रतिया। नागरिक अस्पताल में नशामुक्ति के इलाज में लापरवाही के आरोप लगे हैं। महा शक्ति चेरिटेबल ट्रस्ट के सदस्य शर्मा चंद लाली ने यह आरोप लगाए हैं। हालांकि, अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर भरत ने इन आरोपों को निराधार बताया है। शर्मा चंद लाली ने बताया कि उन्होंने एक युवक को नशामुक्ति के लिए अस्पताल में भर्ती करवाया था। उन्होंने आरोप लगाया कि स्टाफ द्वारा सही उपचार न दिए जाने के कारण मरीज स्वयं घर चला गया। लाली ने कहा, नशे की गिरफ्त में फंसे किसी युवा को इलाज के लिए तैयार करना आसान नहीं होता। उन्होंने नशामुक्ति केंद्रों में पर्याप्त स्टाफ और मरीजों की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने की मांग की। इस संबंध में रतिया सिविल अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर भरत ने आरोपों को निराधार बताया। उन्होंने कहा, मरीज को निर्धारित उपचार दिया गया था। वह खुद अपनी तरफ से अस्पताल से चला गया था। डॉक्टर भरत ने अस्पताल स्टाफ पर लापरवाही के आरोपों को तथ्यहीन बताया। निगरानी और सहयोग की आवश्यकत : शर्मा चंद लाली ने नशामुक्ति केंद्रों की व्यवस्थाओं पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि दाखिल मरीजों की पर्याप्त निगरानी जरूरी है। लाली ने प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग से पर्याप्त स्टाफ उपलब्ध कराने की मांग की। उन्होंने मरीजों के साथ संवेदनशील और सहयोगपूर्ण व्यवहार करने की भी अपील की।