वर्ल्ड डायरी: चेक गणराज्य में 'स्वतंत्र मीडिया' मुद्दे पर आक्रोश; बुल्गारिया राष्ट्रपति चुनाव के नतीजे अस्पष्ट
यूरोपीय देश चेक गणराज्य में रविवार को हजारों लोगों ने आंद्रेज बाबीश सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया, जो सार्वजनिक मीडिया के वित्तपोषण में बदलाव की योजना के विरोध में था। प्रदर्शनकारियों का मानना है कि यह योजना मीडिया की स्वतंत्रता के लिए खतरनाक है। सरकार ने दो दिन पहले संसद में इस योजना को जल्दबाजी में पारित किया, जिससे विपक्ष नाराज है। सुबह 4:36 बजे हुए मतदान में मसौदे को मंजूरी मिली। प्रदर्शनकारियों ने मसौदा वापस लेने और सार्वजनिक बहस की मांग की। नई योजना के तहत, सार्वजनिक मीडिया को राज्य बजट से करीब 15 फीसदी कम धन मिलेगा। आलोचकों का कहना है कि इससे सरकार को मीडिया पर नियंत्रण मिलेगा। सार्वजनिक मीडिया के कर्मचारी 3 नवंबर को हड़ताल पर जाएंगे। प्रदर्शनकारियों ने 15 नवंबर को प्राग के लेट्ना पार्क में एक और रैली करेंगे।
बुल्गारिया राष्ट्रपति चुनाव: कम वोटिंग के कारण नतीजे स्पष्ट नहीं, अब एक नवंबर को रनऑफ
बुल्गारिया में हुए राष्ट्रपति चुनाव में किसी को भी स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है। रविवार को बिना किसी नतीजे के खत्म हुए चुनावों के बाद अब अगले राष्ट्राध्यक्ष का चुनाव रनऑफ से होगा। इस चुनाव में सबसे कम वोटिंग का रिकॉर्ड भी बना है। इस पर जानकारों का मानना है कि नेताओं पर जनता का अविश्वास बढ़ा है। ऐसे में मतदाता इस चुनाव में दिलचस्पी नहीं लेते हुए बेपरवाह दिखे। अब एक नवंबर को होने वाले रनऑफ में वेस्टर्न सपोर्टर रिफॉर्मिस्ट विपक्ष के कैंडिडेट आंद्रे ग्यूरोव का मुकाबला मौजूदा लेफ्टिस्ट प्रेसिडेंट इलियाना योतोवा से होगा। भावी नेतृत्व कैसा होगा इससे बुल्गारिया का दूसरे देशों के साथ रिश्तों पर भी असर होगा। रिपोर्ट के मुताबिक चुनाव में ध्रुवीकरण के कारण दो अलग-अलग राजनीतिक विचारधाराएं एक-दूसरे के खिलाफ खड़ी हैं।