कैलाश मानसरोवर यात्रा मार्ग पर तवाघाट-लिपुलेख सड़क के बुंदी और गर्ब्यांग गांवों के बीच बीआरओ की ओर से प्रस्तावित 1600 करोड़ की लागत से बनने वाली टनल के लिए की गई दूसरी बैठक भी बेनतीजा रही। शनिवार को बीआरओ के 65 आरसीसी ग्रिफ के डेट छियालेख में मेसर्स अल्टिनोक कंसल्टिंग इंजीनियर इंक, बीआरओ के अधिकारियों और दोनों ग्राम प्रधान और ग्रामीणों के साथ आयोजित हुई। ग्रामीणों ने भविष्य में टनल निर्माण कार्य से गांव को खतरा देखते हुए असहमति जताई। ग्रामीणों ने टनल के प्रस्तावित स्थल का विरोध करते हुए खोसा नामक जगह पर टनल बनाने की मांग उठाई। काफी देर चर्चा के बाद बैठक बिना किसी निष्कर्ष के समाप्त हो गई। इससे पहले पहली बैठक चार अप्रैल को हुई थी जिसमें ग्रामीणों ने प्रस्तावित टनल स्थल पर असहमति जताई थी। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि ग्रामीणों की ओर से असहमति पत्र मिलने पर उच्च अधिकारियों को भेजा जाएगा। उसके बाद आगे की कार्यवाही होगी। बैठक में कमांडर कर्नल प्रशांत सिंह, ओसी लेफ्टिनेंट कर्नल भावना चौकसे, मेमर्स अल्टिनोक कंसल्टिंग इंजीनियर के अधिकारी सहित ग्रामीण मौजूद रहे।