छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में फॉरेक्स और ट्रेडिंग की ट्रेनिंग देने वाला संस्थान खोलने तथा उसमें निवेश करने पर अच्छा मुनाफा दिलाने का झांसा देकर लाखों रुपये की ठगी करने का मामला सामने आया है। सुपेला थाना पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए आरोपी मीनल चौहान को नागपुर से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के पास से एक कार भी बरामद की है। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया। पुलिस के मुताबिक, प्रार्थी अक्षय राठौर कृषि व्यवसाय से जुड़े हैं। एक परिचित के माध्यम से उनकी पहचान मीनल चौहान से हुई थी। मीनल ने उन्हें बताया था कि रायपुर के बीआईए चौक स्थित करंसी टावर में फिनविजन और फिनविजन ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट के नाम से फॉरेक्स और ट्रेडिंग की ट्रेनिंग देने वाला संस्थान शुरू किया जा रहा है। आरोपी ने प्रार्थी को संस्थान में निवेश करने पर अच्छा मुनाफा मिलने का भरोसा दिलाया था। आरोप है कि दिसंबर 2025 से जून 2026 के बीच संस्थान के संचालन और अन्य खर्चों के नाम पर प्रार्थी से अलग-अलग बैंक खातों में कुल 21 लाख 96 हजार 675 रुपये लिए गए। रकम का इस्तेमाल कर्मचारियों के वेतन, कार्यालय के किराए, रखरखाव, विज्ञापन, सोशल मीडिया प्रचार और अन्य जरूरी खर्चों के लिए किए जाने की बात कही गई थी। आरोपी ने प्रार्थी को 3 लाख 33 हजार रुपये वापस कर दिए, लेकिन शेष 18 लाख 63 हजार 675 रुपये नहीं लौटाए। काफी समय तक रकम वापस नहीं मिलने पर प्रार्थी ने पुलिस से शिकायत की। प्रार्थी अक्षय राठौर ने 18 सितंबर 2026 को सुपेला थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। आरोपी की तलाश के दौरान पुलिस ने मोबाइल लोकेशन के आधार पर मीनल चौहान का पता लगाया और उसे नागपुर से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक कार बरामद की है। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया। मामले में पुलिस आगे की वैधानिक कार्रवाई कर रही है। पुलिस ने ठगी के आरोपी को नागपुर से किया गिरफ्तार।- फोटो : credit