विदेश के समाचार: यूएन के मंच पर शहबाज शरीफ का कश्मीर राग; कांगो में विमान हादसा, अफसरों समेत 13 की मौत
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने शुक्रवार को संयुक्त राष्ट्र महासभा में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को भारत के साथ 2025 के संघर्ष में "समय पर हस्तक्षेप" का श्रेय दिया। उन्होंने अपने संबोधन में कश्मीर का मुद्दा भी उठाया। पिछले साल 22 अप्रैल के पहलगाम हमले (26 नागरिक मारे गए) के जवाब में भारत ने 7 मई को ऑपरेशन सिंदूर लॉन्च किया था। ट्रंप ने युद्ध रोकने का दावा किया, पर भारत ने तीसरे पक्ष के हस्तक्षेप से इन्कार किया है। शरीफ ने ट्रंप के "दृढ़ और दूरदर्शी नेतृत्व" की सराहना की, कहा कि उनके हस्तक्षेप से लाखों जानें बचीं। उन्होंने कश्मीर मुद्दे के "उचित और निष्पक्ष समाधान" की मांग की। भारत ने पाकिस्तान के कश्मीर संबंधी दावों को खारिज किया है, यह कहते हुए कि जम्मू और कश्मीर उसका अभिन्न अंग है। शरीफ ने सिंधु जल संधि (IWT) पर भी बात की, जिसे भारत ने आतंकवाद का समर्थन बंद होने तक निलंबित रखा है। उन्होंने पश्चिम एशिया में अमेरिका और ईरान के बीच शांति स्थापित करने के पाकिस्तान के प्रयासों का भी उल्लेख किया। शरीफ ने फील्ड मार्शल आसिम मुनीर को उनके "अथक प्रयासों" के लिए धन्यवाद दिया।
कांगो में सैन्य विमान दुर्घटनाग्रस्त, तीन अधिकारियों समेत 13 की मौत
लोकतांत्रिक गणराज्य कांगो में शुक्रवार को एक सैन्य विमान के दुर्घटनाग्रस्त होने से तीन सेना अधिकारियों सहित 13 लोगों की मौत हो गई। क्वांगो प्रांत के उप गवर्नर रेमी साकी बोकिंडा ने बताया कि यह विमान दक्षिण-पश्चिमी शहर किकविट से राजधानी किंशासा की ओर जा रहा था। रास्ते में विमान में तकनीकी खराबी आ गई, जिसके बाद पायलट ने क्वांगो प्रांत के केंगे में इसे उतारने का प्रयास किया। उप गवर्नर ने बताया कि केंगे में कोई उचित हवाई पट्टी न होने के कारण विमान सीधे एक आवासीय भूखंड (रिहायशी इलाके) में जा गिरा। हादसे के शिकार हुए लोगों में सेना के ऑडिटर जनरल मेजर जनरल लिकुलिया बाकुमी के अलावा एक मेजर, एक कप्तान, अन्य सैन्यकर्मी और कुछ नागरिक शामिल थे।
मोरक्को चुनाव: ऑथेंटिसिटी एंड मॉडर्निटी पार्टी ने जीतीं सबसे अधिक 97 सीटें
मोरक्को के संसदीय चुनाव में ऑथेंटिसिटी एंड मॉडर्निटी पार्टी ने सबसे अधिक सीटें हासिल की हैं। आंतरिक मंत्रालय द्वारा शुक्रवार को घोषित अंतिम परिणामों के अनुसार, पार्टी ने प्रतिनिधि सभा की 395 में से 97 सीटें जीतीं। यह पार्टी किंग मोहम्मद VI के करीबी एक शाही सलाहकार ने स्थापित की थी। पार्टी को पूर्ण बहुमत नहीं मिला है। सरकार बनाने के लिए उसे अन्य दलों के साथ बातचीत करनी होगी। यह चुनाव युवाओं में बढ़ती निराशा से प्रभावित था। समृद्ध अर्थव्यवस्था के बावजूद देश में बेरोजगारी अधिक है। लोगों ने बेहतर स्कूलों, अस्पतालों और आवास की मांग की थी।