ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी को रद्द करने की मांग को लेकर सरकारी अस्पतालों के नर्सिंग स्टाफ की दो घंटे की सांकेतिक हड़ताल मंगलवार को दूसरे दिन भी जारी रही। बहादुरगढ़ के नागरिक अस्पताल में नर्सिंग स्टाफ ने हड़ताल कर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी को वापस लेने की मांग उठाई। नर्सिंग स्टाफ का कहना है कि पॉलिसी के कारण कर्मचारियों, खासकर महिला नर्सिंग स्टाफ को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि नर्सिंग विभाग में 95 प्रतिशत से अधिक कर्मचारी महिलाएं हैं। ऐसे में दूर-दराज के स्थानों पर तबादला होने से उनके सामने आवागमन के साथ-साथ परिवार की जिम्मेदारियों से जुड़ी दिक्कतें भी बढ़ जाती हैं। कर्मचारियों ने बताया कि सीएचसी और पीएचसी स्तर पर नर्सिंग स्टाफ के लिए पर्याप्त सरकारी आवास की सुविधा भी उपलब्ध नहीं है। ऐसे में दूर के स्वास्थ्य केंद्रों पर ड्यूटी लगने से उन्हें रोजाना लंबा सफर करना पड़ सकता है। नर्सिंग स्टाफ ने कहा कि वह इस मांग को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के नेताओं से भी बातचीत कर चुके हैं, लेकिन अभी तक उनकी समस्या का समाधान नहीं हुआ है। कर्मचारियों ने सरकार से ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी को रद्द करने की मांग दोहराई। नर्सिंग स्टाफ के अनुसार दो घंटे की सांकेतिक हड़ताल 7 अक्टूबर तक जारी रहेगी। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया तो आंदोलन को आगे बढ़ाया जा सकता है।