पॉक्सो अधिनियम-2012 के प्रति विद्यार्थियों और आमजन को जागरूक करने के लिए बुधवार को सेंट डोमिनिक स्कूल में विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसके बाद टैंक चौराहे पर वृंदावन लॉ कॉलेज के विद्यार्थियों ने नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत कर बाल सुरक्षा और अधिकारों का संदेश दिया। सेंट डोमिनिक स्कूल में जनपद न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष विकास कुमार ने विद्यार्थियों को पॉक्सो अधिनियम के प्रमुख प्रावधानों की सरल भाषा में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 18 वर्ष से कम आयु के प्रत्येक व्यक्ति को कानून की दृष्टि से बच्चा माना जाता है और बच्चों को यौन अपराधों से संरक्षण देने के लिए पॉक्सो अधिनियम बनाया गया है। उन्होंने विद्यार्थियों से अनुचित घटनाओं के प्रति सजग रहने और जरूरत पड़ने पर तत्काल सहायता लेने का आह्वान किया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव अनीता सिंह ने कहा कि असहज या असुरक्षित स्थिति में बच्चों को चुप नहीं रहना चाहिए। उन्हें अभिभावक, शिक्षक या किसी विश्वसनीय व्यक्ति से अपनी बात साझा करनी चाहिए। उन्होंने बताया कि विधिक सहायता के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण उपलब्ध है। कार्यक्रम में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट नितिन कुमार, अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट-रेलवे सूर्यभान कुमार वर्मा आदि मौजूद रहे।