अलकनंदा हाइड्रो पावर परियोजना (जीवीके) कंपनी के मुख्य गेट पर मुआवजा भुगतान और अन्य मांगों को लेकर धरना दे रही महिलाओं को पुलिस बीते मंगलवार को कोतवाली ले आई थी। इसके बाद आंदोलनकारियों ने कोतवाली के एसएसआई कार्यालय में ही धरना शुरू कर दिया। बुधवार से भारत संवैधानिक अधिकार संरक्षण मंच के संयोजक दौलत कुंवर और आंदोलनकारी सरस्वती देवी भूख हड़ताल पर बैठ गए। दोनों ने कहा कि जब तक उनकी मांगें नहीं मानी जातीं, आंदोलन जारी रहेगा।