मंच सजा था, कुर्सियां लगी थीं और कर्मचारी व्यवस्थाओं में जुटे थे, लेकिन शिविर सूना रहा। न तो शिविर में जिम्मेदार अधिकारी पहुंचे और न फरियादी। जन समस्याएं सुनने के लिए शुक्रवार गुप्तकाशी इंटर कॉलेज में आयोजित जनकल्याण शिविर में न तो अपेक्षित संख्या में ग्रामीण आए और न ही जिम्मेदार अधिकारी पहुंचे। नगर पंचायत अध्यक्ष विश्वेश्वरी देवी और अधिशासी अधिकारी भारत भूषण पंवार कर्मचारियों के साथ व्यवस्थाएं संभालते रहे, जबकि तहसील स्तर के अधिकारी कार्यक्रम में नहीं पहुंचे। स्थानीय लोगों का कहना है कि पर्याप्त प्रचार-प्रसार नहीं होने के कारण अधिकांश ग्रामीणों को शिविर की जानकारी ही नहीं मिल सकी। पूर्व प्रमुख ममता नौटियाल, सभासद गौरव रावत और पूर्व जिला पंचायत सदस्य गणेश तिवारी ने कहा कि बिना जनभागीदारी के ऐसे आयोजनों का उद्देश्य पूरा नहीं हो सकता। उनका कहना है कि पर्याप्त सूचना और तैयारी के अभाव में शिविर औपचारिकता बनकर रह गया।