गंगाजल या किसी पवित्र नदी के जल का छिड़काव करने से ग्रहण से आई नकारात्मकता और इसके दुष्प्रभाव समाप्त हो जाते हैं।
- स्वयं स्नान करने के बाद देवी देवताओं को स्नान कराएं।
- अब भोजन या जो भी आपकी खाने पीने की चीजें हैं, उस पर गंगाजल छिड़कें।
- मंदिर अवश्य जाएं।
- इसके बाद जरूरतमंदों को कुछ वस्तुओं का दान करें।