ठाकुर धूम सिंह की याद में आयोजित महिला क्रिकेट प्रतियोगिता में सीनियर भारतीय महिला क्रिकेट टीम की खिलाड़ी नंदनी कश्यप मैच देखने के लिए पहुंची। यहां पर उन्होंने महिला खिलाड़ियों के साथ अपनी प्रेरणादायक यात्रा को साझा किया। उन्होंने खिलाड़ियों को कहा कि निरतर अभयास करने से ही सफलता मिलती है। उन्होंने बताया कि जब उन्होंने क्रिकेट खेलना शुरू किया था, तब उस समय ज्यादा महिला खिलाड़ी नहीं थी। उसके बाद भी उनके परिवार ने उनका साथ दिया और इस मुकाम पर पहुंचाया। उन्होंने बताया कि 2016 में जब वह 16 साल की थी, तो उनको लड़को के साथ ही उनको अभ्यास करना पड़ता था। जिस कारण उनको काफी परेशानी होती थी। कई बार उनको खेलने भी नहीं दिया जाता था और लड़कों के साथ प्रतियोगिताओं में खेलने के लिए जाना पड़ता था। उन्होंने बताया कि दूसरी जगह पर लड़को के साथ जाने में काफी दिक्कत आती थी, लेकिन अब हालात बदल चुके है। अब हर एक प्रदेश व जिले में लड़कियां क्रिकेट में आ रही है और उनके लिए प्रतियोगिताओं को आयोजन किया जाता है। उन्होंने 2023 और 2025 दोनों अंडर 19 टी 20 विश्व कप जीता है। उन्होंने बताया कि वह भारतीय क्रिकेटर जेमिमा रोड्रिग्स को अपना आदर्श मानती है। उन्होंने बताया कि भारतीय क्रिकेट टीम के लिए खेलते हुए उन्होंने काफी कुछ सीखने को मिला है। वह विकेट कीपिंग करते है और मैच में उनके ऊपर काफी दबाव होता है, लेकिन सीनियर खिलाड़ियों के साथ खेलते हुए उन्होंने अपने खेल में काफी सुधार किया है। उन्होंने बताया कि हर एक मैच में काफी शांत दिमाग से खेलना पड़ता है, क्योंकि जब भी एलबीडब्ल्यू की बात आती है, तो उनके ऊपर काफी दबाव होता है कि क्या करना चाहिए। ऐसे में दिमाग को काफी शांत रखना पड़ता है।