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World: कांगो में इबोला के मामले बढ़कर 710 हुए, अब तक 149 की मौत; लॉकडाउन को लेकर ये बोली सरकार

Sun, 14 Jun 2026 03:43 PM IST
नितिन गौतम वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला Published by: नितिन गौतम Updated Sun, 14 Jun 2026 03:43 PM IST
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दुनिया की बड़ी खबरें - फोटो : amar ujala graphics
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार को घोषणा की कि वह अपने निजी वकीलों में से एक जेम्स एम. मैकडोनाल्ड को मैनहट्टन के शीर्ष संघीय अभियोजक के पद पर नियुक्त करेंगे। दरअसल वर्तमान पदाधिकारी जे क्लेटन को ट्रंप ने राष्ट्रीय खुफिया निदेशक (डीएनआई) पद के लिए नामित किया है।
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मैकडोनाल्ड इससे पहले उसी संघीय अभियोजक कार्यालय में अभियोजक रह चुके हैं, जिसकी अब उन्हें कमान सौंपी जा रही है। ट्रंप के पहले कार्यकाल में उन्होंने वित्तीय नियामक के रूप में भी काम किया था। इसके अलावा, राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू. बुश के प्रशासन में वह व्हाइट हाउस काउंसिल कार्यालय से भी जुड़े रहे थे।
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वर्तमान में प्रतिष्ठित लॉ फर्म सुलिवन एंड क्रॉमवेल में साझेदार मैकडोनाल्ड, न्यूयॉर्क में ट्रंप के खिलाफ ‘हश मनी’ मामले में हुई आपराधिक दोषसिद्धि के खिलाफ दायर अपील की कानूनी टीम का भी हिस्सा हैं। यह मामला 2016 के राष्ट्रपति चुनाव अभियान के दौरान एडल्ट फिल्म अभिनेत्री स्टॉर्मी डेनियल्स को किए गए भुगतान से जुड़ा है।
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ट्रंप ने कहा कि वह मैकडोनाल्ड को न्यूयॉर्क के दक्षिणी जिले (सदर्न डिस्ट्रिक्ट ऑफ न्यूयॉर्क - SDNY) का यूएस अटॉर्नी नियुक्त करेंगे। यह न्याय विभाग के सबसे प्रभावशाली पदों में से एक माना जाता है। इस पद पर रहते हुए मैकडोनाल्ड आतंकवाद, जासूसी, प्रतिभूति धोखाधड़ी और सार्वजनिक भ्रष्टाचार जैसे महत्वपूर्ण मामलों की निगरानी करेंगे।

कांगो में इबोला के मामले बढ़कर 710 हुए, अब तक 149 की मौत

डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो (डीआरसी) में इबोला के मामलों की संख्या बढ़कर 710 हो गई है, जिनमें 149 लोगों की मौत हो चुकी है। कांगो के स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, इस बीमारी में मृत्यु दर 21.0 प्रतिशत है। कुल 324 मरीज या तो आइसोलेशन में हैं या अस्पताल में भर्ती हैं जबकि 35 लोग ठीक हो चुके हैं। वहीं सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रही लॉकडाउन की अफवाहों को स्वास्थ्य मंत्रालय ने खारिज किया। मंत्रालय ने कहा कि सरकार, प्रांतीय प्रशासन, सहयोगी संस्थाएं और स्थानीय समुदाय मिलकर लगातार स्वास्थ्य संबंधी कदम उठा रहे हैं, ताकि संक्रमण की श्रृंखला को तोड़ा जा सके और लोगों को सुरक्षित रखा जा सके।

मंत्रालय ने यह भी साफ किया कि प्रभावित इलाकों में कोई लॉकडाउन नहीं लगाया गया है और न ही ऐसी कोई योजना है। लोगों से अपील की गई है कि वे बिना पुष्टि वाली अफवाहें न फैलाएं और केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करें। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने शनिवार को जारी अपनी एक रिपोर्ट में कहा कि डीआरसी में यह प्रकोप तेजी से बढ़ रहा है और मामले और प्रभावित क्षेत्रों दोनों में बढ़ोतरी हो रही है।
 

पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा में तेज बारिश और आंधी का कहर, सात लोगों की मौत

पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में पिछले 24 घंटों के दौरान तेज हवा, बिजली गिरने और भारी बारिश के कारण हुए हादसों में सात लोगों की मौत हो गई, जबकि 33 लोग घायल हो गए। पाकिस्तान के समाचार चैनल जियो न्यूज के अनुसार, प्रोविंशियल डिजास्टर मैनेजमेंट अथॉरिटी (पीडीएमए) की रिपोर्ट के मुताबिक, बन्नू, शांगला और मानसेहरा जिलों में हुई इन घटनाओं में मरने वालों में चार पुरुष, एक महिला और दो बच्चे शामिल हैं। तेज हवाओं और भारी बारिश के कारण कई घरों की दीवारें और छतें गिर गईं, जिससे ये हादसे हुए।

पाकिस्तान मौसम विभाग ने कहा है कि रविवार को ऊपरी खैबर पख्तूनख्वा और पाकिस्तान के कब्जे वाले गिलगित-बाल्टिस्तान (पीओजीबी) तथा पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) के कई इलाकों में और बारिश होने की संभावना है। विभाग के अनुसार, पाकिस्तान के बाकी हिस्सों में मौसम गर्म और शुष्क रहने की उम्मीद है।

पिछले सप्ताह प्रकाशित एक रिपोर्ट में कहा गया था कि पाकिस्तान में हाल ही में आए तूफानों और बारिश का यह दौर पहले से अनुमानित था, फिर भी इसने तैयारियों और वास्तविक कार्रवाई के बीच की कमी को उजागर कर दिया। रिपोर्ट के अनुसार, बार-बार होने वाली ऐसी परेशानियां दिखाती हैं कि अगर ठोस कदम नहीं उठाए गए तो यह सिलसिला आगे भी जारी रहेगा।

'ईट्रुथ एमवी' की रिपोर्ट के अनुसार, नेशनल डिजास्टर मैनेजमेंट अथॉरिटी (एनडीएमए) ने पहले ही इस बारिश और आंधी-तूफान के दौर की चेतावनी जारी कर दी थी और कई क्षेत्रों को अलर्ट पर रखा था। 12 से 17 अप्रैल के बीच पंजाब, खैबर पख्तूनख्वा, पाकिस्तान के कब्जे वाला कश्मीर और पाकिस्तान के कब्जे वाला गिलगित-बाल्टिस्तान को संवेदनशील क्षेत्र घोषित किया गया था। चेतावनियां समय पर और जिला-स्तर पर जारी की गई थीं, लेकिन इसके बावजूद जो नुकसान हुआ, उसने यह दिखाया कि सिर्फ जानकारी होना ही पर्याप्त नहीं है; उसे प्रभावी तैयारी में बदलना भी जरूरी है।
 

ब्राजील: रियो डी जनेरियो में दो हेलीकॉप्टरों की टक्कर, छह लोगों की मौत
ब्राजील के रियो डी जनेरियो शहर में रविवार सुबह एक बड़ा हादसा हो गया। शहर के पश्चिमी इलाके के ऊपर उड़ रहे दो हेलीकॉप्टर आपस में टकरा गए और दुर्घटनाग्रस्त हो गए। इस हादसे में दोनों हेलीकॉप्टरों में सवार सभी छह लोगों की मौत हो गई। रियो डी जनेरियो के सैन्य अग्निशमन विभाग के अनुसार, टक्कर के बाद एक हेलीकॉप्टर एक कार डीलरशिप पर गिर गया। वहां खड़े कई इलेक्ट्रिक वाहनों में आग लग गई। दमकल कर्मियों ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पा लिया। हादसे के बाद बचाव दल और पुलिस की टीमें तुरंत घटनास्थल पर पहुंचीं। अधिकारियों ने पूरे इलाके को घेरकर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि दोनों हेलीकॉप्टरों की टक्कर किस वजह से हुई। अधिकारियों का कहना है कि दुर्घटना के कारणों का पता लगाने के लिए विस्तृत जांच की जा रही है।

पीओके में बवाल जारी, रावलकोट में हिंसक कार्रवाई दो लोगों की मौत
पाकिस्तान के अवैध कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) के रावलकोट में हालात बेहद तनावपूर्ण हो गए हैं। सुरक्षा बलों की ओर से ईदगाह मैदान में चल रहे एक शांतिपूर्ण धरने को जबरन हटाने के लिए रविवार तड़के की गई कार्रवाई में कम से कम दो लोगों की मौत हो गई है और कई घायल हुए हैं।

