जिस परियोजना को 24 महीने में पूरा होना चाहिए था वह 48 महीने बाद भी पूरी नहीं हो सकी। डेडलाइन पूरी होने के 29 माह बाद भी बीएंडआर विभाग बाल सुधार गृह का भवन तैयार नहीं कर सका है। पिछले करीब 4 साल से ज्यादा समय से 8 जिलों के लोग इसका खामियाजा भुगत रहे हैं। प्रोजेक्ट का खर्च लगभग दोगुना हो चुका है। निर्माण एजेंसी पीडब्ल्यूडी ने इस परियोजना के लिए 27 करोड़ रुपये का बजट आकलन किया था। अब परियोजना का बजट 45 करोड़ हो चुका है। बजट न मिलने पर पीडब्ल्यूडी ने काम बंद कर दिया है। सिरसा रोड पर बना बाल सुधार गृह का पुराना भवन एयरपोर्ट की हवाई पट्टी के दायरे में आने पर उसे तोड़ दिया गया था। नया भवन बीड़ गांव में राणा माइनर के पास बनाने का प्रस्ताव बनाया गया। बीएंडआर विभाग की ओर से अधिकृत एजेंसी ने जुलाई 2021 में भवन का निर्माण कार्य शुरू किया था। टेंडर की शर्त के अनुसार जुलाई 2023 में भवन तैयार हो जाना था। इस भवन की क्षमता 150 रखी गई है। इस नए भवन में बाल अपचारियों के लिए कमरों के अलावा योग कक्ष, क्लास रूम, पुस्तकालय की सुविधा उपलब्ध होगी। बाल सुधार गृह परिसर में तीन स्टाफ क्वार्टर भी बनाए जाने हैं।