जींद। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) की लोकल कमेटी के आह्वान पर शुक्रवार को लघु सचिवालय के बाहर धरना देकर प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण एसआईआर को लेकर सवाल उठाए। प्रदर्शन के बाद नायब तहसीलदार के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया। धरने को सीपीआई (एम) राज्य सचिवमंडल सदस्य रमेश चंद्र, वरिष्ठ नेता प्रकाश चंद्र और जिला सचिव कपूर सिंह ने संबोधित किया। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची लोकतांत्रिक व्यवस्था की बुनियाद है। किसी योग्य मतदाता का नाम सूची से हटने पर उसके मतदान के अधिकार पर असर पड़ सकता है। इसलिए एसआईआर प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जानी चाहिए। उन्होंने 23 सितंबर को प्रकाशित इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने पिछले दस महीनों में चुनाव आयोग के कुछ फैसलों और आदेशों पर कम से कम 14 बार आपत्तियां दर्ज कीं। रिपोर्ट में ये आपत्तियां मतदाता पंजीकरण, नाम जोड़ने-हटाने, फॉर्म-6 और मतदाता डेटाबेस से जुड़े मामलों को लेकर बताई गई हैं। इस अवसर पर वेद प्रकाश अलेवा, सुरेश करसोला, महावीर सिंह, उत्तम बनर्जी, पवन कुमार, रणबीर सिंह, जोगिंद्र सिंह, राजकुमार, धर्मबीर, दीनदयाल, गुलाब सिंह, अक्षय और सचेत समेत पार्टी के कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।