जम्मू-कश्मीर ज्वाइंट अवामी एक्शन कमेटी (जेकेजेएएसी) ने एक सोशल मीडिया पोस्ट में यह दावा किया कि सुरक्षाकर्मियों ने कई दिनों से प्रदर्शन कर रहे लोगों पर अचानक बल प्रयोग किया। इसमें दो लोगों की मौत हो गई और 10 से 12 युवा प्रदर्शनकारी गंभीर रूप से घायल हुए हैं। प्रशासन पर अत्यधिक बल प्रयोग का आरोप लगाते हुए संगठन ने कहा कि सुरक्षा बलों की ओर से व्यापक पैमाने पर आंसू गैस के गोले छोड़े जाने के कारण पूरा इलाका धुएं के गुबार में बदल गया।


नेपाली विदेश मंत्री खनाल पहुंचे चीन, द्विपक्षीय संबंधों में सुधार की पहल
नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल चार दिवसीय यात्रा पर रविवार को चीन पहुंचे। उनकी यात्रा को वर्ष की शुरुआत में नेपाल में राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (आरएसपी) की बड़ी चुनावी जीत के बाद दोनों देशों के संबंधों में नए सिरे से सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

खनाल की यह यात्रा उनके भारत दौरे के एक सप्ताह बाद हो रही है। मार्च में आरएसपी की सरकार बनने के बाद यह उनकी पहली भारत यात्रा थी। आरएसपी सरकार बनने के साथ ही नेपाल में एक दशक से अधिक समय के वाम शासन का अंत हो गया था। बीजिंग यात्रा के दौरान खनाल चीनी समकक्ष वांग यी के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे और चीन के वरिष्ठ नेताओं से भी मुलाकात करेंगे। दोनों देशों के विदेश मंत्रालय के अधिकारियों ने इसकी पुष्टि की है। चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता लिन जियान ने शुक्रवार को मीडिया से कहा था, नेपाल के साथ संबंधों को चीन अत्यंत महत्व देता है।

स्विट्जरलैंड: आबादी को एक करोड़ तक सीमित करने का प्रस्ताव खारिज
स्विट्जरलैंड ने रविवार को अपनी जनसंख्या को एक करोड़ तक सीमित करने के जनमत संग्रह प्रस्ताव को खारिज कर दिया। मतदाताओं ने आप्रवासन संबंधी चिंताओं के बजाय आर्थिक स्थिरता और यूरोपीय संघ के साथ देश के संबंधों को प्राथमिकता दी। राष्ट्रीय प्रसारक एसआरएफ की तरफ से प्रकाशित प्रारंभिक अनुमान के अनुसार, लगभग 45 प्रतिशत मतदाता प्रस्ताव के पक्ष में और 55 फीसदी इसके विरोध में थे। इस जनमत संग्रह की तुलना ब्रिटेन के 2016 के ब्रेक्जिट से की गई थी। इससे व्यवसायों में चिंता का माहौल था। उन्हें आशंका थी कि इससे स्विट्जरलैंड और उसके मुख्य व्यापारिक साझेदार यूरोपीय संघ के बीच श्रम की मुक्त आवाजाही समाप्त हो सकती है। दक्षिणपंथी स्विस पीपल्स पार्टी के इस प्रस्ताव में कहा गया था कि 2050 से पहले आबादी एक करोड़ से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। अगर ऐसा लगातार दो साल तक होता है तो स्विट्जरलैंड को यूरोपीय संघ (ईयू) के साथ मुक्त आवाजाही वाले समझौते को खत्म कर देना चाहिए। संघीय सरकार व संसद ने इस विचार का विरोध किया था। पोलिंग फर्म जीएफएस बर्न के उर्स बियरी ने कहा कि यह मतदान सफल नहीं हो पाया। भले ही बहुत लोग बढ़ती आबादी को लेकर चिंतित थे, लेकिन वे इस योजना से सहमत नहीं थे। स्विट्जरलैंड की आबादी 91 लाख हो चुकी है। उसकी आबादी आसपास के ईयू देशों की तुलाना में बहुत तेजी से बढ़ी है। स्विट्जरलैंड में विदेशी आबादी की हिस्सेदारी 28 प्रतिशत है।
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