गांव रायपुर ढाणी के सरपंच पद के लिए बहुमत साबित करने को लेकर ग्रामीणों ने विरोध किया। ग्रामीणों ने कहा कि गांव के निलंबित सरपंच को बचाने के लिए एक साजिश के तहत उसके चहेते पंच को सरपंच का कार्यभार दिया गया है। गांव के पंचों व ग्रामीणों ने डीसी को एक शिकायत पत्र सौंपकर मामले की जांच की मांग की। बहुमत वाले पंच को चार्ज देने का अनुरोध किया। ग्रामीणों ने बताया कि 29जनवरी 2025 को हमारे गांव रायपुर ढाणी के सरपंच मदन को निलंबित किया गया था। डीसी के आदेश पर सरपंच को निलंबित किया गया था। गांव का नया सरपंच चुनने के लिए गांव के सभी पंचों को 18 मार्च को हिसार बीडीपीओ कार्यालय में बुलाया गया था। गांव रायपुर ढाणी के पंचों ने बताया कि हमें 10 बजे बुलाया गया था। जिसमें गांव के बहुमत वाले पंच को सरपंच का चार्ज सौंपा जाना था। हम पौने दस बजे यहां बीडीपीओ कार्यालय पहुंचे तो हमें बताया गया कि सरपंच का चुनाव कर लिया गया है। गांव के सभी 9 पंच में से 5 पंच साधुराम को सरपंच का चार्ज देने के पक्ष में थे। अधिकारियों ने मिलीभगत कर विक्रम को सरपंच का चार्ज दिला दिया है। गांव के पंचों का आरोप है कि एक पंच को गुमराह कर धोखे से यह काम कराया गया है। इस मौके पर पंच रमेश, रोहताश, पूजा, शकुंतला, पूनम उपस्थित रहे।